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नर्सिंग होम और अल्ट्रासाउंड सेंटर सील
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नर्सिंगहोम और अल्ट्रासाउंड सेंटर सील
पथरदेवा कस्बे में बिना पंजीयन संचालित था नर्सिंगहोम
अमर उजाला ब्यूरो
बघौचघाट/तरकुलवा। स्थानीय कस्बे में अवैध रुप से लंबे समय से चल रहे निजी नर्सिंगहोम को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने शुक्रवार को सील कर दिया। जांच के दौरान नर्सिंगहोम के पंजीयन से जुड़े कागजात नहीं मिले, मौके से संचालक भाग गया। उसके विरुद्ध कानूनी कार्रवाई के लिए विभाग कार्रवाई में जुटा है। उधर, तरकुलवा में एक अल्ट्रासाउंड सेंटर को भी सील किया गया।
करीब एक सप्ताह पूर्व पथरदेवा निवासी वेदप्रकाश तिवारी ने सीएमओ को प्रार्थना पत्र देकर अवैध नर्सिंगहोम की शिकायत की थी। आरोप था कि विभागीय अफसरों की सह पर कस्बे में बेखौफ ढंग से नर्सिंगहोम का संचालन हो रहा है। पिछले दिनों संचालक के खिलाफ महिला ने मुकदमा भी दर्ज कराया था। बिहार की एक महिला की प्रसव के दौरान मौत के मामले में भी संचालक पर केस दर्ज हो चुका है। शिकायत पर एसीएमओ डॉ. सुरेंद्र सिंह, पथरदेवा प्रभारी डॉ. एके सिंह, अरुण राव को जांच के लिए भेजा। टीम के पहुंचने की भनक लगते ही नर्सिंगहोम संचालक भाग गया। जांच के दौरान टीम को नर्सिंगहोम का पंजीकरण नहीं मिला। टीम ने नर्सिंगहोम को सील कर दिया। संचालक को नोटिस जारी किया। एसीएमओ डॉ. सुरेंद्र सिंह ने बताया कि शिकायत पर हुई जांच में नर्सिंगहोम का पंजीकरण नहीं मिला। उसे सील करते हुए कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। उधर, तरकुलवा के कैथवलिया गांव में संचालित अल्ट्रासाउंड केंद्र को भी स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सील किया। एसीएमओ डॉ. सुरेंद्र सिंह के नेतृत्व में टीम ने साबिर खां व नवाब खां के अल्ट्रासाउंड केंद्र की जांच की। नियम विरुद्ध ढंग से संचालित केंद्र को सील करते हुए नोटिस जारी किया गया। टीम में डॉ. सुनील, एसओ जितेंद्र तिवारी, एमपी तिवारी शामिल रहे।
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पथरदेवा कस्बे में बिना पंजीयन संचालित था नर्सिंगहोम
अमर उजाला ब्यूरो
बघौचघाट/तरकुलवा। स्थानीय कस्बे में अवैध रुप से लंबे समय से चल रहे निजी नर्सिंगहोम को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने शुक्रवार को सील कर दिया। जांच के दौरान नर्सिंगहोम के पंजीयन से जुड़े कागजात नहीं मिले, मौके से संचालक भाग गया। उसके विरुद्ध कानूनी कार्रवाई के लिए विभाग कार्रवाई में जुटा है। उधर, तरकुलवा में एक अल्ट्रासाउंड सेंटर को भी सील किया गया।
करीब एक सप्ताह पूर्व पथरदेवा निवासी वेदप्रकाश तिवारी ने सीएमओ को प्रार्थना पत्र देकर अवैध नर्सिंगहोम की शिकायत की थी। आरोप था कि विभागीय अफसरों की सह पर कस्बे में बेखौफ ढंग से नर्सिंगहोम का संचालन हो रहा है। पिछले दिनों संचालक के खिलाफ महिला ने मुकदमा भी दर्ज कराया था। बिहार की एक महिला की प्रसव के दौरान मौत के मामले में भी संचालक पर केस दर्ज हो चुका है। शिकायत पर एसीएमओ डॉ. सुरेंद्र सिंह, पथरदेवा प्रभारी डॉ. एके सिंह, अरुण राव को जांच के लिए भेजा। टीम के पहुंचने की भनक लगते ही नर्सिंगहोम संचालक भाग गया। जांच के दौरान टीम को नर्सिंगहोम का पंजीकरण नहीं मिला। टीम ने नर्सिंगहोम को सील कर दिया। संचालक को नोटिस जारी किया। एसीएमओ डॉ. सुरेंद्र सिंह ने बताया कि शिकायत पर हुई जांच में नर्सिंगहोम का पंजीकरण नहीं मिला। उसे सील करते हुए कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। उधर, तरकुलवा के कैथवलिया गांव में संचालित अल्ट्रासाउंड केंद्र को भी स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सील किया। एसीएमओ डॉ. सुरेंद्र सिंह के नेतृत्व में टीम ने साबिर खां व नवाब खां के अल्ट्रासाउंड केंद्र की जांच की। नियम विरुद्ध ढंग से संचालित केंद्र को सील करते हुए नोटिस जारी किया गया। टीम में डॉ. सुनील, एसओ जितेंद्र तिवारी, एमपी तिवारी शामिल रहे।
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