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देसी गाय का ज्यादा दूध उत्पादन करने वाले को मिलेगा पुरस्कार
Updated Wed, 21 Nov 2018 11:35 PM IST
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फर्रुखाबाद। देसी गाय के सर्वाधिक दूध उत्पादकों को नंद बाबा पुरस्कार दिया जाएगा। यह पुरस्कार ब्लाक, जिला व राज्य स्तर पर मिलेगा। इनकी राशि अलग-अलग निर्धारित की गई है। हाल ही में प्रमुख सचिव दुग्ध विकास डा. सुधीर एम बोबड़े ने शासनादेश जारी किया है।
दुग्ध उत्पादकों के बीच प्रतिस्पर्धा पैदा करने और देसी गाय पालन को प्रेरित करने के लिए नंद बाबा पुरस्कार की शुरुआत की गई है। यह पुरस्कार सहकारी दुग्ध समिति के सदस्य को ब्लाक, जिला एवं प्रदेश स्तर पर दिया जाएगा। इसके लिए क्रमश: 51 सौ, 21 हजार व 51 हजार की धनराशि, प्रमाणपत्र व प्रतीक चिह्न प्रदान किया जाएगा। जिन उत्पादकों को जिला स्तर का पुरस्कार मिलेगा, उन्हें ब्लाक का पुरस्कार नहीं दिया जाएगा। इसी तरह प्रदेश स्तर के पुरस्कार विजेता को जिला स्तर का पुरस्कार नहीं मिलेगा। पुरस्कार के लिए तीनों स्तर पर अलग-अलग समिति का गठन किया जाएगा।
ब्लाक स्तरीय चयन समिति
ब्लाक स्तरीय पुरस्कार के लिए चार सदस्यीय चयन समिति बनेगी। इसमें संबंधित बीडीओ अध्यक्ष, विकास खंड पर तैनात पशु चिकित्साधिकारी, उप दुग्धशाला विकास अधिकारी और दुग्ध संघ के स्थानीय प्रभारी सदस्य रहेंगे।
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जिला स्तरीय चयन समिति
जिला स्तरीय पुरस्कार समिति में सीडीओ अध्यक्ष, दुग्ध संघ की इकाइयों के सदस्य सचिव रहेंगे।
जिले में एक लाख से ज्यादा गाय
वर्ष 2012 की पशु गणना के अनुसार जिले में एक लाख 12 हजार 816 गाय हैं। इसमें 78973 देसी गाय व 33843 क्रासब्रीड हैं। अब जल्द ही दोबारा पशु गणना शुरू कराई जाएगी।
क्या कहते हैं जिम्मेदार
देसी गाय के दूध का ज्यादा उत्पादन हो इसके लिए सरकार यह योजना लाई है। इसमें मानक के अनुसार दूध देने वालों को शामिल किया जाएगा। - राजकिशोर सिंह, मुख्य पशुचिकित्साधिकारी
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दुग्ध उत्पादकों के बीच प्रतिस्पर्धा पैदा करने और देसी गाय पालन को प्रेरित करने के लिए नंद बाबा पुरस्कार की शुरुआत की गई है। यह पुरस्कार सहकारी दुग्ध समिति के सदस्य को ब्लाक, जिला एवं प्रदेश स्तर पर दिया जाएगा। इसके लिए क्रमश: 51 सौ, 21 हजार व 51 हजार की धनराशि, प्रमाणपत्र व प्रतीक चिह्न प्रदान किया जाएगा। जिन उत्पादकों को जिला स्तर का पुरस्कार मिलेगा, उन्हें ब्लाक का पुरस्कार नहीं दिया जाएगा। इसी तरह प्रदेश स्तर के पुरस्कार विजेता को जिला स्तर का पुरस्कार नहीं मिलेगा। पुरस्कार के लिए तीनों स्तर पर अलग-अलग समिति का गठन किया जाएगा।
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ब्लाक स्तरीय चयन समिति
ब्लाक स्तरीय पुरस्कार के लिए चार सदस्यीय चयन समिति बनेगी। इसमें संबंधित बीडीओ अध्यक्ष, विकास खंड पर तैनात पशु चिकित्साधिकारी, उप दुग्धशाला विकास अधिकारी और दुग्ध संघ के स्थानीय प्रभारी सदस्य रहेंगे।
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जिला स्तरीय चयन समिति
जिला स्तरीय पुरस्कार समिति में सीडीओ अध्यक्ष, दुग्ध संघ की इकाइयों के सदस्य सचिव रहेंगे।
जिले में एक लाख से ज्यादा गाय
वर्ष 2012 की पशु गणना के अनुसार जिले में एक लाख 12 हजार 816 गाय हैं। इसमें 78973 देसी गाय व 33843 क्रासब्रीड हैं। अब जल्द ही दोबारा पशु गणना शुरू कराई जाएगी।
क्या कहते हैं जिम्मेदार
देसी गाय के दूध का ज्यादा उत्पादन हो इसके लिए सरकार यह योजना लाई है। इसमें मानक के अनुसार दूध देने वालों को शामिल किया जाएगा। - राजकिशोर सिंह, मुख्य पशुचिकित्साधिकारी