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रिश्वत का आडियो वायरल होने में इंस्पेक्टर को प्रतिकूल प्रविष्टर
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फर्रुखाबाद। रिश्वत लेने के वायरल हुए ऑडियो की जांच में दोषी पाए जाने पर कायमगंज कोतवाली में तैनात इंस्पेक्टर को एसपी ने प्रतिकूल प्रविष्टि दी है। इससे अब वह चार्ज लेने की दौड़ से बाहर हो सकते हैं।
तत्कालीन राजेपुर एसओ जयंती प्रसाद गंगवार इन दिनों कायमगंज कोतवाली में तैनात हैं। एक ग्रामीण ने नवंबर 2020 को उनसे बातचीत में साठ हजार रुपये घूस मांगने का ऑडियो वायरल कर दिया था। मामले में कांग्रेस के जिलाध्यक्ष विजय कटियार ने प्रदर्शन कर विरोध जताया था। इंस्पेक्टर की शिकायत शासन में की गई थी। तत्कालीन डीजीपी ने आईजी जोन मोहित अग्रवाल को मामले में जांच
कर कार्रवाई करने के आदेश दिए थे। आईजी की जांच में ऑडियो में हुई बातचीत के अलावा ग्रामीण के बयान भी दर्ज किए गए। जांच में दोषी पाए जाने पर इंस्पेक्टर जयंती प्रसाद गंगवार को एसपी अशोक कुमार मीणा ने प्रतिकूल प्रविष्टि दी है। इससे इंस्पेक्टर तीन वर्ष तक थाने व कोतवाली का चार्ज पाने से वंचित रह सकते हैं। वह उच्चाधिकारियों से अपील व हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटा सकते हैं।
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तत्कालीन राजेपुर एसओ जयंती प्रसाद गंगवार इन दिनों कायमगंज कोतवाली में तैनात हैं। एक ग्रामीण ने नवंबर 2020 को उनसे बातचीत में साठ हजार रुपये घूस मांगने का ऑडियो वायरल कर दिया था। मामले में कांग्रेस के जिलाध्यक्ष विजय कटियार ने प्रदर्शन कर विरोध जताया था। इंस्पेक्टर की शिकायत शासन में की गई थी। तत्कालीन डीजीपी ने आईजी जोन मोहित अग्रवाल को मामले में जांच
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कर कार्रवाई करने के आदेश दिए थे। आईजी की जांच में ऑडियो में हुई बातचीत के अलावा ग्रामीण के बयान भी दर्ज किए गए। जांच में दोषी पाए जाने पर इंस्पेक्टर जयंती प्रसाद गंगवार को एसपी अशोक कुमार मीणा ने प्रतिकूल प्रविष्टि दी है। इससे इंस्पेक्टर तीन वर्ष तक थाने व कोतवाली का चार्ज पाने से वंचित रह सकते हैं। वह उच्चाधिकारियों से अपील व हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटा सकते हैं।
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