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मानवाधिकार तक पहुंचा पैसे गायब होने का मामला
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पीडीडीयू नगर। पिछले दिनों नगर के बैंक ऑफ बड़ौदा में जमा चेक के गायब होने और बिहार में रुपये निकाले जाने का मामला अब मानवाधिकार आयोग तक पहुंच गया है। मानवाधिकार आयोग ने बैंक पर बैंक प्रबंधन से आठ सप्ताह में मामले पर उचित कार्रवाई करते हुए जवाब देने को कहा है।
पिछले दिनों नगर के मानसनगर निवासी महेन्द्र सिंह ने सात लाख रुपये का चेक बैंक ऑफ बड़ौदा की शाखा में क्लीयरेंस के लिए जमा किया था। जब एकाउंट में पैसे नहीं आए और बैंक जाकर पता किया तो पता चला कि चेक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया मोहनियां बिहार में क्लीयर हो चुका है। पीड़ित ने न्याय के लिए मानवाधिकार सीडब्लूए के चेयरमैन योगेन्द्र कुमार सिंह उर्फ योगी से शिकायत की। चेयरमैन ने पूरे मामले की शिकायत राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग में नई दिल्ली में भेजकर बैंक मैनेजर सहित अन्य बैंक कर्मियों के ऊपर कठोरतम कार्यवाई करने एवं पीड़ित का गबन किये गए सात लाख रुपए वापस कराने की मांग की। आयोग ने मामले पर गंभीरता पूर्वक लिया। 18 अक्तूबर को सुनवाई करते हुए मैनेजिंग डायरेक्टर और चीफ एक्सक्यूटिव ऑफिसर बैंक ऑफ बड़ौदा मुंबई महाराष्ट्र को निर्देश दिया कि पूरे मामले पर आठ सप्ताह में उचित कार्यवाई करते हुए कार्यवाई से आयोग को अवगत कराएं।
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पिछले दिनों नगर के मानसनगर निवासी महेन्द्र सिंह ने सात लाख रुपये का चेक बैंक ऑफ बड़ौदा की शाखा में क्लीयरेंस के लिए जमा किया था। जब एकाउंट में पैसे नहीं आए और बैंक जाकर पता किया तो पता चला कि चेक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया मोहनियां बिहार में क्लीयर हो चुका है। पीड़ित ने न्याय के लिए मानवाधिकार सीडब्लूए के चेयरमैन योगेन्द्र कुमार सिंह उर्फ योगी से शिकायत की। चेयरमैन ने पूरे मामले की शिकायत राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग में नई दिल्ली में भेजकर बैंक मैनेजर सहित अन्य बैंक कर्मियों के ऊपर कठोरतम कार्यवाई करने एवं पीड़ित का गबन किये गए सात लाख रुपए वापस कराने की मांग की। आयोग ने मामले पर गंभीरता पूर्वक लिया। 18 अक्तूबर को सुनवाई करते हुए मैनेजिंग डायरेक्टर और चीफ एक्सक्यूटिव ऑफिसर बैंक ऑफ बड़ौदा मुंबई महाराष्ट्र को निर्देश दिया कि पूरे मामले पर आठ सप्ताह में उचित कार्यवाई करते हुए कार्यवाई से आयोग को अवगत कराएं।
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