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शिक्षामित्र के बारे में सही जानकारी नहीं देने वाले प्रधानाध्यापक निलंबित

Fri, 27 Nov 2020 11:30 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Fri, 27 Nov 2020 11:30 PM IST
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principal who did not give correct information about sikhsamitra suspend
शिक्षामित्र के बारे में सही जानकारी नहीं देने वाले प्रधानाध्यापक निलंबित
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देवरिया। बैतालपुर के एक विद्यालय में तैनात एक शिक्षामित्र, पिछले 11 सालों से सीतापुर जिले के भी एक प्राथमिक स्कूल में प्रधानाध्यापक के पद पर तैनात था। जब इस बात का पता विभाग को चला तो बैतालपुर स्थित विद्यालय के प्रधानाध्यापक पर भूमिका भी सवालों की घेरे में आ गई। शुक्रवार को स्कूल में लगातार अनुपस्थित रहने वाले शिक्षामित्र के बारे में सही जानकारी नहीं देने पर प्रधानाध्यापक रामनयन यादव को निलंबित कर दिया गया।
बीएसए संतोष कुमार राय ने बताया कि बैतालपुर के बीईओ ने 10 नवंबर को अवगत कराया था कि प्राथमिक विद्यालय बरई टोला में शिक्षामित्र के पद पर तैनात ऋषिकेश मणि त्रिपाठी ने फर्जीवाड़ा करते हुए निजामाबाद के जमालपुर माफी निवासी बजरंग भूषण पुत्र रामसूरत के अंक पत्रों को लगाकर सीतापुर जिले के लहरपुर तहसील ब्लॉक बेहटा स्थित प्राथमिक विद्यालय हरिहरपुर में पिछले 11 सालों से प्रधानाध्यापक के पद पर कार्य कार्य कर रहा है। इस पर बैतालपुर के बरई टोला के प्रधानाध्यापक रामनयन यादव से उनके यहां तैनात शिक्षामित्र के संबंध में उपस्थिति पंजिका मंगाई गई।
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इसमें पाया गया कि ऋषिकेश मणि त्रिपाठी 22 अक्तूबर से बिना सूचना के लगातार अनुपस्थित चल रहे हैं। जबकि इसकी सूचना प्रधानाध्यापक ने नौ नंवबर को विभागीय लोगों को दी। यह प्रधानाध्यापक की घोर लापरवाही का परिचायक है। इसके पहले भी अप्रैल 2019 में बीईओ ने जब विद्यालय पर औचक निरीक्षण किया था तो संबंधित शिक्षामित्र लगातार 23 दिन से गायब मिले थे। इस पर उनका मानदेय भी रोका गया था। प्रधानाध्यापक की ओर से अपने समस्त स्टॉफ के साथ शिक्षामित्र का उपस्थिति प्रपत्र-9 प्रत्येक माह जमा भी किया जाता रहा। इसमें शिक्षामित्र का हस्ताक्षर प्रधानाध्यापक की ओर से प्रमाणित पाया गया। इसी के चलते यह पता नहीं चल पाया कि ऋषिकेश मणि शिक्षामित्र होने के साथ ही कहीं अन्यत्र भी फर्जी तरीके से काम करता है। बीएसए ने बताया कि ऐसे में यह सिद्ध होता है कि यहां के प्रधानाध्यापक ने अपने कर्तव्यों का निर्वहन सही ढंग से नहीं किया है। बीईओ की जांच रिपोर्ट के आधार पर प्रधानाध्यापक रामनयन यादव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। साथ ही इस प्रकरण की जांच के लिए बीईओ देसही देवरिया को नामित किया गया है।
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