सपा नेता को बड़ा झटका: कोर्ट ने लूट, छेड़छाड़ के मामले में जमानत अर्जी की खारिज, कहा- गवाहों को डराएगा, धमकाएगा
एटा में सपा नेता जुगेंद्र सिंह यादव को कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। लूट और छेड़छाड़ के मामले में सुनवाई करते हुए कोर्ट ने इनकी जमानत अर्जी खारिज कर दी है। कोर्ट ने कहा कि यह बाहर जाने के बाद गवाहों को डराएगा, धमकाएगा।
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उत्तर प्रदेश के एटा में सपा नेता जुगेंद्र सिंह यादव के खिलाफ अलीगंज थाने में लूट और छेड़छाड़ का मामला दर्ज है। इस मामले में जमानत के लिए कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया गया। इस पर मंगलवार को अदालत में सुनवाई की गई। अभियोजन के तर्क को सही ठहराते हुए अदालत ने जमानत अर्जी कारिज कर दी।
जुगेंद्र के खिलाफ दर्ज हैं 91 मुकदमे
विशेष न्यायाधीश दस्यु प्रभावित क्षेत्र वीरभद्र की अदालत में जमानत प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया गया। बचाव पक्ष ने जमानत देने के लिए तमाम तर्क दिए। अभियोजन पक्ष की ओर से दिए गए तर्क को सही ठहराया गया। अदालत ने माना कि आरोपी जुगेंद्र सिंह यादव के खिलाफ 91 मुकदमे दर्ज हैं।
रिहा किए जाने का कोई आधार नहीं
इन मुकदमों के गवाहों को डराने और धमकाने का काम अभियुक्त करेगा। अदालत ने यह भी कहा कि आपराधिक इतिहास, विवेचना के दौरान असहयोग का रवैया और पुन: फरार हो जाने की आशंकाएं ज्यादा हैं। ऐसे में जमानत पर रिहा किए जाने का कोई आधार नहीं है। जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त किया जाता है।
लूट, छेड़छाड़ और हत्या करने का प्रयास का मामला दर्ज
जिला शासकीय अधिवक्ता रेशपाल सिंह, विशेष लोक अभियोजक प्रवेश भारद्वाज और संध्या भारती ने अभियोजन पक्ष की ओर से जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त कराने के लिए पैरवी की। बताया कि अलीगंज क्षेत्र में 2 जून 2021 को एक महिला और उसके पुत्र पर हमला किया गया था। तब लूट, छेड़छाड़ और हत्या करने का प्रयास का मामला दर्ज कराया गया। इसी में जमानत के लिए अदालत में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया गया था।