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चित्रकूट : कनेक्शन काटने पर गल्ला मंडी में बवाल

Tue, 25 Aug 2020 10:39 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 25 Aug 2020 10:39 PM IST
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Chitrakoot: Ruckus in Galla Mandi over disconnection
फोटो- 17- शहर के गल्ला मंडी परिसर में व्यापारियों व मंडी सचिव के बीच होती नोंकझोंक। - फोटो : CHITRAKUTT
चित्रकूट। शहर स्थित गल्ला मंडी परिसर में कई दुकानों के बिजली कनेक्शन काटने से नाराज आढ़तियों ने हंगामा कर दिया। शिकायत लेकर पहुंचे आढ़तियों की मंडी सचिव और मंडी कर्मियों के साथ नोकझोंक के बाद हाथापाई हो गई। हंगामे की सूचना पर एसडीएम सीओ व कोतवाल भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। मंडी सचिव ने 17 नामजद व कई अज्ञात खिलाफ मारपीट व सरकारी काम में बाधा पहुंचाने की तहरीर दी है। उधर, आढ़तियों ने मंडी सचिव व कर्मचारियों पर तानाशाही का आरोप लगा कड़ी कार्रवाई की मांग कर व्यापार बंद करने की चेतावनी दी है।
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गल्ला मंडी परिसर में मंगलवार की दोपहर मंडी विभाग के कर्मचारी गल्ला आढ़ती मेसर्स रामलखन केसरवानी की दुकान पर पहुंचे। आढ़ती के दुकान की विद्युत लाइन अवैध बता काट दी। जिस पर दुकान मालिक लक्ष्मी केसरवानी ने कनेक्शन के दस्तावेज व बिल दिखाकर कार्रवाई पर विरोध जताया। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी होने लगी। इस दौरान मंडी कर्मचारियों ने अन्य दुकानदारों के भी कनेक्शन अवैध बताकर काट दिए। इसी बात को लेकर व्यापारियों में आक्रोश फैलने लगा। कुछ देर बाद गल्ला व्यापार मंडल के अध्यक्ष राजीव अग्रवाल महामंत्री गुलाब गुप्ता, शिवमंगल सिंह, सत्यनारायण सिंह, बृजकिशोर शिवहरे, विनोद केशरवानी, आनंद गोयल आदि मंडी सचिव कार्यालय पहुंचे।
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व्यापारी नेताओं ने मंडी सचिव विपुल कुमार सिंह से शिकायत की कि पूरी मंडी समिति व कालोनी समेत कई सरकारी कार्यालयों में बिजली की चोरी हो रही है, उसे नहीं रोका जा रहा और जानबूझकर व्यापारियों को परेशान किया जा रहा है। मंडी सचिव ने अपने कर्मचारियों को बुलाकर मामले की जानकारी ली। आरोप है कि इस दौरान कर्मचारी रामचरन ने सचिव के सामने आढ़तियों से अपशब्दों का प्रयोग किया। यहीं से मामला बढ़ा और दोनों पक्षों के बीच नोंकझाेंक के बाद हाथापाई शुरू हो गई। कार्यालय परिसर में अफरा-तफरी का माहौल हो गया। इस दौरान कई व्यापारी नेता तो मौके से चले गए, लेकिन मंडी के कर्मचारियों ने गालीगलौज जारी रखी। सूचना पर सदर एसडीएम रामप्रकाश, सीओ रजनीश यादव व कोतवाल पंकज पांडेय मय फोर्स पहुंचे।
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सीसीटीवी फुटेज खंगाले
मारपीट, प्रदर्शन और आरोप-प्रत्यारोप की जांच के लिए एसडीएम व सीओ ने सीसीटीवी फुटेज का रिकार्ड खंगाला है। मंडी कार्यालय के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे का रिकार्ड मांगा गया है, जिसे देखने के बाद सारी स्थिति स्पष्ट होगी।
बैठक में बनी रणीति, आंदोलन की चेतावनी
गल्ला व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने देर शाम मंडी परिसर में बैठक कर मंडी सचिव पर तानाशाही के आरोप लगाए गए। कहा कि सचिव की मिलीभगत से मंडी में धड़ल्ले से बिजली चोरी हो रही है। व्यापारियों को प्रताड़ित किया जाता है। मंडी के कई कर्मचारी व्यापारियों से हर माह मोटी रकम वसूलते हैं। बैठक में तय हुआ कि व्यापारियों को अपशब्द कहकर मारपीट करने वाले कर्मचारियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी। चेतावनी दी कि यदि व्यापारियों पर एकतरफा कार्रवाई हुई तो वह लोग व्यापार बंद कर हड़ताल करेंगे। मंडी सचिव की करतूतों की पोल खोलेंगे।
31 लाख का बिजली के बिल से हुई शुरुआत
शहर के गल्लामंडी परिसर में विभागीय कर्मियों ने कई व्यापारियों के यहां कनेक्शन काटे, पर जैसे ही रामलखन केशरवानी का कनेक्शन काटा तो दुकान मालिक बिफर पड़े। यहीं से पूरे विवाद की शुरुआत हो गई। नौबत मंडी सचिव कार्यालय तक नारेबाजी व प्रदर्शन तक पहुंच गई। सदर एसडीएम रामप्रकाश का कहना है कि मंडी का बिल लगभग 31 लाख रुपये आया है। पहले ही अवैध रूप से बिजली कनेक्शन चलाने वालों को नोटिस जारी कर इसे हटाने को कहा था, लेकिन कोई नहीं माना। समयावधि पूरी होने पर कार्रवाई की गई थी। व्यापारियों ने मंडी सचिव समेत कर्मचारियों के साथ मारपीट की है। इस पर वैधानिक कार्रवाई कराई जा रही है। व्यापार मंडल के महामंत्री गुलाब गुप्ता ने कहा कि बिजली चोरी तो मंडी आवास से लेकर पूरी कालोनी व निर्माण स्थल पर मंडी सचिव व अन्य कर्मचारियों के इशारे पर कराई जाती है। कई जगह से अवैध वसूली भी होती है। जब बिल ज्यादा आता है तो व्यापारियों को परेशान किया जाता है।
जानबूझकर कपड़े फाड़ने के आरोप
सचिव के कपड़े फाड़ने व कर्मियों को पीटने के आरोप पर व्यापारियों ने कहा कि जब कर्मियों ने अपशब्दों का प्रयोग किया तो कर्मचारी अभद्रता पर उतर आए और मारपीट करने लगे। इसी बीच किसी के कपड़े फटे हों तो उन्हें नहीं पता। व्यापारियों ने जानबूझकर किसी के कपड़े नहीं फाडे़ हैं। उन पर झूठे आरोप लगाकर सचिव व अन्य कर्मचारी अपना झूठ छिपाना चाहते हैं।

लगभग 60 व्यापारी व अन्य लोग कार्यालय आए और गालीगलौज के बाद उनके साथ हाथापाई की। उनकी शर्ट फाड़ दी। मारपीट के दौरान शरीर में कई जगह खरोंचें आईं हैं। एक कर्मचारी को भी पीटा गया है। 17 नामजद व कई अज्ञात के खिलाफ मारपीट, सरकारी काम में बाधा पहुंचाने, जातिसूचक गालियां देने की कोतवाली में तहरीर दी है।
-विपुल सिंह, मंडी सचिव
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