{"_id":"66a55eae8a67d4bb550890e4","slug":"prices-changed-as-soon-as-it-rained-peanuts-came-from-rs-4000-to-rs-3200-etah-news-c-163-1-sagr1018-120431-2024-07-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Etah News: बारिश होते ही बदले भाव, 4000 से 3200 पर आई मूंगफली","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Etah News: बारिश होते ही बदले भाव, 4000 से 3200 पर आई मूंगफली
Sun, 28 Jul 2024 02:25 AM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
Updated Sun, 28 Jul 2024 02:25 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एटा। मंडी समिति में दोपहर को हुई बरसात से खुली पड़ी मक्का और मूंगफली भीग गई। वहीं, मंडी परिसर में जगह-जगह पानी जमा होने के कारण जमीन पर मक्का-मूंगफली के ढेरों में पानी चला गया। इससे करीब आधे घंटे में ही मूंगफली का भाव 4000 से घटकर 3200 पर आ गया।
मंडी समिति में पहुंचे किसानों को 4 से 5 हजार तक मूंगफली के भाव मिलने से चेहरे पर ख़ुशी थी। लेकिन आसमान में बादल आते ही किसान परेशान हो गया। खुली व वाहनों में पड़ी मूंगफली को बारिश से बचाने के प्रयास में जुट गया। लेकिन बारिश तेज होने के चलते मौका नहीं मिल सका। बारिश का पानी वाहनों से लेकर सड़कों तक भर गया। किसानों का तय हुआ भाव बारिश के बाद बदल गया। किसानों को मक्का, मूंगफली का जो भाव बारिश से पहले मिल रहा था बारिश के बाद भाव 700 से 800 रुपये क्विंटल गिर गया।
वहीं, मंडी के आढ़तियों का खुले में पड़ा अनाज भी भीगने से खराब हो गया। कुछ अनाज तेज बहाव में उधर-उधर बहता रहा। गल्ला आढ़तीयों ने बताया कि लगातार मंडी प्रशासन को जलभराव होने की समस्या से अवगत कराया जाता रहा है। लेकिन इसकी तरफ किसी का ध्यान नहीं जाता। थोड़ी बारिश होते ही मंडी में जलभराव हो जाता है जिससे जमीन पर पड़ा अनाज भी भीग जाता है।
विज्ञापन
मंडी में मूंगफली बेचने आए थे जो बारिश में भीग गई। बारिश से पहले मूंगफली का भाव 4 हज़ार रुपये क्विंटल तय किया गया था। लेकिन भीगते ही 3200 रुपये कर दिया गया है।
अनिल कुमार, रिज़ोर
मूंगफली लेकर मंडी में आए हैं। बारिश होने से वाहन में ही भीग गई। अब दाम बहुत कम कर दिया गया है, इसलिए वापस लेकर जा रहे हैं। सुखाने के बाद दोबारा लेकर आएंगे।
दिनेश कुमार, अमांपुर
बारिश के बाद जलभराव हो जाता है। जो सड़क नीची होने के कारण धीरे धीरे निकल पाता है। नालियों का प्रस्ताव बनाकर भेजा गया है। - अरुण कुमार, मंडी सचिव
विज्ञापन
मंडी समिति में पहुंचे किसानों को 4 से 5 हजार तक मूंगफली के भाव मिलने से चेहरे पर ख़ुशी थी। लेकिन आसमान में बादल आते ही किसान परेशान हो गया। खुली व वाहनों में पड़ी मूंगफली को बारिश से बचाने के प्रयास में जुट गया। लेकिन बारिश तेज होने के चलते मौका नहीं मिल सका। बारिश का पानी वाहनों से लेकर सड़कों तक भर गया। किसानों का तय हुआ भाव बारिश के बाद बदल गया। किसानों को मक्का, मूंगफली का जो भाव बारिश से पहले मिल रहा था बारिश के बाद भाव 700 से 800 रुपये क्विंटल गिर गया।
विज्ञापन
वहीं, मंडी के आढ़तियों का खुले में पड़ा अनाज भी भीगने से खराब हो गया। कुछ अनाज तेज बहाव में उधर-उधर बहता रहा। गल्ला आढ़तीयों ने बताया कि लगातार मंडी प्रशासन को जलभराव होने की समस्या से अवगत कराया जाता रहा है। लेकिन इसकी तरफ किसी का ध्यान नहीं जाता। थोड़ी बारिश होते ही मंडी में जलभराव हो जाता है जिससे जमीन पर पड़ा अनाज भी भीग जाता है।
विज्ञापन
मंडी में मूंगफली बेचने आए थे जो बारिश में भीग गई। बारिश से पहले मूंगफली का भाव 4 हज़ार रुपये क्विंटल तय किया गया था। लेकिन भीगते ही 3200 रुपये कर दिया गया है।
अनिल कुमार, रिज़ोर
मूंगफली लेकर मंडी में आए हैं। बारिश होने से वाहन में ही भीग गई। अब दाम बहुत कम कर दिया गया है, इसलिए वापस लेकर जा रहे हैं। सुखाने के बाद दोबारा लेकर आएंगे।
दिनेश कुमार, अमांपुर
बारिश के बाद जलभराव हो जाता है। जो सड़क नीची होने के कारण धीरे धीरे निकल पाता है। नालियों का प्रस्ताव बनाकर भेजा गया है। - अरुण कुमार, मंडी सचिव