{"_id":"62b749c7bbbe3e2c4205d7b6","slug":"patients-sitting-outside-opd-doctors-did-not-reach-etah-news-agr537984959","type":"story","status":"publish","title_hn":"ओपीडी के बाहर बैठे रहे मरीज, नहीं पहुंचे चिकित्सक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ओपीडी के बाहर बैठे रहे मरीज, नहीं पहुंचे चिकित्सक
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में चिकित्सक के इंतजार में कक्ष के बाहर लगी मरीजों की कतार।
- फोटो : ETAH
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एटा। वीरांगना अवंतीबाई लोधी स्वशासी मेडिकल कॉलेज में चिकित्सकों की लेटलतीफी में सुधार नहीं आ रहा है। शनिवार को अमर उजाला टीम ने पड़ताल की तो सुबह साढ़े नौ बजे तक त्वचा रोग इकाई में चिकित्सक नहीं थे। हड्डी रोग इकाई में एक ही जूनियर डॉक्टर ने पहुंचकर उपचार शुरू किया। इससे पहले डेढ़ घंटे तक मरीज दोनों ही इकाइयों में चिकित्सकों का इंतजार करते रहे।
मेडिकल कॉलेज में चिकित्सकों का सुबह आठ बजे तक ओपीडी में पहुंचने का समय निर्धारित किया गया है। समय निर्धारित होने की वजह से मरीज तो 8 बजे पहुंच जाते हैं, लेकिन चिकित्सक 9.30 बजे के बाद ही पहुंच रहे हैं। शनिवार को पड़ताल के दौरान सामने आया कि त्वचा रोग और हड्डी रोग इकाई में चिकित्सक समय पर नहीं पहुंचे। बाहर मरीजों की कतारें लग गईं। हड्डी रोग इकाई में जूनियर डॉ. मुहम्म्द मुस्तफा नौ बजे पहुंचे, जबकि एक जूनियर और एक सीनियर चिकित्सक 10 बजे तक ओपीडी में नहीं पहुंचे।
वहीं त्वचा रोग इकाई में सुबह 9.30 बजे तक कोई भी चिकित्सक नहीं पहुंचे। बाहर पड़ी ब्रैंच पर बैठकर मरीजों को इंतजार करना पड़ा। फिजिशियन के कक्ष संख्या छह में सुबह से मरीजों की भीड़ रही। नौ बजे एक जूनियर डॉक्टर आए। जबकि दो अन्य चिकित्सक 9.30 बजे पहुंचे।
विज्ञापन
शरीर पर खुजली हो गई है। जिसके इलाके लिए सुबह आठ बजे से डाक्टरों का इंतजार कर रहे हैं लेकिन वह कुर्सी पर आकर नहीं बैठे।
रामप्रकाश सिंह, गांव हरचंद्रपुर
चिकित्सक के कक्ष में आने का काफी देर से इंतजार कर रहा हूं। त्वचा रोग के निजी डॉक्टर नहीं हैं, इसलिए मेडिकल कॉलेज आए हैं।
श्रीकृष्ण सिंह, गांव नगला डुगरिया
ओपीडी करने वाले सीनियर और जूनियर चिकित्सकों को समय से पहुंचने की हिदायत दी गई है। इसके बावजूद भी कोई चिकित्सक निर्धारित समय पर नहीं पहुंच रहा है तो कार्रवाई की जाएगी।
डॉ. नवनीत सिंह चौहान, प्राचार्य मेडिकल कॉलेज
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज में चिकित्सकों का सुबह आठ बजे तक ओपीडी में पहुंचने का समय निर्धारित किया गया है। समय निर्धारित होने की वजह से मरीज तो 8 बजे पहुंच जाते हैं, लेकिन चिकित्सक 9.30 बजे के बाद ही पहुंच रहे हैं। शनिवार को पड़ताल के दौरान सामने आया कि त्वचा रोग और हड्डी रोग इकाई में चिकित्सक समय पर नहीं पहुंचे। बाहर मरीजों की कतारें लग गईं। हड्डी रोग इकाई में जूनियर डॉ. मुहम्म्द मुस्तफा नौ बजे पहुंचे, जबकि एक जूनियर और एक सीनियर चिकित्सक 10 बजे तक ओपीडी में नहीं पहुंचे।
विज्ञापन
वहीं त्वचा रोग इकाई में सुबह 9.30 बजे तक कोई भी चिकित्सक नहीं पहुंचे। बाहर पड़ी ब्रैंच पर बैठकर मरीजों को इंतजार करना पड़ा। फिजिशियन के कक्ष संख्या छह में सुबह से मरीजों की भीड़ रही। नौ बजे एक जूनियर डॉक्टर आए। जबकि दो अन्य चिकित्सक 9.30 बजे पहुंचे।
विज्ञापन
शरीर पर खुजली हो गई है। जिसके इलाके लिए सुबह आठ बजे से डाक्टरों का इंतजार कर रहे हैं लेकिन वह कुर्सी पर आकर नहीं बैठे।
रामप्रकाश सिंह, गांव हरचंद्रपुर
चिकित्सक के कक्ष में आने का काफी देर से इंतजार कर रहा हूं। त्वचा रोग के निजी डॉक्टर नहीं हैं, इसलिए मेडिकल कॉलेज आए हैं।
श्रीकृष्ण सिंह, गांव नगला डुगरिया
ओपीडी करने वाले सीनियर और जूनियर चिकित्सकों को समय से पहुंचने की हिदायत दी गई है। इसके बावजूद भी कोई चिकित्सक निर्धारित समय पर नहीं पहुंच रहा है तो कार्रवाई की जाएगी।
डॉ. नवनीत सिंह चौहान, प्राचार्य मेडिकल कॉलेज