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कैलाशपुरी लेन-दो में जाना खतरे से कम नहीं
Updated Mon, 24 Jul 2017 11:35 PM IST
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देवरिया। वार्ड-8 के कैलाशपुरी का लेन नंबर-दो इन दिनों तालाब बना हुआ है। सीवर का गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है। सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं। सबसे ज्यादा दिक्कत स्कूली बच्चों को होती है। सुबह-सुबह स्कूली वाहन पकड़ने के चक्कर में फिसल जा रहे हैं। बच्चों को चोट तो लगती ही है, ड्रेस भी गंदा हो जाता है। कैलाशपुरी के लेन-दो में 20 घर हैं। नव विकसित यह कॉलोनी नगर पालिका क्षेत्र में आता है। यहां के लोग हाउस, वाटर और अन्य टैक्स भी अदा करते हैं, लेकिन सुविधा के नाम पर कुछ भी नहीं है। लेन-दो में घुसते ही एक खाली प्लाट है। बरसात का पानी इस प्लाट में लबालब भरा है। नालियों की सफाई न होने से उसका गंदा पानी सड़क पर बहता है। पेयजल आपूर्ति का पाइप भी क्षतिग्रस्त हो गया है। लोगों के घरों में दूषित पेयजल की आपूर्ति हो रही है। गजेंद्र श्रीवास्तव उर्फ बड़े ने बताया कि बरसात के दिनों में मोहल्ला नर्क बन गया है। एपी खान ने बताया कि चुनाव के दौरान नेता बड़े-बड़े दावे करते हैं, लेकिन जब समस्या के समाधान की बात आती है तो चुप्पी साध लेते हैँ। राजकुमार ने कहा कि घरों से पैदल निकलना मुश्किल हो गया है। संभलकर न चलने पर फिसलना तय है। पंकज ने कहा कि नगर पालिका अध्यक्ष अलका सिंह शहर के विकास का राग अलाप रही हैं, लेकिन विकास की हकीकत कैलाशपुरी के लेन-दो में दिख जाएगी।
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