{"_id":"5c796ccbbdec22093e7c16f4","slug":"171551461579-farrukhabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बाबा वीरेंद्र देव की तलाश में कंपिल आश्रम पहुंची सीबीआई","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
बाबा वीरेंद्र देव की तलाश में कंपिल आश्रम पहुंची सीबीआई
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दिल्ली के रोहिणी स्थित आध्यात्मिक आश्रम में युवतियों व महिलाओं को बंधक बनाकर दुष्कर्म करने के मामले में 15 माह से फरार चल रहे बाबा वीरेंद्र देव दीक्षित की तलाश में सीबीआई टीम गुरुवार दोपहर उसके कंपिल स्थित मुख्यालय पहुंची। सेवादारों ने टीम को आश्रम के ग्राउंड फ्लोर पर ही रोक लिया।
इसके बाद टीम ने ग्राउंड फ्लोर पर ही आश्रम की संवासिनियों से पूछताछ की। सीबीआई की टीम करीब आधा घंटे तक आश्रम के अंदर रही। इसके बाद वापस चली गई।
नई दिल्ली के रोहिणी स्थित आध्यात्मिक आश्रम में किशोरियों व महिलाओं को बंधक बनाकर दुष्कर्म के मामले में आश्रम के स्थापक बाबा वीरेंद्र देव दीक्षित के खिलाफ वहीं मुकदमा दर्ज किया गया था।
इस मामले में दिल्ली की गैर सरकारी संस्था फाउंडेशन फॉर सोशल एंपावरमेंट द्वारा दिल्ली हाईकोर्ट में दायर याचिका में दावा किया गया था कि आध्यात्मिक शिक्षा के नाम पर आश्रम में किशोरियों को बंधक बनाया जा रहा है। उन्हें उनके परिजनों से भी नहीं मिलने दिया जा रहा है। याचिका पर सुनवाई के बाद पीठ ने इस मामले में सीबीआई को विशेष जांच टीम बनाकर जांच के आदेश दिए थे।
विज्ञापन
इसके बाद सीबीआई ने दिसंबर 2017 में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की थी, तभी से देश के कई प्रांतों में फैले वीरेंद्र देव दीक्षित के ठिकाने सीबीआई की जांच के घेरे में हैं। आश्रमों का संस्थापक बाबा वीरेंद्र देव दीक्षित भी भूमिगत है। बाबा वीरेंद्र देव की तलाश में गुरुवार दोपहर को दिल्ली से सीबीआई के हेड कांस्टेबल राजेंद्र प्रसाद व कांस्टेबल अजय सिंह कंपिल थाने पहुंचे। वहां उन्होंने इंस्पेक्टर को मामले की जानकारी दी।
इसके बाद स्थानीय पुलिस के साथ वह कंपिल के गंगा रोड स्थित बाबा वीरेंद्र देव के कंपिल स्थित आश्रम पहुंचे। टीम मुख्य गेट खुलवाकर आश्रम में गई। आश्रम के सेवादारों ने टीम को ग्राउंड फ्लोर पर ही रोक दिया। आश्रम की करीब आधा दर्जन संवासिनियां सीबीआई के सामने आईं।
इसके बाद सीबीआई की टीम ने ग्राउंड फ्लोर पर ही बैठकर संवासिनियों से आश्रम की गतिविधियों के बारे व बाबा वीरेंद्र देव के बारे में पूछताछ की। इसके बाद टीम चली गई।
आश्रम के सेवादारों ने बताया सीबीआई की टीम आई थी। टीम सामान्य पूछताछ की। बतातें चले कि वीरेंद्र देव की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने कंपिल व फर्रुखाबाद के सिकत्तरबाग स्थित आश्रमों पर 23 दिसंबर 2017 को छापे मारे थे। महिला आयोग की टीम भी जांच कर चुकी है।
आश्रमों के सीबीआई के घेरे में आने के बाद से कंपिल स्थित मुख्यालय में सतर्कता बढ़ा दी गई है। आश्रम का मुख्य गेट बंद रहता है। रजिस्टर में एंट्री के बाद ही अंदर प्रवेश दिया जाता है। कंपिल थाना प्रभारी निरीक्षक जेएल सोनकर ने बताया कि सीबीआई के दो सदस्यीय टीम बाबा वीरेंद्र देव की तलाश में आए थे।
उन्होंने वीरेंद्र देव के आश्रम पहुंचकर पूछताछ की। वह लोग पहले भी आश्रम पर बाबा की तलाश में आ चुके हैं।
वीरेंद्र देव की तलाश में कंपिल आश्रम पहुंची सीबीआई
15 माह से फरार है बाबा वीरेंद्र देव दीक्षित
टीम ने आधे घंटे तक संवासिनियों से पूछताछ की
विज्ञापन
इसके बाद टीम ने ग्राउंड फ्लोर पर ही आश्रम की संवासिनियों से पूछताछ की। सीबीआई की टीम करीब आधा घंटे तक आश्रम के अंदर रही। इसके बाद वापस चली गई।
नई दिल्ली के रोहिणी स्थित आध्यात्मिक आश्रम में किशोरियों व महिलाओं को बंधक बनाकर दुष्कर्म के मामले में आश्रम के स्थापक बाबा वीरेंद्र देव दीक्षित के खिलाफ वहीं मुकदमा दर्ज किया गया था।
विज्ञापन
इस मामले में दिल्ली की गैर सरकारी संस्था फाउंडेशन फॉर सोशल एंपावरमेंट द्वारा दिल्ली हाईकोर्ट में दायर याचिका में दावा किया गया था कि आध्यात्मिक शिक्षा के नाम पर आश्रम में किशोरियों को बंधक बनाया जा रहा है। उन्हें उनके परिजनों से भी नहीं मिलने दिया जा रहा है। याचिका पर सुनवाई के बाद पीठ ने इस मामले में सीबीआई को विशेष जांच टीम बनाकर जांच के आदेश दिए थे।
विज्ञापन
इसके बाद सीबीआई ने दिसंबर 2017 में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की थी, तभी से देश के कई प्रांतों में फैले वीरेंद्र देव दीक्षित के ठिकाने सीबीआई की जांच के घेरे में हैं। आश्रमों का संस्थापक बाबा वीरेंद्र देव दीक्षित भी भूमिगत है। बाबा वीरेंद्र देव की तलाश में गुरुवार दोपहर को दिल्ली से सीबीआई के हेड कांस्टेबल राजेंद्र प्रसाद व कांस्टेबल अजय सिंह कंपिल थाने पहुंचे। वहां उन्होंने इंस्पेक्टर को मामले की जानकारी दी।
इसके बाद स्थानीय पुलिस के साथ वह कंपिल के गंगा रोड स्थित बाबा वीरेंद्र देव के कंपिल स्थित आश्रम पहुंचे। टीम मुख्य गेट खुलवाकर आश्रम में गई। आश्रम के सेवादारों ने टीम को ग्राउंड फ्लोर पर ही रोक दिया। आश्रम की करीब आधा दर्जन संवासिनियां सीबीआई के सामने आईं।
इसके बाद सीबीआई की टीम ने ग्राउंड फ्लोर पर ही बैठकर संवासिनियों से आश्रम की गतिविधियों के बारे व बाबा वीरेंद्र देव के बारे में पूछताछ की। इसके बाद टीम चली गई।
आश्रम के सेवादारों ने बताया सीबीआई की टीम आई थी। टीम सामान्य पूछताछ की। बतातें चले कि वीरेंद्र देव की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने कंपिल व फर्रुखाबाद के सिकत्तरबाग स्थित आश्रमों पर 23 दिसंबर 2017 को छापे मारे थे। महिला आयोग की टीम भी जांच कर चुकी है।
आश्रमों के सीबीआई के घेरे में आने के बाद से कंपिल स्थित मुख्यालय में सतर्कता बढ़ा दी गई है। आश्रम का मुख्य गेट बंद रहता है। रजिस्टर में एंट्री के बाद ही अंदर प्रवेश दिया जाता है। कंपिल थाना प्रभारी निरीक्षक जेएल सोनकर ने बताया कि सीबीआई के दो सदस्यीय टीम बाबा वीरेंद्र देव की तलाश में आए थे।
उन्होंने वीरेंद्र देव के आश्रम पहुंचकर पूछताछ की। वह लोग पहले भी आश्रम पर बाबा की तलाश में आ चुके हैं।
वीरेंद्र देव की तलाश में कंपिल आश्रम पहुंची सीबीआई
15 माह से फरार है बाबा वीरेंद्र देव दीक्षित
टीम ने आधे घंटे तक संवासिनियों से पूछताछ की