{"_id":"5c2e538dbdec2256b73ef5fe","slug":"schoolgirl-gets-ill-death-at-home","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्कूल में छात्रा हुई बीमार, घर पर मौत","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
स्कूल में छात्रा हुई बीमार, घर पर मौत
Thu, 03 Jan 2019 11:55 PM IST
प्रतीक दुबे
अमर उजाला, इटावा
अमर उजाला, इटावा
Published by: प्रतीक दुबे
Updated Thu, 03 Jan 2019 11:55 PM IST
विज्ञापन
छात्रा की फाइल फोटो
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चौबिया थाना क्षेत्र के अंतर्गत गांव राहिन स्थित डॉ. भीम राव आंबेडकर इंटर कालेज में पढ़ने के लिए गई एक छात्रा के पेट में अचानक दर्द उठा। जानकारी पर टीचरों ने उसे घर भिजवा दिया लेकिन, जब तक उसके पिता डॉक्टर को लेकर आते तब तक छात्रा की मौत हो गई। छात्रा की मौत होने से पूरे परिवार में कोहराम मच गया। मृतका के पिता ने बताया कि उसकी पुत्री के पहली बार ऐसा दर्द हुआ था।
क्षेत्र के गांव राहिन निवासी कौशल किशोर पाल की 17 वर्षीय पुत्री कविता कुमारी गांव के डॉ. भीम राव आंबेडकर इंटर कालेज में इंटर की छात्रा थी। गुरुवार को सुबह साढ़े नौ बजे वह सहेलियों के साथ स्कूल गई थी। वह प्रार्थना कर रही थी तभी अचानक उसके पेट में दर्द होने लगा। उसने इसकी जानकारी अपने क्लास टीचर को दी। दर्द होने की जानकारी होने पर क्लास टीचर ने उसे सहेलियों के साथ घर भेज दिया। कविता घर पहुंची और परिजनों को पेट दर्द की बात बताई । बाद में वह बेहोश हो गई।
उसके पिता प्राइवेट डॉक्टर को लेने के लिए चले गए लेकिन तब तक कविता की मौत हो गई। कविता की मौत हो जाने से परिवार में कोहराम मच गया। कविता अपने तीन भाइयों के बीच अकेली बहन थी। कविता के पिता कौशल ने बताया कि कविता को अभी तक कोई परेशानी नही हुई थी पहली बार पेट में दर्द हुआ जो मौत का कारण बन बन गया। उसे पहले दर्द होता तो वह उसका इलाज कराते। परिजनों ने उसका पोस्टमार्टम नहीं कराया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
क्षेत्र के गांव राहिन निवासी कौशल किशोर पाल की 17 वर्षीय पुत्री कविता कुमारी गांव के डॉ. भीम राव आंबेडकर इंटर कालेज में इंटर की छात्रा थी। गुरुवार को सुबह साढ़े नौ बजे वह सहेलियों के साथ स्कूल गई थी। वह प्रार्थना कर रही थी तभी अचानक उसके पेट में दर्द होने लगा। उसने इसकी जानकारी अपने क्लास टीचर को दी। दर्द होने की जानकारी होने पर क्लास टीचर ने उसे सहेलियों के साथ घर भेज दिया। कविता घर पहुंची और परिजनों को पेट दर्द की बात बताई । बाद में वह बेहोश हो गई।
विज्ञापन
उसके पिता प्राइवेट डॉक्टर को लेने के लिए चले गए लेकिन तब तक कविता की मौत हो गई। कविता की मौत हो जाने से परिवार में कोहराम मच गया। कविता अपने तीन भाइयों के बीच अकेली बहन थी। कविता के पिता कौशल ने बताया कि कविता को अभी तक कोई परेशानी नही हुई थी पहली बार पेट में दर्द हुआ जो मौत का कारण बन बन गया। उसे पहले दर्द होता तो वह उसका इलाज कराते। परिजनों ने उसका पोस्टमार्टम नहीं कराया है।
विज्ञापन