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Chandauli News: जिला अस्पताल की इमरजेंसी में बढ़े मरीज, पहले 30 और अब 70 से ज्यादा पहुंच रहे
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चंदौली। पं. कमलापति संयुक्त जिला चिकित्सालय की इमरजेंसी में मरीजों का दबाव बढ़ता जा रहा है। एक सप्ताह पहले जहां इमरजेंसी में 30 के करीब मरीज आते थे, वहीं अब प्रतिदिन 70 से 80 मरीज आ रहे हैं। इसमें ज्यादातर दुर्घटनाओं में घायल होने वाले मरीज शामिल है। वहीं रोज 15 से 20 मरीज भर्ती हो रहे हैं। हेड इंजरी और गंभीर मरीजों को रेफर किया जा रहा है।
बाबा कीनाराम स्वशासी मेडिकल कॉलेज से संबद्ध पं. कमलापति त्रिपाठी संयुक्त जिला चिकित्सालय की इमरजेंसी में इन दिनों प्रतिदिन 70 से 80 मरीज इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। इसमें दुर्घटनाओं में घायल लोगों के अलावा डायरिया, गैस्ट्रो, उल्टी-दस्त सहित अन्य गंभीर बीमारियों के मरीज शामिल हैं। इसमें से 15 से 20 मरीजों को अस्पताल में भर्ती कर लिया जाता है, जबकि दुर्घटना में घायल हेड इंजरी व अन्य गंभीर पांच से सात मरीजों को रेफर कर दिया जाता है, ताकि बेहतर इलाज हो सके। अस्पताल के इमरजेंसी में तैनात मेडिकल अफसर डॉ. अजय कुमार सिंह का कहना है कि जिला अस्पताल की इमरजेंसी में आने वाले ज्यादातर मरीजों का उपचार किया जाता है। जो गंभीर होते हैं, उन्हें अस्पताल में भर्ती कर दिया जाता है। सिर्फ गंभीर मरीजों को ही बेहतर इलाज के लिए रेफर किया जाता है। इसमें ज्यादातर मरीज हेड इंजरी के शामिल हैं।
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बाबा कीनाराम स्वशासी मेडिकल कॉलेज से संबद्ध पं. कमलापति त्रिपाठी संयुक्त जिला चिकित्सालय की इमरजेंसी में इन दिनों प्रतिदिन 70 से 80 मरीज इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। इसमें दुर्घटनाओं में घायल लोगों के अलावा डायरिया, गैस्ट्रो, उल्टी-दस्त सहित अन्य गंभीर बीमारियों के मरीज शामिल हैं। इसमें से 15 से 20 मरीजों को अस्पताल में भर्ती कर लिया जाता है, जबकि दुर्घटना में घायल हेड इंजरी व अन्य गंभीर पांच से सात मरीजों को रेफर कर दिया जाता है, ताकि बेहतर इलाज हो सके। अस्पताल के इमरजेंसी में तैनात मेडिकल अफसर डॉ. अजय कुमार सिंह का कहना है कि जिला अस्पताल की इमरजेंसी में आने वाले ज्यादातर मरीजों का उपचार किया जाता है। जो गंभीर होते हैं, उन्हें अस्पताल में भर्ती कर दिया जाता है। सिर्फ गंभीर मरीजों को ही बेहतर इलाज के लिए रेफर किया जाता है। इसमें ज्यादातर मरीज हेड इंजरी के शामिल हैं।
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