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Etah News: प्रसूता के बाद नवजात ने भी तोड़ा दम
Sun, 26 Jul 2026 12:55 AM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
Updated Sun, 26 Jul 2026 12:55 AM IST
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एटा। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मंडी समिति में प्रसव के बाद गंभीर हालत में मेडिकल कॉलेज के एसएनसीयू वार्ड में भर्ती कराए गए नवजात को अलीगढ़ रेफर किया गया। जहां शुक्रवार देर रात उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। नवजात की हालत जन्म के तुरंत बाद ही बिगड़ गई थी। चिकित्सकों ने उसे बेहतर इलाज के लिए अलीगढ़ रेफर करने की तैयारी की थी, लेकिन इससे पहले ही उसने दम तोड़ दिया। इससे पहले उसकी मां गुनगुन (22) की भी प्रसव के बाद मौत हो गई थी।
कांशीराम कॉलोनी निवासी नाहिद अपनी पत्नी गुनगुन को बृहस्पतिवार को प्रसव के लिए पीएचसी मंडी समिति लेकर पहुंचे थे। प्रसव के बाद मां और नवजात दोनों की हालत बिगड़ गई। प्रसूता की मौत हो गई, जबकि नवजात को मेडिकल कॉलेज के एसएनसीयू वार्ड में भर्ती कराया गया। वहां लगातार उसका उपचार चलता रहा, लेकिन शुक्रवार को तबीयत बिगड़ने पर अलीगढ़ रेफर किया गया, जहां देर रात चिकित्सकों के प्रयास भी उसे बचा नहीं सके। परिजन का आरोप है कि प्रसूता गंभीर एनीमिया से ग्रसित थी और शरीर में खून की मात्रा बेहद कम होने के बावजूद उसका सामान्य प्रसव कराया गया। इसी लापरवाही के कारण पहले प्रसूता और फिर नवजात की जान चली गई। परिजन ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
प्रसूता और नवजात दोनों की मौत के मामले को गंभीरता से लिया गया है। पूरे प्रकरण की तकनीकी जांच कराई जाएगी। जांच में यदि किसी स्तर पर लापरवाही या दोष सामने आता है तो संबंधित के खिलाफ नियमानुसार विभागीय कार्रवाई की जाएगी। - डॉ. राजेंद्र प्रसाद, मुख्य चिकित्सा अधिकारी
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कांशीराम कॉलोनी निवासी नाहिद अपनी पत्नी गुनगुन को बृहस्पतिवार को प्रसव के लिए पीएचसी मंडी समिति लेकर पहुंचे थे। प्रसव के बाद मां और नवजात दोनों की हालत बिगड़ गई। प्रसूता की मौत हो गई, जबकि नवजात को मेडिकल कॉलेज के एसएनसीयू वार्ड में भर्ती कराया गया। वहां लगातार उसका उपचार चलता रहा, लेकिन शुक्रवार को तबीयत बिगड़ने पर अलीगढ़ रेफर किया गया, जहां देर रात चिकित्सकों के प्रयास भी उसे बचा नहीं सके। परिजन का आरोप है कि प्रसूता गंभीर एनीमिया से ग्रसित थी और शरीर में खून की मात्रा बेहद कम होने के बावजूद उसका सामान्य प्रसव कराया गया। इसी लापरवाही के कारण पहले प्रसूता और फिर नवजात की जान चली गई। परिजन ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
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प्रसूता और नवजात दोनों की मौत के मामले को गंभीरता से लिया गया है। पूरे प्रकरण की तकनीकी जांच कराई जाएगी। जांच में यदि किसी स्तर पर लापरवाही या दोष सामने आता है तो संबंधित के खिलाफ नियमानुसार विभागीय कार्रवाई की जाएगी। - डॉ. राजेंद्र प्रसाद, मुख्य चिकित्सा अधिकारी
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