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करंट की चपेट में आने से दो की मौत
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विशाल की फाइल फोटो।
- फोटो : DEORIA
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करंट की चपेट में आने से व्यापारी समेत दो की मौत
बेलडाड़ मोड़ पर गोदाम से पानी निकालने के दौरान गई व्यापारी विशाल की जान
तरकुलवा के नरायनपुर के नरसिंह यादव की करंट की चपेट से हुई मौत
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया/तरकुलवा। जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में पिछले 24 घंटे के दौरान करंट की चपेट में आने से व्यापारी समेत दो लोगों की मौत हो गई। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया।
पहली घटना सदर कोतवाली के बेलडाड़ मोड़ की है। बंकेश्वर जायसवाल राइस मिलर हैं। उनके बेटे विशाल उर्फ मनीष जायसवाल (25) की रुद्रपुर रोड पर प्लाईवुड व हार्डवेयर की दुकान है। मकान में वह गोदाम बनाकर प्लाईवुड रखे हुए थे। बारिश के कारण गोदाम में पानी भरने लगा था। प्लाईवुड को सड़ने से बचाने के लिए वह गुरुवार की रात गोदाम में मोटर लगा रहे थे। इसी दौरान वह करंट की चपेट में आ गए। परिवारवालों ने उन्हें किसी तरह करंट से अलग कर जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां चिकित्सक ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद भी परिवारवाले मेडिकल कॉलेज गए, लेकिन वहां भी निराशा ही हाथ लगी। सदर कोतवाली पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया। वहीं, तरकुलवा थानाक्षेत्र के नरायनपुर गांव निवासी नरसिंह यादव 55 शुक्रवार की सुबह साइकिल से कहीं जा रहे थे। गांव के बाहर एक गड्ढे में साइकिल समेत गिर गए। पहले से ही टूटकर गिरे एलटी लाइन के तार की चपेट में आने से उन्होंने दम तोड़ दिया। गांव के बाहर गए लोगों ने देखा तो पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। तरकुलवा एसओ नरेंद्र प्रताप राय ने बताया कि करंट की चपेट में आने से नरसिंह यादव की मौत हो गई।
घर का इकलौते चिराग थे विशाल
बेलडाड़ मोड़ निवासी बंकेश्वर जायसवाल की दो बेटी और एक बेटा विशाल थे। विशाल पिता की तरह की मृदुभाषी और व्यवहार कुशल थे। वह उनके कार्यों में हाथ बंटाने के साथ ही अलग से कारोबार में लगे थे। विशाल की मौत से दोनों बहनों बाबी और सोनाली का रो-रोकर बुरा हाल था। मां ज्ञानशीला देवी रह-रहकर बेहोश हो जा रही थीं। पिता बंकेश्वर को नहीं सूझ रहा था कि क्या करे। विशाल की मौत की खबर सुनकर दरवाजे पर आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई थी।
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बेलडाड़ मोड़ पर गोदाम से पानी निकालने के दौरान गई व्यापारी विशाल की जान
तरकुलवा के नरायनपुर के नरसिंह यादव की करंट की चपेट से हुई मौत
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया/तरकुलवा। जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में पिछले 24 घंटे के दौरान करंट की चपेट में आने से व्यापारी समेत दो लोगों की मौत हो गई। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया।
पहली घटना सदर कोतवाली के बेलडाड़ मोड़ की है। बंकेश्वर जायसवाल राइस मिलर हैं। उनके बेटे विशाल उर्फ मनीष जायसवाल (25) की रुद्रपुर रोड पर प्लाईवुड व हार्डवेयर की दुकान है। मकान में वह गोदाम बनाकर प्लाईवुड रखे हुए थे। बारिश के कारण गोदाम में पानी भरने लगा था। प्लाईवुड को सड़ने से बचाने के लिए वह गुरुवार की रात गोदाम में मोटर लगा रहे थे। इसी दौरान वह करंट की चपेट में आ गए। परिवारवालों ने उन्हें किसी तरह करंट से अलग कर जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां चिकित्सक ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद भी परिवारवाले मेडिकल कॉलेज गए, लेकिन वहां भी निराशा ही हाथ लगी। सदर कोतवाली पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया। वहीं, तरकुलवा थानाक्षेत्र के नरायनपुर गांव निवासी नरसिंह यादव 55 शुक्रवार की सुबह साइकिल से कहीं जा रहे थे। गांव के बाहर एक गड्ढे में साइकिल समेत गिर गए। पहले से ही टूटकर गिरे एलटी लाइन के तार की चपेट में आने से उन्होंने दम तोड़ दिया। गांव के बाहर गए लोगों ने देखा तो पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। तरकुलवा एसओ नरेंद्र प्रताप राय ने बताया कि करंट की चपेट में आने से नरसिंह यादव की मौत हो गई।
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घर का इकलौते चिराग थे विशाल
बेलडाड़ मोड़ निवासी बंकेश्वर जायसवाल की दो बेटी और एक बेटा विशाल थे। विशाल पिता की तरह की मृदुभाषी और व्यवहार कुशल थे। वह उनके कार्यों में हाथ बंटाने के साथ ही अलग से कारोबार में लगे थे। विशाल की मौत से दोनों बहनों बाबी और सोनाली का रो-रोकर बुरा हाल था। मां ज्ञानशीला देवी रह-रहकर बेहोश हो जा रही थीं। पिता बंकेश्वर को नहीं सूझ रहा था कि क्या करे। विशाल की मौत की खबर सुनकर दरवाजे पर आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई थी।
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