{"_id":"6c47c26b4810abbee36f0619e9a4173b","slug":"end-of-ravana-by-rama-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"राम ने किया रावण का अंत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
राम ने किया रावण का अंत
ब्यूरो/अमर उजाला, फर्रुखाबाद
Updated Fri, 23 Oct 2015 11:02 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फर्रुखाबाद। फतेहगढ़ मिलेट्री ग्राउंड पर भगवान राम और रावण के युद्ध की लीला का शुक्रवार को मंचन हुआ। युद्ध के बाद भगवान राम ने लंकापति रावण का वध किया। रावण के मरते ही जय श्रीराम के जयकारे लगाए गए। सेना और प्रशासनिक अफसरों ने आतिशबाजी का शुभारंभ महताब चलाकर किया। अंत में रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतलों में राम ने तीर चलाकर आग लगाई। आग लगते ही पुतले धूं धूं कर जल उठे।
विज्ञापन
फतेहगढ़ के एमआईसी तिराहा से भगवान राम, लक्ष्मण का रावण और इनकी सेना से युद्ध शुरू हुआ। युद्ध लीला का मंचन करते हुए कलाकार फतेहगढ़ कोतवाली होते हुए चौराहे पर पहुंचे। यहां से मिलेट्री ग्राउंड पर पहुंचने के बाद लक्ष्मण शक्ति, मेघनाद, कुंभकर्ण वध लीला का मंचन हुआ। अंत में राम और लंकापति रावण के युद्ध की लीला का मंचन होने के बाद राम ने रावण का वध कर दिया।
विज्ञापन
रावण के मरते ही भगवान राम और लक्ष्मण के जयकारों से मैदान गूंज उठा। यहां श्रीराम के जयकारे लगाए गए। जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार सिंह, पुलिस अधीक्षक दिनेश कुमार पी, अपर जिलाधिकारी मनोज कुमार सिंघल, राजपूत रेजीमेंटल के डिप्टी कमांडेंट कर्नल मंदीप राठौर, कर्नल नवदीप सिंह चीमा, लेफ्टिनेंट कर्नल गौरव डोगरा, मेजर विक्रम, राजपूत सेंटर के सूबेदार मेजर कैप्टन रामकिशोर, सिखलाई रेजीमेंटल के डिप्टी कमांडेंट कर्नल संदीप चौधरी, एएसपी रामभवन चौरसिया, सीओ सिटी योगेश कुमार ने महताब जलाकर आतिशबाजी का शुभारंभ किया। इसके बाद मैदान में आतिशबाजी चलाई गई। आतिशबाजी का दर्शकों ने आनंद उठाया।
विज्ञापन
मैदान में रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतलों के पास पहुंच कर भगवान राम ने अग्निवाण मारा। पुतलों में आग लगते ही वह धूं धूं कर जल उठे। इस दौरान अपर जिला जज आलोक पांडेय, न्यायिक मजिस्टे्रट मोहम्मद शैफ, महामंत्री पंकज अग्रवाल, कोषाध्यक्ष मुन्नालाल वाष्र्णेय, मनीष अग्रवाल, नरेश चंद्र वर्मा, अवधेश दीक्षित, श्रवण कुमार चक, राजेन्द्र गुप्ता, निशीत सक्सेना, सुनील गुप्ता, कैलाश पुजारी, चमन टंडन, लक्ष्मन टंडन, संजय रस्तोगी, रविन्द्र कुमार वैश्य,मनोज भगोलीवाल, राजीव बाजपेई समेत अन्य पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे।