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एसटीएफ-पीएसी कोबरा ने की कई जगह मारे छापे
अमर उजाला ब्यूरो, चित्रकूट
Updated Sun, 27 Aug 2017 10:51 PM IST
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कांबिंग की रणनीति बनाते अपर पुलिस अधीक्षक बलवंत चौधरी
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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मुठभेड़ के चार दिन बाद भी घायल डकैतों का पता न चलने पर रविवार को एसटीएफ और कोबरा पीएसी की टीम ने भी जंगल में मोर्चा संभाल लिया। टीम ने जंगल के अलावा कई अन्य संभावित स्थानों पर भी छापेमारी की, लेकिन कुछ भी हाथ नहीं लगा है। निही, नागर, चमरौंहा, सकरौंहा, बराह, रामपुर कल्याणगढ़ और डोडामाफी गांव के पुरवा पर निगाह रखी जा रही है। आशंका जताई जा रही कि डकैत छिपकर किसी पुरवा तक पहुंच गए हैं।
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गुरुवार को तड़के मानिकपुर थाना क्षेत्र के औदर जंगल में पुलिस की डाकू बबुली कोल गैंग से मुठभेड़ में कई घंटे तक दोनों ओर से गोलियां चली थीं। मुखबिरों के साथ मुठभेड़ करने पहुंची टीम का दावा है कि गैंग सरगना बबुली कोल के खास लवलेश समेत कई डाकुओं को गोली लगी है। लवलेश की तो मौत का भी दावा किया गया था। मुठभेड़ के चार दिन बीत गए हैं, लेकिन मुठभेड़ स्थल से लेकर पाठा क्षेत्र के अन्य जंगलों और पहाड़ के नीचे सिर्फ खाकी वर्दी वाले ही नजर आ रहे हैं।
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रविवार को एसटीएफ ने अपने अंदाज में कई पुरवा में लोगों से बातचीत कर जानकारी करने का प्रयास किया। मुखबिरों के जरिये पुरवा में तलाशी भी कराई। कोबरा पीएसी टीम के जवानों ने जंगल के सटे घरों के पास से लोकेशन लेने का प्रयास किया। इसके बाद घनघोर जंगल में घुसकर डकैतों की तलाश की, सफलता हाथ नहीं लगी।
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डीआईजी-एसपी जंगल में रहे मौजूद
मानिकपुर (ब्यूरो)। डीआईजी ज्ञानेश्वर तिवारी, एसपी प्रताप गोपेंद्र सिंह, अपर एसपी बलवंत चौधरी के अलावा हमीरपुर, महोबा के एसपी की टीमें नागर, निही, चमरौंहा, सकरौंहा व ददरी के जंगल पहुंचकर कांबिंग की। इसके बाद भी कुछ हासिल नहीं हुआ है। डीआईजी ज्ञानेश्वर तिवारी ने बताया कि पूरा प्रयास किया जा रहा है। बारिश और जंगल घना होने के कारण कुछ अड़चन जरूर है, लेकिन पुलिस का इतना ज्यादा दबाव बन गया है कि बचे डाकू जंगल से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं।
संदिग्धों को ढूंढती रहीं नजरें
चित्रकूट। गांव से सटे जंगलों में मौजूद पुलिस टीमें आने-जाने वालों पर भी निगाह रख रही हैं। संदिग्धों की पहचान की जा रही है। कुछ गांव के पुरवा के घरों में घुसकर पुलिस ने डाकुओं की तलाश की। दूरबीन से भी पहाड़ पर नजर रखी गई। संभावित डकैतों के पुरवा में होने पर कोबरा टीम ने पोजीशन ली है।
दोपहर बाद फैली अफवाह
मानिकपुर (ब्यूरो)। रविवार की दोपहर डकैतों की कुछ लोकेशन मिलने पर नागर से सकरौंहा के बीच जंगल के पास डीआईजी और पुलिस बल पहुंचा तो आसपास अफवाह फैली कि डाकू लवलेश की लाश मिल गई। साथ ही सरगना बबुली और दो अन्य साथियों को भी पुलिस ने मार गिराया है। यह बात पूरे जिले में आग की तरह फैल गई। इतना ही नहीं यू ट्यूब और सोशल मीडिया पर भी कट पेस्ट चलने लगा। हर तरफ फोन घनघनाने लगे, लेकिन जब पुलिस अधिकारियों से बात की गई तो बोले ऐसी कोई सूचना नहीं है। एसपी, अपर एसपी व कुछ थानाध्यक्षों ने कहा कि वे मौके पर ही मौजूद हैं लेकिन अभी कोई लाश नहीं मिली है।