फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Fatehpur News ›   bindiki baipass

बिंदकी बाईपास निर्माण में रेट का रोड़ा

Tue, 28 Jul 2020 12:57 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 28 Jul 2020 12:57 AM IST
विज्ञापन
bindiki baipass
बिंदकी। पांच किलोमीटर लंबे बिंदकी बाईपास का डेढ़ सौ मीटर का हिस्सा अभी भी अधूरा है। सरकारी दर पर कुछ किसानों द्वारा जमीन देने को तैयार न होने के चलते यह लटका हुआ है। इसके चलते यहां अक्सर जाम की समस्या रहती है।
विज्ञापन

मुख्य व्यवसायिक एवं घनी आबादी वाले नगर के अंदर से मुगल रोड और बांदा सागर हाईवे निकले हुए हैं। यह नगर, कानपुर और बुंदेलखंड को सीधा जोड़ने का काम करता है। जिसमें प्रतिदिन ओवरलोड बड़े वाहनों का बड़ी संख्या में आवागमन होता है। वर्ष 2011 में बसपा शासनकाल में करीब 8 करोड़ रुपए की लागत से 5 किलोमीटर लंबाई का यह बाईपास बनना प्रारंभ हुआ था। इस बाईपास को 2012 निर्माण कार्य पूरा कराने का आदेश पीडब्ल्यूडी को दिया गया था।
विज्ञापन

कार्यदाई संस्था ने तेजी से काम भी किया लेकिन आखिर में रुकावट आ गई। 5 किलोमीटर लंबे बाईपास का निर्माण कराने के लिए बिंदकी, कोहना, जाफराबाद, जनता के 300 से अधिक किसानों की भूमि का बैनामा कराया गया था। इसमें कुछ किसानों से सर्किल रेट पर सहमति न बन पाने के कारण रजिस्ट्री नहीं की। जिस कारण अब महज डेढ़ सौ मीटर की दूरी का निर्माण कार्य पूरा न हो पाने के कारण बाईपास में खर्च हो चुके 7 करोड़ रुपये पर पानी फिरता नजर आ रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

बाईपास का थोड़ा सा काम बाकी होने के कारण यह अभी तक चालू नहीं हो सका है। जिस कारण पहले की तरह बड़े वाहनों का नगर के अंदर से आवागमन होता है। मंगलवार और शुक्रवार का दिन सबसे परेशान करने वाला होता है क्योंकि इस दिन यहां पर साप्ताहिक बाजार भी लगती हैं।
बाईपास का निर्माण अधूरा पड़ा होने की वजह से जाम की समस्या से छुटकारा नहीं मिल पा रहा है। हाईवे में वाहनों की रफ्तार लोगों पर भारी पड़ रही है। सड़क हादसे हो रहे हैं।

पीडब्ल्यूडी के सहायक अभियंता धर्मेंद्र कुमार ने बताया कि कानपुर से भूमि के अधिग्रहण का कार्य चल रहा है। जिसके लिए कमेटी भी चयनित हो चुकी है। कमेटी के स्तर से सर्वे का काम भी किया जा रहा है। 15 दिनों में सर्वे पूरा होने के बाद रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंपी जाएगी। जहां से किसानों को दिए जाने वाले रेट की सहमति बनेगी। जिसके बाद बाईपास का निर्माण पूरा कराया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed