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मेरापुर में दो बहनों की बुखार और शमसाबाद में पूर्व प्रधान की मौत
Updated Tue, 02 Oct 2018 12:08 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
संकिसा (फर्रुखाबाद)। 24 घंटे के अंदर पूर्व प्रधान और दो बहनों की बुखार से मौत हो गई। इससे परिवार के लोग सदमे में हैं। बहने मेरापुर थाना क्षेत्र के गांव पिलखाना की निवासी थी तो पूर्व प्रधान शमसाबाद के अलेपुर निवासी थे।
मेरापुर थाना क्षेत्र के गांव पिलखाना निवासी देवेंद्र प्रजापति की बेटी माला (13) और डोली (8) को पांच दिन से बुखार आ रहा था। परिवार वाले इनका झोलाछाप से इलाज करा रहे थे। सोमवार सुबह माला की घर पर ही मौत हो गई। परिवार वालों ने उसका अंतिम संस्कार कर दिया। शाम को डोली की हालत खराब हो गई। इस पर परिवार के लोग उसे नवाबगंज के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए। वहां इलाज के दौरान उसकी भी मौत हो गई। यह देखकर मां गंगा देवी का रो रोकर बुरा हाल हो गया। दोनों बेटियों की मौत पर वह बेहोश हो गई। परिवार के अन्य लोगों ने जैसे तैसे उसे होश में लेकर आए। देवेंद्र के दो बेटियां थी। उसके एक बेटा गौरव और दूसरा रिषभ है। परिजनों ने बताया कि माला कक्षा छह और डोली कक्षा दो में पढ़ती थीं। प्रधान सुनील कुमार ने बताया कि दोनों बहनों की मौत बुखार से हो गई।
शमसाबाद प्रधिनिधि के अनुसार गांव अलेपुर निवासी पूर्व प्रधान घनश्याम (54) को चार दिन से बुखार आ रहा था। परिवार वालों ने उनका इलाज कराया। सुधार न होने पर परिवार के लोग घनश्याम को आगरा ले गए। वहां इलाज के दौरान रविवार रात मौत हो गई। परिवार वाले शव को गांव ले आए। इसकी सूचना पर कायमगंज विधायक अमर सिंह खटिक, शमसाबाद के पूर्व चेयरमैन विजय गुप्ता, सपा जिलाध्यक्ष नदीप अहमद फारुकी समेत अन्य लोगों ने पूर्व प्रधान के घर जाकर ढांढस बंधाया।
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संकिसा (फर्रुखाबाद)। 24 घंटे के अंदर पूर्व प्रधान और दो बहनों की बुखार से मौत हो गई। इससे परिवार के लोग सदमे में हैं। बहने मेरापुर थाना क्षेत्र के गांव पिलखाना की निवासी थी तो पूर्व प्रधान शमसाबाद के अलेपुर निवासी थे।
मेरापुर थाना क्षेत्र के गांव पिलखाना निवासी देवेंद्र प्रजापति की बेटी माला (13) और डोली (8) को पांच दिन से बुखार आ रहा था। परिवार वाले इनका झोलाछाप से इलाज करा रहे थे। सोमवार सुबह माला की घर पर ही मौत हो गई। परिवार वालों ने उसका अंतिम संस्कार कर दिया। शाम को डोली की हालत खराब हो गई। इस पर परिवार के लोग उसे नवाबगंज के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए। वहां इलाज के दौरान उसकी भी मौत हो गई। यह देखकर मां गंगा देवी का रो रोकर बुरा हाल हो गया। दोनों बेटियों की मौत पर वह बेहोश हो गई। परिवार के अन्य लोगों ने जैसे तैसे उसे होश में लेकर आए। देवेंद्र के दो बेटियां थी। उसके एक बेटा गौरव और दूसरा रिषभ है। परिजनों ने बताया कि माला कक्षा छह और डोली कक्षा दो में पढ़ती थीं। प्रधान सुनील कुमार ने बताया कि दोनों बहनों की मौत बुखार से हो गई।
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शमसाबाद प्रधिनिधि के अनुसार गांव अलेपुर निवासी पूर्व प्रधान घनश्याम (54) को चार दिन से बुखार आ रहा था। परिवार वालों ने उनका इलाज कराया। सुधार न होने पर परिवार के लोग घनश्याम को आगरा ले गए। वहां इलाज के दौरान रविवार रात मौत हो गई। परिवार वाले शव को गांव ले आए। इसकी सूचना पर कायमगंज विधायक अमर सिंह खटिक, शमसाबाद के पूर्व चेयरमैन विजय गुप्ता, सपा जिलाध्यक्ष नदीप अहमद फारुकी समेत अन्य लोगों ने पूर्व प्रधान के घर जाकर ढांढस बंधाया।
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