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पूरे दिन रिकाड़ॱर की होती रही खोजबीन
Updated Mon, 14 Aug 2017 10:43 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
चित्रकूट। पुलिस रिकार्ड में 30 साल पहले मृत रमेश यादव की रविवार को मौत होने के बाद से विभागीय अधिकारी रिकार्ड खोजने में जुटे हैं। फिलहाल अभी तक संबंधित साल का रिकार्ड नहीं मिल पाया है।
गौरतलब है कि मध्यप्रदेश के मझगवां से लेकर मानिकपुर क्षेत्र में चलती ट्रेन और अन्य स्थानों पर लूटपाट करने के आरोपी रमेश यादव पुत्र मथुरा की रविवार को बीमारी के चलते मानिकपुर में मौत हो गई थी। स्थानीय लोगों ने बताया कि इसी रमेश को पुलिस 1987 में मृत मान चुकी है। वह नाम बदलकर मध्यप्रदेश के सतना में रहता था।
इस मामले में थानाध्यक्ष साजिद खान ने बताया कि सोमवार को रिकार्ड की खोजबीन की गई, लेकिन अभी इस मामले में ज्यादा कुछ कह पाना मुश्किल है। रविवार को मानिकपुर में रमेश यादव की मौत तो हुई है, लेकिन उसके पिछले रिकार्ड और मौत की पुष्टि तो कागजात मिलने पर ही सही तरीके से हो सकेगी।
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चित्रकूट। पुलिस रिकार्ड में 30 साल पहले मृत रमेश यादव की रविवार को मौत होने के बाद से विभागीय अधिकारी रिकार्ड खोजने में जुटे हैं। फिलहाल अभी तक संबंधित साल का रिकार्ड नहीं मिल पाया है।
गौरतलब है कि मध्यप्रदेश के मझगवां से लेकर मानिकपुर क्षेत्र में चलती ट्रेन और अन्य स्थानों पर लूटपाट करने के आरोपी रमेश यादव पुत्र मथुरा की रविवार को बीमारी के चलते मानिकपुर में मौत हो गई थी। स्थानीय लोगों ने बताया कि इसी रमेश को पुलिस 1987 में मृत मान चुकी है। वह नाम बदलकर मध्यप्रदेश के सतना में रहता था।
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इस मामले में थानाध्यक्ष साजिद खान ने बताया कि सोमवार को रिकार्ड की खोजबीन की गई, लेकिन अभी इस मामले में ज्यादा कुछ कह पाना मुश्किल है। रविवार को मानिकपुर में रमेश यादव की मौत तो हुई है, लेकिन उसके पिछले रिकार्ड और मौत की पुष्टि तो कागजात मिलने पर ही सही तरीके से हो सकेगी।
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