{"_id":"5e18c2098ebc3e87bc06a91c","slug":"faith-did-not-deteriorate-due-to-cold-thousands-of-devotees-took-a-dip-on-first-day-of-magh-mela-chitrakutt-news-knp537617865","type":"story","status":"publish","title_hn":"ठंड से नहीं डिगी आस्था, माघ मेले के पहले दिन हजारों श्रद्धालुओं ने लगाई डुबकी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ठंड से नहीं डिगी आस्था, माघ मेले के पहले दिन हजारों श्रद्धालुओं ने लगाई डुबकी
विज्ञापन
पौष पूर्णिमा माघ मेले की शुरुआत के पहले दिन धर्मनगरी के मंदाकिनी में डुबकी लगाने को जुटे श्रद्घा?
- फोटो : CHITRAKUTT
चित्रकूट में माघ मेले के पहले दिन मौसम खराब होने के बावजूद श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। प्रयागराज जाने वाले ज्यादातर श्रद्धालु धर्मनगरी पहुंच रहे हैं। पहले स्नान पर्व पौष पूर्णिमा पर शुक्रवार को हजारों श्रद्धालुओं ने मंदाकिनी नदी में आस्था की डुबकी लगाई।
प्रयागराज में लगने वाले माघ मेला की शुरूआत 10 जनवरी से शुरू हो गया। पुण्य प्राप्त करने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु चित्रकूट तीर्थ स्थल पहुंच रहे हैं। पहले दिन माघ माह की पूर्णिमा पर रामघाट में मंदाकिनी नदी में स्नान किया। माघ मेला की व्यवस्था क े जिलाधिकारी शेषमणि पांडेय ने नगर पालिका के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं।
सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुख्ता इंतजाम किए गए। ट्रेनों में विशेष चेकिंग अभियान चलाया जाता है। नगर पालिक परिषद ने रामघाट से लेकर परिक्रमा मार्ग पर स्वच्छता अभियान के तहत सफाई कर्मियों को दिन रात काम पर लगा रखा है। प्लास्टिक का प्रयोग न करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
विज्ञापन
कथावाचक संत नवलेश दीक्षित व महंत दिव्यजीवन दास ने बताया कि स्नान के लिए 12 महीने में वैशाख, कार्तिक व माघ विशेष माने गए है। इस अवधि में तीर्थ स्थानों में नजदीकी पवित्र नदी गंगा, प्रयाग, संगम, अथवा समुद्र में अरुणोदय काल में स्नान करना चाहिए। माघ माह में स्नान कर तिल, ऊनी वस्तु, कपडे़, दान करना चाहिए। इससे पाप नष्ट हो जाते हैं।
विज्ञापन
प्रयागराज में लगने वाले माघ मेला की शुरूआत 10 जनवरी से शुरू हो गया। पुण्य प्राप्त करने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु चित्रकूट तीर्थ स्थल पहुंच रहे हैं। पहले दिन माघ माह की पूर्णिमा पर रामघाट में मंदाकिनी नदी में स्नान किया। माघ मेला की व्यवस्था क े जिलाधिकारी शेषमणि पांडेय ने नगर पालिका के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन
सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुख्ता इंतजाम किए गए। ट्रेनों में विशेष चेकिंग अभियान चलाया जाता है। नगर पालिक परिषद ने रामघाट से लेकर परिक्रमा मार्ग पर स्वच्छता अभियान के तहत सफाई कर्मियों को दिन रात काम पर लगा रखा है। प्लास्टिक का प्रयोग न करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
विज्ञापन
कथावाचक संत नवलेश दीक्षित व महंत दिव्यजीवन दास ने बताया कि स्नान के लिए 12 महीने में वैशाख, कार्तिक व माघ विशेष माने गए है। इस अवधि में तीर्थ स्थानों में नजदीकी पवित्र नदी गंगा, प्रयाग, संगम, अथवा समुद्र में अरुणोदय काल में स्नान करना चाहिए। माघ माह में स्नान कर तिल, ऊनी वस्तु, कपडे़, दान करना चाहिए। इससे पाप नष्ट हो जाते हैं।