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Deoria News: दोपहर में ही बंद हो जाती है सीएचसी सोनाड़ी, जर्जर होने लगा है भवन

Thu, 01 Jan 2026 12:17 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया Updated Thu, 01 Jan 2026 12:17 AM IST
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CHC Sonari closes in the afternoon, the building is becoming dilapidated.
सोनाड़ी। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सोनाड़ी एक डॉक्टर के सहारे संचालित हो रहा है। रखरखाव सही न हाेने के कारण अस्पताल खंडहर में तब्दील हो रहा है। दोपहर में ही कर्मचारी अस्पताल छोड़ कर गायब हो जाते हैं। रात में यहां कोई नहीं रहता, जिससे मरीजों को लेकर भटकना पड़ता है। हालांकि बुधवार को दोपहर तक कोई कर्मचारी अस्पताल पर नहीं पहुंचा था।
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करीब दो एकड़ में सोनाड़ी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बनाया गया है। संवाद न्यूज एजेंसी टीम बुधवार को 11 बजे सोनाड़ी सीएचसी पर पहुंची। जहां दोपहर तक साफ-सफाई करने वाले एक प्राइवेट कर्मी मौके पर उपस्थित मिले। जबकि अन्य कर्मचारी नदारद थे। अस्पताल परिसर में दीवार पर 10 कर्मचारियों के तैनाती का बोर्ड चस्पा है लेकिन दो-तीन कर्मचारी ही ड्यूटी करते हैं।
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गांव के स्वतंत्र सिंह, विनय सिंह, सदानंद मिश्र, नंदलाल, अखिलेश सिंह आदि का कहना है कि करोड़ों की लागत से दो मंजिल भवन बनाया गया था। अस्पताल के खुलने और बेहतर इलाज मिलने की उम्मीद से काफी खुशी हुई थी लेकिन भवन बनने के बाद न तो पर्याप्त उपकरण मिले और न ही डॉक्टर व अन्य कर्मचारी ही आए। बंद रहने की वजह से अस्पताल खंडहर बन गया है। परिसर में चारों तरफ घास-फूस उग आए हैं। पेयजल के लिए पानी की टंकी बनाई गई है लेकिन वह भी बंद है।
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प्रभारी के भरोसे चलता है अस्पताल
इस सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर भलुअनी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सा प्रभारी डॉ. शंभू प्रसाद और लैब टेक्नीशियन अंकिता यादव की तैनाती है। इनके जिम्मे महुई संग्राम पीएचसी भी है। लोगों का कहना है कि अस्पताल परिसर में कर्मचारियों की तैनाती नहीं होने और समुचित संसाधनों के अभाव में स्वास्थ्य केंद्र की व्यवस्था लड़खड़ा गई है। लोगों का कहना है कि बोर्ड पर चस्पा किए गए नाम और पद के मुताबिक आज तक कर्मचारी यहां नहीं दिखे। इलाज के लिए आने वाले मरीजों को दो-चार जांच के अलावा अन्य जांच बाहर कराना पड़ता है।
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