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नहीं उतरी विकास भवन के कर्मचारियों की चुनावी थकान
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 20 Feb 2017 10:57 PM IST
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बंद पड़े कार्यालय
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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जिले में मतदान हुए 10 बीत चुके हैं, लेकिन विकास भवन की चुनावी थकान अब तक नहीं उतरी है। सोमवार को विकास भवन में तमाम कार्यालयों में ताले लटके मिले और कई अधिकारी विभागों से गायब नजर आए। इस दौरान फरियादी समस्याओं को लेकर विकास भवन में भटकते दिखाई दिए।
विकास भवन में सोमवार को सन्नाटा नजर आया। कृषि विभाग में कृषि अधिकारी और कृषि रक्षा अधिकारी कार्यालय में ताले पड़े थे। जानकारी पर पता चला कि पूरा आफिस फील्ड में चेकिंग के लिए गया है। समस्याओं को लेकर पहुंचे किसान मायूस होकर लौटे। विभाग का चपरासी तक गायब था। इसके साथ ही पीडी आरके गौतम के कक्ष में ताला पड़ा था। आसपास के कमरों में बैठे कर्मचारी गपशप में व्यस्त दिखे। लोग फरियाद लेकर पहुंचे, तो कर्मचारियों ने शिकायतों को अनसुना कर दिया। युवा कल्याण विभाग में एक लिपिक और एक महिला रक्षक मिली, जबकि अन्य कर्मचारी गायब नजर आए। विभागीय अधिकरी विमलेश यादव भी विभाग से गायब नजर आए। इसके साथ ही कार्यालय पीआईयू में ताला पड़ा नजर आया। विकास भवन में पीछे बने भवन के कई दफ्तरों में ताले पड़े नजर आए। सीडीओ प्रताप सिंह भदौरिया ने कहा कि अधिकारी कार्यालय में बैठें और जनता की समस्याओं को सुनें। फील्ड में जाने के दौरान कार्यालय में तालाबंदी नहीं होनी चाहिए। अन्यथा कार्रवाई हो सकती है।
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विकास भवन में सोमवार को सन्नाटा नजर आया। कृषि विभाग में कृषि अधिकारी और कृषि रक्षा अधिकारी कार्यालय में ताले पड़े थे। जानकारी पर पता चला कि पूरा आफिस फील्ड में चेकिंग के लिए गया है। समस्याओं को लेकर पहुंचे किसान मायूस होकर लौटे। विभाग का चपरासी तक गायब था। इसके साथ ही पीडी आरके गौतम के कक्ष में ताला पड़ा था। आसपास के कमरों में बैठे कर्मचारी गपशप में व्यस्त दिखे। लोग फरियाद लेकर पहुंचे, तो कर्मचारियों ने शिकायतों को अनसुना कर दिया। युवा कल्याण विभाग में एक लिपिक और एक महिला रक्षक मिली, जबकि अन्य कर्मचारी गायब नजर आए। विभागीय अधिकरी विमलेश यादव भी विभाग से गायब नजर आए। इसके साथ ही कार्यालय पीआईयू में ताला पड़ा नजर आया। विकास भवन में पीछे बने भवन के कई दफ्तरों में ताले पड़े नजर आए। सीडीओ प्रताप सिंह भदौरिया ने कहा कि अधिकारी कार्यालय में बैठें और जनता की समस्याओं को सुनें। फील्ड में जाने के दौरान कार्यालय में तालाबंदी नहीं होनी चाहिए। अन्यथा कार्रवाई हो सकती है।
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