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Etah News: पशु चिकित्सक और बीमा कंपनी पशुपालक को देगी 57 हजार रुपये
Fri, 24 May 2024 09:46 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
Updated Fri, 24 May 2024 09:46 PM IST
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मैनपुरी। बीमित भैंस मरने के बाद महिला पशुपालक द्वारा दायर की गई याचिका पर जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने पशु चिकित्साधिकारी को पीड़िता को 45 दिन के अंदर 10 हजार रुपया छह प्रतिशत ब्याज सहित देने के आदेश दिए हैं। बीमा की धनराशि सहित कुल 47 हजार रुपया 45 दिन में पशुपालक को देने का आदेश नेशनल इंश्योरेंस कंपनी के शाखा प्रबंधक सहित पशु चिकित्साधिकारी को दिया है। यह धनराशि भी छह प्रतिशत वार्षिक ब्याज सहित देनी होगी।
तहसील घिरोर के गांव अटा हरैना नवाटेढ़ा की रहने वाली महिला पशुपालक मीरादेवी ने एक भैंस का 50 हजार का बीमा पशुधन बीमा योजना के तहत नेशनल इंश्योरेंस कंपनी से कराया था। बीमार होने पर उपचार कराने के बाद 16 मई 2019 को बीमित भैंस बीमारी के चलते मर गई। मीरादेवी ने क्लेम पाने के लिए शिकायत की लेकिन कार्रवाई तो दूर उसकी शिकायत पर सुनवाई तक नहीं की गई। मीरादेवी ने बीमा की धनराशि दिलाने के लिए जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग में पशु चिकित्साधिकारी पशु चिकित्सालय नवाटेढ़ा डॉक्टर संजीव शर्मा, नेशनल इंश्योरेंस कंपनी के शाखा प्रबंधक के खिलाफ याचिका दायर की।
उपभोक्ता आयोग में मीरादेवी प्रमाण भी प्रस्तुत किए। नेशनल इंश्योरेंस कंपनी ने आयोग में अपना पक्ष रखा। जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के अध्यक्ष शशिभूषण पांडेय, सदस्य नंद कुमार ने दोनों पक्षों को सुना। सुनवाई करने के बाद आयोग द्वारा सुनाए गए निर्णय में कहा गया कि पशु चिकित्साधिकारी पीडि़ता को 45 दिन के अंदर 10 हजार रुपया छह प्रतिशत ब्याज सहित देंगे। बीमा की शेष धनराशि 40 हजार रुपया सहित कुल 47 हजार रुपया 45 दिन में पशुपालक अलग से देने होंगे।
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तहसील घिरोर के गांव अटा हरैना नवाटेढ़ा की रहने वाली महिला पशुपालक मीरादेवी ने एक भैंस का 50 हजार का बीमा पशुधन बीमा योजना के तहत नेशनल इंश्योरेंस कंपनी से कराया था। बीमार होने पर उपचार कराने के बाद 16 मई 2019 को बीमित भैंस बीमारी के चलते मर गई। मीरादेवी ने क्लेम पाने के लिए शिकायत की लेकिन कार्रवाई तो दूर उसकी शिकायत पर सुनवाई तक नहीं की गई। मीरादेवी ने बीमा की धनराशि दिलाने के लिए जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग में पशु चिकित्साधिकारी पशु चिकित्सालय नवाटेढ़ा डॉक्टर संजीव शर्मा, नेशनल इंश्योरेंस कंपनी के शाखा प्रबंधक के खिलाफ याचिका दायर की।
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उपभोक्ता आयोग में मीरादेवी प्रमाण भी प्रस्तुत किए। नेशनल इंश्योरेंस कंपनी ने आयोग में अपना पक्ष रखा। जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के अध्यक्ष शशिभूषण पांडेय, सदस्य नंद कुमार ने दोनों पक्षों को सुना। सुनवाई करने के बाद आयोग द्वारा सुनाए गए निर्णय में कहा गया कि पशु चिकित्साधिकारी पीडि़ता को 45 दिन के अंदर 10 हजार रुपया छह प्रतिशत ब्याज सहित देंगे। बीमा की शेष धनराशि 40 हजार रुपया सहित कुल 47 हजार रुपया 45 दिन में पशुपालक अलग से देने होंगे।
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