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कई गांवों में घुसा पानी, फसलें भी डूबीं
Updated Sat, 05 Aug 2017 11:52 PM IST
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कई गांवों में घुसा पानी, फसलें भी डूबीं
अमृतपुर। गंगा का जलस्तर बढ़ने से शनिवार को तहसील क्षेत्र के एक दर्जन से ज्यादा गांवों में पानी घुस गया। इसके साथ ही ग्रामीणों की फसलें भी डूब गईं। तहसील प्रशासन ने मंझा की मढ़ैया में दो नावें आवागमन के लिए चलवा दी हैं।
लगातार बढ़ रहे गंगा के जलस्तर के चलते गांव गौटिया, जोगराजपुर, बरुआ, बमियारी, लायकपुर, कुसमापुर, भाऊपुर चौरासी, मंझा की मढ़ैया, फकरपुर, करनपुर घाट, कुड़री सारंगपुर, जटपुरा कैलियाई, सुंदरपुर, नगला दुर्गू, सवितापुर और ऊगरपुर आदि गांवों के अंदर तक पानी घुस आया है। इसके साथ ही गन्ना, धान, उरद और मूंग की फसलें भी बाढ़ में डूब गईं हैं।
बबलू, जगदीश, विपिन कुमार, राजाराम और बच्चू आदि ग्रामीणों का कहना है कि अगर इसी तरह जलस्तर बढ़ता रहा तो घरों के अंदर भी पानी घुस जाएगा। उन्होंने बताया कि फसलें डूबने से उन्हें काफी नुकसान होगा। वहीं, तहसीलदार शेख आलम गीर ने बताया कि बाढ़ को देखते हुए मंझा की मढ़ैया में दो नावें चलवा दी गई हैं।
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कायमगंज (ब्यूरो)। गंगा का पानी चौखड़िया, पचरौली, अकाखेड़ा, गंडुआ में घुस गया है। इससे गांव में हाहाकार मचा है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में नारकीय स्थिति हो गई है। धूप निकलने व पानी भरा रहने से संक्रामक रोग फैलने की आशका है। सिनौली, महमदीपुर गांव के पास भी पानी पहुंच गया है। गांव के लोगों का कहना है कि यदि इसी तरह जलस्तर बढ़ता रहा तो समस्या और बढ़ेगी। खेतों में भी पानी घुस गया है। इससे फसलें भी बर्बाद हो रही हैं। तहसीलदार गजेंद्र सिंह ने बताया कि वह लगातार राजस्व टीम से जानकारी ले रहे हैं। अभी आबादी क्षेत्र में पानी नहीं आया है।
- मंझा की मढ़ैया में तहसील प्रशासन ने चलवाईं दो नावें
अमर उजाला ब्यूरो
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अमृतपुर। गंगा का जलस्तर बढ़ने से शनिवार को तहसील क्षेत्र के एक दर्जन से ज्यादा गांवों में पानी घुस गया। इसके साथ ही ग्रामीणों की फसलें भी डूब गईं। तहसील प्रशासन ने मंझा की मढ़ैया में दो नावें आवागमन के लिए चलवा दी हैं।
लगातार बढ़ रहे गंगा के जलस्तर के चलते गांव गौटिया, जोगराजपुर, बरुआ, बमियारी, लायकपुर, कुसमापुर, भाऊपुर चौरासी, मंझा की मढ़ैया, फकरपुर, करनपुर घाट, कुड़री सारंगपुर, जटपुरा कैलियाई, सुंदरपुर, नगला दुर्गू, सवितापुर और ऊगरपुर आदि गांवों के अंदर तक पानी घुस आया है। इसके साथ ही गन्ना, धान, उरद और मूंग की फसलें भी बाढ़ में डूब गईं हैं।
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बबलू, जगदीश, विपिन कुमार, राजाराम और बच्चू आदि ग्रामीणों का कहना है कि अगर इसी तरह जलस्तर बढ़ता रहा तो घरों के अंदर भी पानी घुस जाएगा। उन्होंने बताया कि फसलें डूबने से उन्हें काफी नुकसान होगा। वहीं, तहसीलदार शेख आलम गीर ने बताया कि बाढ़ को देखते हुए मंझा की मढ़ैया में दो नावें चलवा दी गई हैं।
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कायमगंज (ब्यूरो)। गंगा का पानी चौखड़िया, पचरौली, अकाखेड़ा, गंडुआ में घुस गया है। इससे गांव में हाहाकार मचा है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में नारकीय स्थिति हो गई है। धूप निकलने व पानी भरा रहने से संक्रामक रोग फैलने की आशका है। सिनौली, महमदीपुर गांव के पास भी पानी पहुंच गया है। गांव के लोगों का कहना है कि यदि इसी तरह जलस्तर बढ़ता रहा तो समस्या और बढ़ेगी। खेतों में भी पानी घुस गया है। इससे फसलें भी बर्बाद हो रही हैं। तहसीलदार गजेंद्र सिंह ने बताया कि वह लगातार राजस्व टीम से जानकारी ले रहे हैं। अभी आबादी क्षेत्र में पानी नहीं आया है।
- मंझा की मढ़ैया में तहसील प्रशासन ने चलवाईं दो नावें
अमर उजाला ब्यूरो