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जीएसटी के विरोध में धर्मनगरी का व्यापार बंद
चित्रकूट
Updated Fri, 30 Jun 2017 11:22 PM IST
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जीएसटी
- फोटो : amar ujala
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अमर उजाला ब्यूरो
चित्रकूट। जीएसटी के विरोध में भारत बंद का धर्मनगरी में व्यापक असर रहा। सुबह से व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने बाइक जुलूस निकालकर बंद के समर्थन में दुकानें बंद कराई। शहर में दोपहर दो बजे के बाद तो ज्यादातर दुकानेें खुल गईं लेकिन इस बंदी से जिले में लगभग दो करोड़ का व्यापार प्रभावित हुआ है। व्यापारियों ने जीएसटी से व्यापार को खासा नुकसान बताकर प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा।
शुक्रवार को जीएसटी के विरोध में जिले की ज्यादातर दुकाने बंद रही। युवा व्यापारी बाइक में व्यापार मंडल के झंडे लेकर जुलूस की शक्ल में जगह-जगह घूमकर व्यापारियों के हौसले बढ़ाते रहे। दोपहर को नई बाजार स्थित धतुरहा चौराहे के पास धरने पर बैठ गए। जिसमें व्यापर मंडल के जिलाध्यक्ष पंकज अग्रवाल ने कहा कि जीएसटी के कई नियम ऐसे है जिससे व्यापारियों को परेशानियों का सामना करना पडे़गा। मंडल अध्यक्ष मुकुल अग्रवाल ने कहा कि कपड़ा व्यापारियों पर अभी तक कर नहीं लगता था अब कर लगाने की तैयारी चल रही है। राहुल गुप्ता ने कहा कि जबतक जीएसटी के नियमों में बदलाव नहीं किया जाएगा तब तक इसका विरोध जारी रहेगा।
धरने के बाद व्यापारी नारेबाजी करते ओवरब्रिज के नीचे से कचहरी मार्ग होकर एसडीएम कार्यालय पहुंचे। सभी ने जीएसटी के विरोध में बाजार बंदी को पूरी तरह सफल बताया। प्रधानमंत्री को संबोधित सात सूत्रीय ज्ञापन सदर एसडीएम को सौंपा। इस मौके पर विष्णु स्वरूप, ओम केसरवानी,अमित गुप्ता,गोलू गुप्ता, धर्मचंद्र, अंकित केशरवानी, नीरज गुप्ता, अमित, सुशील कक्का, ओमप्रकाश साहू, अजय गुप्ता, राज केशरवानी, नितेश केशरवानी, राजुल गुप्ता, राजू लखानी, गौरव, प्रशांत खरे व अंकित पहारिया आदि मौजूद रहे।
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--इनसेट
कानून से व्यापारियों को नुकसान
राजापुर, मानिकपुर, मऊ,भरतकूप,पहाड़ी, सरैंया, भौंरी, खोही व शिवरामपुर व रैपुरा प्रतिनिधियाें के अनुसार जीएसटी के विरोध में कस्बे की बाजार पूरी तरह बंद रहीं। दोपहर दो बजे के बाद आधी दुकानें खुल गईं लेकिन सभी व्यापारियों का मानना है कि इस कानून में अधिकाधिक संशोधन होना चाहिए। यह टैक्स कानून व्यापारियों के लिए नुकसानदायक व परेशानी खड़ा करने वाला है।
--इनसेट
कांग्रेसियों ने व्यापार मंडल का किया समर्थन
चित्रकूट(ब्यूरो) । जीएसटी के विरोध में जब व्यापार मंडल दुकानें बंद कराकर धरना प्रदर्शन कर रहा था तभी जिला कांग्रेस कमेेटी के पदाधिकारीगण पहुंचे। कांग्रेसियों ने व्यापारियों को आश्वासन दिया कि वह उनके साथ हैं। भारत बंद के समर्थन का पत्र भी सौंपा। कांग्रेसी व्यापारियों के साथ आधे घंटे तक धरने पर भी बैठे। इस मौके पर जिलाध्यक्ष पंकज मिश्रा, अशोक केशरवानी, त्रियुगीनारायण शुक्ला, वेदप्रकाश,राकेश शुक्ला, कन्हैया लाल वर्मा, अवधेश करवरिया, राकेश वर्मा आदि मौजूद रहे।
---इनसेट
भाजपाई रहे दूर
चित्रकूट(ब्यूरो)। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल को आमतौर पर भाजपा समर्थन का संगठन माना जाता है लेकिन जीएसटी में व्यापारियों को नुकसान बताकर इस संगठन ने बंदी का आयोजन किया। पूरे धरना प्रदर्शन के दौरान कई भाजपा नेताओं ने मजबूरी में कार्यक्रम से दूरी बनाए रखी। व्यापार मंडल के मंडल अध्यक्ष मुकुल अग्रवाल ने दावा किया है कि बंदी पूर तरह सफल रही। इस बंदी में चाय पान व आवश्यक वस्तुओं की दुकानों को छूट दी गई थी। जिससे आम जनजीवन में प्रभाव न पड़े।
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चित्रकूट। जीएसटी के विरोध में भारत बंद का धर्मनगरी में व्यापक असर रहा। सुबह से व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने बाइक जुलूस निकालकर बंद के समर्थन में दुकानें बंद कराई। शहर में दोपहर दो बजे के बाद तो ज्यादातर दुकानेें खुल गईं लेकिन इस बंदी से जिले में लगभग दो करोड़ का व्यापार प्रभावित हुआ है। व्यापारियों ने जीएसटी से व्यापार को खासा नुकसान बताकर प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा।
शुक्रवार को जीएसटी के विरोध में जिले की ज्यादातर दुकाने बंद रही। युवा व्यापारी बाइक में व्यापार मंडल के झंडे लेकर जुलूस की शक्ल में जगह-जगह घूमकर व्यापारियों के हौसले बढ़ाते रहे। दोपहर को नई बाजार स्थित धतुरहा चौराहे के पास धरने पर बैठ गए। जिसमें व्यापर मंडल के जिलाध्यक्ष पंकज अग्रवाल ने कहा कि जीएसटी के कई नियम ऐसे है जिससे व्यापारियों को परेशानियों का सामना करना पडे़गा। मंडल अध्यक्ष मुकुल अग्रवाल ने कहा कि कपड़ा व्यापारियों पर अभी तक कर नहीं लगता था अब कर लगाने की तैयारी चल रही है। राहुल गुप्ता ने कहा कि जबतक जीएसटी के नियमों में बदलाव नहीं किया जाएगा तब तक इसका विरोध जारी रहेगा।
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धरने के बाद व्यापारी नारेबाजी करते ओवरब्रिज के नीचे से कचहरी मार्ग होकर एसडीएम कार्यालय पहुंचे। सभी ने जीएसटी के विरोध में बाजार बंदी को पूरी तरह सफल बताया। प्रधानमंत्री को संबोधित सात सूत्रीय ज्ञापन सदर एसडीएम को सौंपा। इस मौके पर विष्णु स्वरूप, ओम केसरवानी,अमित गुप्ता,गोलू गुप्ता, धर्मचंद्र, अंकित केशरवानी, नीरज गुप्ता, अमित, सुशील कक्का, ओमप्रकाश साहू, अजय गुप्ता, राज केशरवानी, नितेश केशरवानी, राजुल गुप्ता, राजू लखानी, गौरव, प्रशांत खरे व अंकित पहारिया आदि मौजूद रहे।
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कानून से व्यापारियों को नुकसान
राजापुर, मानिकपुर, मऊ,भरतकूप,पहाड़ी, सरैंया, भौंरी, खोही व शिवरामपुर व रैपुरा प्रतिनिधियाें के अनुसार जीएसटी के विरोध में कस्बे की बाजार पूरी तरह बंद रहीं। दोपहर दो बजे के बाद आधी दुकानें खुल गईं लेकिन सभी व्यापारियों का मानना है कि इस कानून में अधिकाधिक संशोधन होना चाहिए। यह टैक्स कानून व्यापारियों के लिए नुकसानदायक व परेशानी खड़ा करने वाला है।
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कांग्रेसियों ने व्यापार मंडल का किया समर्थन
चित्रकूट(ब्यूरो) । जीएसटी के विरोध में जब व्यापार मंडल दुकानें बंद कराकर धरना प्रदर्शन कर रहा था तभी जिला कांग्रेस कमेेटी के पदाधिकारीगण पहुंचे। कांग्रेसियों ने व्यापारियों को आश्वासन दिया कि वह उनके साथ हैं। भारत बंद के समर्थन का पत्र भी सौंपा। कांग्रेसी व्यापारियों के साथ आधे घंटे तक धरने पर भी बैठे। इस मौके पर जिलाध्यक्ष पंकज मिश्रा, अशोक केशरवानी, त्रियुगीनारायण शुक्ला, वेदप्रकाश,राकेश शुक्ला, कन्हैया लाल वर्मा, अवधेश करवरिया, राकेश वर्मा आदि मौजूद रहे।
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भाजपाई रहे दूर
चित्रकूट(ब्यूरो)। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल को आमतौर पर भाजपा समर्थन का संगठन माना जाता है लेकिन जीएसटी में व्यापारियों को नुकसान बताकर इस संगठन ने बंदी का आयोजन किया। पूरे धरना प्रदर्शन के दौरान कई भाजपा नेताओं ने मजबूरी में कार्यक्रम से दूरी बनाए रखी। व्यापार मंडल के मंडल अध्यक्ष मुकुल अग्रवाल ने दावा किया है कि बंदी पूर तरह सफल रही। इस बंदी में चाय पान व आवश्यक वस्तुओं की दुकानों को छूट दी गई थी। जिससे आम जनजीवन में प्रभाव न पड़े।