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हाथी पर होगा मां अंबे का आगमन,अच्छी खेती के आसार
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कंदवा। शारदीय नवरात्र 26 सितंबर से सिद्धयोग में आरंभ होगा। कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त सुबह 6:20 से 10:19 तक होगा। इस बार मां जगदंबा का आगमन और प्रस्थान दोनों ही हाथी पर होगा। ज्योतिषाचार्यों का मानना है कि इसका फल सुखद होगा।
मां जगदंबा के नौ स्वरूपों के पूजन का शारदीय नवरात्र पर्व 26 सितंबर से शुरू होने जा रहा है। सोमवार के दिन कलश स्थापना होने की वजह से मां दुर्गा शुभ होने का संदेश देंगी। विद्वानों का मानना है कि ऐसा संयोग कई वर्षों के बाद बना है। हाथी पर माता के आगमन और प्रस्थान से अच्छी बारिश, अच्छी खेती और किसानों की उन्नति निहित है।
ज्योतिषाचार्य पं. राधेश्याम चौबे ने बताया कि पुराण में माता की सवारी का विशेष महत्व है। जब नवरात्र की शुरुआत रविवार या सोमवार से होती है,तब माता का आगमन हाथी पर ही होता है। कोई कार्य करने के लिए हमें शक्ति की जरूरत होती है। शक्तियों को अर्जित करने के लिए शारदीय नवरात्र का विशेष महत्व है। संवाद
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मां जगदंबा के नौ स्वरूपों के पूजन का शारदीय नवरात्र पर्व 26 सितंबर से शुरू होने जा रहा है। सोमवार के दिन कलश स्थापना होने की वजह से मां दुर्गा शुभ होने का संदेश देंगी। विद्वानों का मानना है कि ऐसा संयोग कई वर्षों के बाद बना है। हाथी पर माता के आगमन और प्रस्थान से अच्छी बारिश, अच्छी खेती और किसानों की उन्नति निहित है।
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ज्योतिषाचार्य पं. राधेश्याम चौबे ने बताया कि पुराण में माता की सवारी का विशेष महत्व है। जब नवरात्र की शुरुआत रविवार या सोमवार से होती है,तब माता का आगमन हाथी पर ही होता है। कोई कार्य करने के लिए हमें शक्ति की जरूरत होती है। शक्तियों को अर्जित करने के लिए शारदीय नवरात्र का विशेष महत्व है। संवाद
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