पीडीडीयू नगर। निजीकरण के विरोध में विद्युत निगम के गोधना स्थित अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर चल रहा विद्युत संघर्ष समिति के सदस्यों का धरना व तीन घंटे कार्य बहिष्कार मंगलवार को भी जारी रहा। इस दौरान विद्युत संघर्ष समिति के सदस्यों ने दोपहर दो बजे से शाम पांच बजे तक कार्य से विरत रहकर धरना दिया और सभा की। वक्ताओं ने कहा कि आंदोलन के दौरान आवश्यक सेवाओं से संबंधित स्थानों पर बिजली आपूर्ति में कोई व्यवधान नहीं होगा।
समिति के पदाधिकारियों ने कहा कि निजीकरण के विरोध में चल रहे शांतिपूर्ण आंदोलन के दौरान अस्पताल, रेलवे, पेयजल आपूर्ति आदि आवश्यक सेवाओं की बिजली आपूर्ति में कोई व्यवधान नहीं होने दिया जाएगा। पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री से हस्तक्षेप कर निजीकरण की प्रक्रिया को निरस्त कराने की मांग की। वक्ताओं ने कहा कि जिलाधिकारी द्वारा बिजली कर्मियों के संगठनों से संबंधित नेताओं की बुलाई गई बैठक में बता दिया गया है कि निजीकरण पर कोई भी बात करनी है तो संघर्ष समिति के केंद्रीय पदाधिकारियों से की जानी चाहिए। वक्ताओं ने कहा कि बिजली कर्मचारी शांतिपूर्वक ध्यानाकर्षण आंदोलन चला रहे हैं। वक्ताओं ने आगाह किया कि आंदोलन को हड़ताल बताकर बिजलीकर्मियों को डराने, धमकाने, उत्पीड़न करने, ट्रांसफर करने, संविदा कर्मियों की छंटनी करने आदि जैसे कदम से अनावश्यक रूप से अशांति का वातावरण बना रहा है।