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बंदी बेअसर, चाय-पान से लेकर हर ट्रेंड की खुलीं दुकानें
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 28 Nov 2016 10:34 PM IST
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बाजार बंदी
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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नोटबंदी के विरोध में कांग्रेस की बाजार बंदी बेअसर रही। वहीं, सोमवार को आम दिनों की तरह ही खुले रहे। इस दौरान बाजार में ग्राहकों की संख्या में कम रही।
नोटबंदी के विरोध में जनआक्रोश दिवस के तहत कांग्रेस ने बाजार बंदी का एलान किया, लेकिन नगर के बाजार पर इसका असर नहीं दिखा। कारोबारी अपने निर्धारित समय पर ही बाजार में दुकानों को खोलने के लिए पहुंच गए। चाय, पान की दुकान से लेकर हर ट्रेंड की दुकानें खुली रहीं, जिससे लोगों को बाजार से अपनी जरूरत का सामन खरीदने को कोई दिक्कत नहीं हुई। हालांकि इन दुकानों पर अपेक्षाकृत ग्राहक नजर नहीं आए। ग्रामीण क्षेत्रों के ग्राहक काफी कम संख्या में बाजार पहुंचे। लोगों के पास आज भी धन की किल्लत बनी हुई है। धन की समस्या से जूझ रहे लोग आज भी बाजार में सामान खरीदने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे। वे काफी आवश्यकता होने पर ही बाजार से सामान खरीद रहे हैं। कांग्रेस से जुडे़ कारोबारी एवं धरने में शामिल होने वाले कुछ कारोबारियों ने ही अपने प्रतिष्ठानों को बंद रखकर सरकार के फैसले का विरोध किया। बाजार बंदी के आह्वान को देखते हुए पुलिस प्रशासन पूरी तरह से सतर्क रहा। सभी संवेदनशील क्षेत्रों, मुख्य चौराहों आदि स्थानों पर पुलिस के जवानों को तैनात किया गया। पुलिस की गाड़ियां भी बाजारों में घूमती नजर आई।
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नोटबंदी के विरोध में जनआक्रोश दिवस के तहत कांग्रेस ने बाजार बंदी का एलान किया, लेकिन नगर के बाजार पर इसका असर नहीं दिखा। कारोबारी अपने निर्धारित समय पर ही बाजार में दुकानों को खोलने के लिए पहुंच गए। चाय, पान की दुकान से लेकर हर ट्रेंड की दुकानें खुली रहीं, जिससे लोगों को बाजार से अपनी जरूरत का सामन खरीदने को कोई दिक्कत नहीं हुई। हालांकि इन दुकानों पर अपेक्षाकृत ग्राहक नजर नहीं आए। ग्रामीण क्षेत्रों के ग्राहक काफी कम संख्या में बाजार पहुंचे। लोगों के पास आज भी धन की किल्लत बनी हुई है। धन की समस्या से जूझ रहे लोग आज भी बाजार में सामान खरीदने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे। वे काफी आवश्यकता होने पर ही बाजार से सामान खरीद रहे हैं। कांग्रेस से जुडे़ कारोबारी एवं धरने में शामिल होने वाले कुछ कारोबारियों ने ही अपने प्रतिष्ठानों को बंद रखकर सरकार के फैसले का विरोध किया। बाजार बंदी के आह्वान को देखते हुए पुलिस प्रशासन पूरी तरह से सतर्क रहा। सभी संवेदनशील क्षेत्रों, मुख्य चौराहों आदि स्थानों पर पुलिस के जवानों को तैनात किया गया। पुलिस की गाड़ियां भी बाजारों में घूमती नजर आई।