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Deoria News: नगर के पीएचसी चकियवां नए डिलेवरी प्वाइंट पर हुआ पहला प्रसव
Thu, 25 May 2023 11:57 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Thu, 25 May 2023 11:57 PM IST
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गर्भवती को सेवा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा चकियावां प्रसव केंद्र
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। नगरीय क्षेत्र के चकियवां और आस-पास क्षेत्र की गर्भवतियों के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चकियवां में प्रसव केंद्र की शुरुआत हो गई है, जहां पहला प्रसव हुआ और बच्ची का नाम परिजनों व स्वास्थ्य कर्मियों ने लक्ष्मी रखा। यहां सामान्य प्रसव की सुविधा की गई है, जबकि जटिल प्रसव की स्थिति में गर्भवतियों को मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया जाएगा।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चकियवां से 55000 की आबादी को स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान की जा रही है। चकियवां ढाला निवासी सोनिया को प्रसव पीड़ा होने पर बुधवार रात आशा कार्यकर्ता पास होने के कारण उसे लेकर पीएचसी चकियवां गई। बृहस्पतिवार को चिकित्सकों ने प्रसव कराया कराया। सोनिया ने तीन किलो की बेटी को जन्म दिया। डिलेवरी प्वाइंट पर पहली डिलेवरी होने पर सभी स्टॉफ और प्रसूता के परिजनों ने बच्ची का नाम लक्ष्मी रखा है।
सीएमओ डॉ. राजेश झा ने बताया कि नगरीय क्षेत्र में तीन सोमनाथ, रामनाथ और चकियवां प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र है। इन केंद्रों पर प्रसव की सुविधा नहीं थी। शहरी क्षेत्र की गर्भवतियों को प्रसव कराने के लिए जिला अस्पताल जाना पड़ता था, जहां भीड़ रहती है। चकियवां पीएचसी से संबंधित गर्भवतियों को रेलवे क्राॅसिंग बंद होने के कारण देर तक प्रसव पीड़ा सहना पड़ता था। इस समस्या को देखते हुए चकियवां प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में तीन बेड के प्रसव केंद्र की सुविधा शुरू की गई। इसकी स्थापना से चकियवां और आस-पास के क्षेत्र में सामान्य प्रसव कराने वालों को सुविधा होगी। कहा कि आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अपने क्षेत्र की गर्भवतियों को इस केंद्र पर लाएं, यहीं नका प्रसव कराया जाएगा। कहा कि प्रसव केंद्र में नवजात और शिशु संबंधित सेवाएं भी नियमित रूप से दी जाती हैं। केंद्र पर परिवार नियोजन के साधन और महिला नसबंदी की सुविधाएं भी उपलब्ध है। केंद्र पर डॉ. सुधाकर सिंह, महिला चिकित्सक डॉ. आंचल गुप्ता, स्टाफ नर्स कमलेश यादव और सावित्री निषाद की तैनाती की गई है। जल्द ही गर्भवतियों के लिए भोजन की व्यवस्था भी शुरू की जाएगी। कहा कि जिले में पांच फर्स्ट रेफरल यूनिट (एफआरयू) सहित 126 डिलेवरी प्वाइंट है, जिसमें तीन एफआरयू क्रियाशील हैं। 121 डिलेवरी प्वाइंट पर सामान्य प्रसव कराए जाते हैं। जिले में प्रतिदिन औसतन 80 डिलेवरी इन सक्रिय केंद्रों के माध्यम से कराई जाती है।
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देवरिया। नगरीय क्षेत्र के चकियवां और आस-पास क्षेत्र की गर्भवतियों के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चकियवां में प्रसव केंद्र की शुरुआत हो गई है, जहां पहला प्रसव हुआ और बच्ची का नाम परिजनों व स्वास्थ्य कर्मियों ने लक्ष्मी रखा। यहां सामान्य प्रसव की सुविधा की गई है, जबकि जटिल प्रसव की स्थिति में गर्भवतियों को मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया जाएगा।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चकियवां से 55000 की आबादी को स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान की जा रही है। चकियवां ढाला निवासी सोनिया को प्रसव पीड़ा होने पर बुधवार रात आशा कार्यकर्ता पास होने के कारण उसे लेकर पीएचसी चकियवां गई। बृहस्पतिवार को चिकित्सकों ने प्रसव कराया कराया। सोनिया ने तीन किलो की बेटी को जन्म दिया। डिलेवरी प्वाइंट पर पहली डिलेवरी होने पर सभी स्टॉफ और प्रसूता के परिजनों ने बच्ची का नाम लक्ष्मी रखा है।
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सीएमओ डॉ. राजेश झा ने बताया कि नगरीय क्षेत्र में तीन सोमनाथ, रामनाथ और चकियवां प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र है। इन केंद्रों पर प्रसव की सुविधा नहीं थी। शहरी क्षेत्र की गर्भवतियों को प्रसव कराने के लिए जिला अस्पताल जाना पड़ता था, जहां भीड़ रहती है। चकियवां पीएचसी से संबंधित गर्भवतियों को रेलवे क्राॅसिंग बंद होने के कारण देर तक प्रसव पीड़ा सहना पड़ता था। इस समस्या को देखते हुए चकियवां प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में तीन बेड के प्रसव केंद्र की सुविधा शुरू की गई। इसकी स्थापना से चकियवां और आस-पास के क्षेत्र में सामान्य प्रसव कराने वालों को सुविधा होगी। कहा कि आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अपने क्षेत्र की गर्भवतियों को इस केंद्र पर लाएं, यहीं नका प्रसव कराया जाएगा। कहा कि प्रसव केंद्र में नवजात और शिशु संबंधित सेवाएं भी नियमित रूप से दी जाती हैं। केंद्र पर परिवार नियोजन के साधन और महिला नसबंदी की सुविधाएं भी उपलब्ध है। केंद्र पर डॉ. सुधाकर सिंह, महिला चिकित्सक डॉ. आंचल गुप्ता, स्टाफ नर्स कमलेश यादव और सावित्री निषाद की तैनाती की गई है। जल्द ही गर्भवतियों के लिए भोजन की व्यवस्था भी शुरू की जाएगी। कहा कि जिले में पांच फर्स्ट रेफरल यूनिट (एफआरयू) सहित 126 डिलेवरी प्वाइंट है, जिसमें तीन एफआरयू क्रियाशील हैं। 121 डिलेवरी प्वाइंट पर सामान्य प्रसव कराए जाते हैं। जिले में प्रतिदिन औसतन 80 डिलेवरी इन सक्रिय केंद्रों के माध्यम से कराई जाती है।
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