{"_id":"68939bd4999c337b700af67e","slug":"mla-ommani-vermas-husband-left-his-job-chitrakoot-news-c-212-1-sknp1027-131265-2025-08-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Banda News: विधायक ओममणी वर्मा के पति ने छोड़ी नौकरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Banda News: विधायक ओममणी वर्मा के पति ने छोड़ी नौकरी
विज्ञापन
पवन वर्मा।
- फोटो : संवाद
अतर्रा (बांदा)। नरैनी विधायक ओममणी वर्मा के पति ने तहसील में प्रधान सहायक पद से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ले लिया। डेढ़ वर्ष पहले मौरंग लदे ओवरलोड वाहनों को छुड़वाने को लेकर एसडीएम से अभद्रता को लेकर सुर्खियों में रहे। पत्नी के विधायक बनने के बाद वह तीन वर्ष से अवकाश पर रहे। अब उनके सक्रिय रूप से राजनीति में उतरने की चर्चाएं तेज हैं।
उत्तर प्रदेश मिनिस्टीरियल कलक्ट्रेट कर्मचारी संघ के सहायक अध्यक्ष व प्रधान सहायक पवन कुमार वर्मा ने चार दिन पहले स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ले लिया। तहसील सभागार में उनका विदाई समारोह आयोजित किया गया। पवन वर्मा विधायक ओममणि वर्मा के पति हैं। 2022 में पत्नी के विधायक बनने के बाद नौकरी से अवकाश ले लिया था।
पूर्व में पवन वर्मा पर बालू परिवहन और विधायक निधि से जुड़े कार्यों में कमीशनबाजी के आरोप लगते रहे हैं। भाजपा के पूर्व मंडल उपाध्यक्ष हरिहर मिश्रा ने हाल ही में मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर विधायक की चल-अचल संपत्ति और पति की भूमिका की जांच की मांग की थी। सोशल मीडिया पर पवन वर्मा के आगामी विधानसभा चुनाव में सक्रिय देखने की अटकलें हैं।
विज्ञापन
भाजपाइयों का मानना है कि यह कदम आरोपों से बचने और राजनीति में उतरने की रणनीति हो सकती है। उधर, विधायक ओममणी वर्मा ने बताया कि नौकरी में रहते हुए पति पर तरह-तरह के आरोप लगा रहे हैं, जिससे भावनाएं आहत हो रही हैं। इसी वजह से उन्होंने यह कदम उठाया है। अभी राजनीतिक में कदम बढ़ाने को लेकर वह कुछ नहीं कह सकती हैं।
बता दें कि पिछले वर्ष तत्कालीन एसडीएम सत्यप्रकाश ने मौरंग लदे दो ओवरलोड वाहन पकड़े थे। पवन वर्मा समर्थकों के साथ तीन गाड़ियों में पहुंचे और वाहनों को छुड़वाने का प्रयास किया। पवन वर्मा पर एसडीएम से अभद्रता व मारपीट के आरोप भी लगे थे।
विज्ञापन
उत्तर प्रदेश मिनिस्टीरियल कलक्ट्रेट कर्मचारी संघ के सहायक अध्यक्ष व प्रधान सहायक पवन कुमार वर्मा ने चार दिन पहले स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ले लिया। तहसील सभागार में उनका विदाई समारोह आयोजित किया गया। पवन वर्मा विधायक ओममणि वर्मा के पति हैं। 2022 में पत्नी के विधायक बनने के बाद नौकरी से अवकाश ले लिया था।
विज्ञापन
पूर्व में पवन वर्मा पर बालू परिवहन और विधायक निधि से जुड़े कार्यों में कमीशनबाजी के आरोप लगते रहे हैं। भाजपा के पूर्व मंडल उपाध्यक्ष हरिहर मिश्रा ने हाल ही में मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर विधायक की चल-अचल संपत्ति और पति की भूमिका की जांच की मांग की थी। सोशल मीडिया पर पवन वर्मा के आगामी विधानसभा चुनाव में सक्रिय देखने की अटकलें हैं।
विज्ञापन
भाजपाइयों का मानना है कि यह कदम आरोपों से बचने और राजनीति में उतरने की रणनीति हो सकती है। उधर, विधायक ओममणी वर्मा ने बताया कि नौकरी में रहते हुए पति पर तरह-तरह के आरोप लगा रहे हैं, जिससे भावनाएं आहत हो रही हैं। इसी वजह से उन्होंने यह कदम उठाया है। अभी राजनीतिक में कदम बढ़ाने को लेकर वह कुछ नहीं कह सकती हैं।
बता दें कि पिछले वर्ष तत्कालीन एसडीएम सत्यप्रकाश ने मौरंग लदे दो ओवरलोड वाहन पकड़े थे। पवन वर्मा समर्थकों के साथ तीन गाड़ियों में पहुंचे और वाहनों को छुड़वाने का प्रयास किया। पवन वर्मा पर एसडीएम से अभद्रता व मारपीट के आरोप भी लगे थे।