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सीवर लाइन डाली, कनेक्शन के लाले
ब्यूरो/अमर उजाला, इटावा
Updated Mon, 09 Feb 2015 11:45 PM IST
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सीवर प्रोजेक्ट का फर्स्ट फेज तैयार हुए लंबा समय गुजर चुका है। पांच माह पहले पालिका की बोर्ड बैठक में सीवर लाइन उसे हैंडओवर भी कर दी गई। बोर्ड की बैठक में लाइन से सौ मीटर की दूरी पर बने सभी मकानों के लिए सीवर का कनेक्शन लेना अनिवार्य कर दिया गया था। टैक्स की दरें भी तय कर दी गई थीं। लेकिन अभी तक कोई स्वेच्छा से कनेक्शन लेने के लिए नहीं आया और न इस दिशा में पालिका ने कोई कार्ययोजना तैयार की।
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शहर को गंदगी से निजात दिलाने के लिए सीवर लाइन की सौगात देने की योजना करीब सात साल पहले तैयार की गई थी। 135 करोड़ रुपये की लागत से फर्स्ट फेज के तहत निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। कार्य पूरा होने के बाद नगर पालिका ने जल निगम से सीवर लाइन हैंडओवर कर ली।
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कटरा बलसिंह प्रथम, गाड़ीपुरा, मेवाती टोला, पुरबिया टोला नाला पार, शाहग्रान, घटिया अजमत अली द्वितीय, चौगुर्जी, मकसूदपुरा, छिपैटी, बेरून टोला, पथवरिया, सिविल लाइन द्वितीय, उर्दू मोहल्ला, कटरा बल सिंह द्वितीय, पुरबिया टोला पंजाबा में सीवर लाइन डालने का काम पूरा कर लिया गया है।
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सीवर लाइन से जो मकान सौ मीटर की दूरी पर हैं उनके लिए कनेक्शन अनिवार्य है। नगर पालिका के प्लंबर ही कनेक्शन करेंगे। इसके बाद भवन के वार्षिक मूल्यांकन का तीन प्रतिशत सीवर कर के रूप में हर साल देना होगा। उमरैन गांव के पास सीवर प्लांट भी बनाया गया है।
कुछ लोग कनेक्शन लेने के लिए तैयार हैं लेकिन कुछ ऐसे हैं जो नगर पालिका के निर्णय को तुगलकी फरमान मान रहे हैं। आज हालात ऐसे हैं कि करोड़ों रुपये खर्च होने के बाद भी शहर को गंदगी से निजात नहीं मिल पा रही है।
ऐसे तय होगी रेंटल वैल्यू
मान लो आपके मकान की कीमत 10 लाख रुपये है तो आपके मकान की रेंटल वैल्यू नगर पालिका के द्वारा पांच प्रतिशत के आधार पर 50 हजार रुपये वार्षिक रखी जाएगी। रेंटल वैल्यू का तीन प्रतिशत यानि 15 सौ रुपए आपको सीवर टैक्स के रूप में नगर पालिका के खाते में जमा करने हाेंगे। यदि आपने कनेक्शन नहीं लिया है और आपका मकान सौ मीटर के दायरे में है तो भी आपको सीवर टैक्स अदा करना ही होगा।
नालों में बहाई जा रही है गंदगी
शहर में बड़ी संख्या में ऐसे शौचालय हैं जो सीधे नाले नालियों में मिले हैं। नाला के ओवरफ्लो होने पर या बरसात के समय गंदगी सड़क पर आ जाती है और आसपास के क्षेत्र मेें संक्रामक बीमारियां फै लने का खतरा बन जाता है।
सेकेंड फेज पर खर्च हाेंगे 366 करोड़
सीवर प्रोजेक्ट के फर्स्ट फेज पर 135 क रोड़ खर्च हो चुके हैं। पुराना शहर लगभग कवर हो चुका है। अब सेकेेंड फे ज के लिए कार्य योजना तैयार की जा चुकी है। इसके लिए केंद्र सरकार से 366 करोड़ रुपये मंजूर कि ए गए हैं। सेकेंड फेज में लाइनपार क्षेत्र क ो सीवर लाइन से जोड़ा जाएगा।
क्या करना होगा कनेक्शन लेने के लिए
मकान नगर पालिका परिषद में पंजीकृत होना चाहिए या आपके द्वारा हाउस टैक्स का भुगतान किया जाता हो।
100 रुपए आवेदन शुल्क के रूप में अदा करने होंगे। आवेदन भर कर नगर पालिका में जमा करना होगा।
जमानत एवं सुपरविजन चार्ज के रूप में 2500 रुपए जमा करने होंगे।
रोड कटिंग शुल्क अलग से अदा करना होगा।