फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Chandauli News ›   Ganga rises towards danger mark, water reaches Siwan of 45 villages

Chandauli News: खतरे के निशान ओर बढ़ी गंगा, 45 गांवों के सिवान तक पहुंचा पानी

Tue, 09 Sep 2025 12:57 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 09 Sep 2025 12:57 AM IST
विज्ञापन
Ganga rises towards danger mark, water reaches Siwan of 45 villages
जिले में गंगा फिर से रौद्र रूप में पहुंच गई हैं। तेजी से गंगा का जल स्तर बढ़ रहा है। सोमवार को गंगा का जल स्तर चेतावनी बिंदु को पार कर गया और खतरे के निशान की तरफ बढ़ रहा है। वहीं उफनाई गंगा तटवर्ती इलाके के 45 गांवों के सिवान तक पहुंच गई है। श्मशान घाट, चेजिंग रूम डूब गए हैं।
विज्ञापन

तीसरी बार खेतों तक पानी पहुंचा तो खड़ी फसल बर्बाद होने की किसानों को चिंता सताने लगी है। बाढ़ के कारण टांडाकला मे घटवारी माता मंदिर तक पानी पहुंच गया है। वहीं पश्चिम वाहिनी बलुआ गंगा तट पर श्मसान घाट, चेंजिंग रूप आदि डूब चुके हैं।
विज्ञापन

इस वर्ष 2 अगस्त को ही गंगा का जल स्तर चेतावनी बिंदु पार कर गई और इससे बाढ़ आ गई थी। 7 अगस्त से जलस्तर घटने पर लोगों ने राहत की सांस ली, लेकिन 26 अगस्त से एक बार फिर जलस्तर बढ़ने लगा और 29 अगस्त को चेतावनी बिंदु को पार करते हुए खतरे के निशान तक पहुंच गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

30 अगस्त से गंगा का जलस्तर कम होने लगा था, पर 5 सितंबर से फिर से पानी बढ़ने लगा। शनिवार रात 8 बजे तक जल स्तर 69.21 मीटर था, जो रविवार दोपहर तक 69.75 मीटर और शाम चार बजे तक 69.81 मीटर पर पहुंच गया।
सोमवार की दोपहर दो बजे तक गंगा का जल स्तर 70.40 मीटर पर पहुंच गया। वहीं शाम पांच बजे तक 70.46 मीटर तक पहुंच गया। यह चेतावनी बिंदू से 20 सेमी उपर है। विशेषज्ञों का कहना है कि गंगा 3 सेमी प्रतिघंटे की रफ्तार से बढ़ रही है। ऐसे में मंगलवार को गंगा खतरे के निशान को पार कर जाएगी।

इनसेट-
45 गांवों के खेतों पर मंडरा रहा फसल नष्ट होने का खतरा
चहनिया/ टांडाकला। गंगा के बढ़ते जल स्तर के कारण तटवर्ती 45 गांवों के खेतों की फसल के बर्बाद होने का खतरा मडरा रहा है। 3 अगस्त को आई बाढ़ के कारण महुअर कला, हरधन जुड़ा, गंगापुर, पुरा विजयी , पुरागणेन, चकरा, हरधन जुड़ा, सोनबरसा, टांडाकला, महमदपुर ,सरौली, तीरगावां, हसनपुर, बड़गांवा, नादी निधौरा, सहेपुर, मुकुंदपुर आदि गांवों के खेतों में बाेई गई सब्जियां, ज्वार,बाजरा, अरहर, मूग एवं धान की रोपी गई फसलें और पशुओं का हरा चारा पानी में डूब जाने से किसानों व पशु पालकों को पशुओं के भोजन व चारे के लिए मुश्किलों का सामना करना पड़ा था। अब धान की फसल तैयार होने लगी है। ऐसे में अब खेत में पानी पहुंची और फसल डूबी तो फसल पूरी तरह बर्बाद हो जाएगी। संवाद

---------------
एक नजर



--------------

-चेतावनी बिंदु---70.26 मीटर

--खतरे का निशान--71.26 मीटर
-अधिकतम बाढ़ बिंदु--73.90
-सोमवार को जलस्तर--70.46 मीटर

------------



कोट--
चंदौली प्रशासन पूरी तरह से सतर्क है। अगर कहीं भी बाढ़ आदि की स्थिति बनती है तो लोगों को डरने की जरूरत नहीं। प्रशासन उनके साथ है। कहीं कोई दिक्कत नहीं होने दी जाएगी। लोगों को सभी प्रकार की मदद दी जाएगी।-चंद्रमोहन गर्ग, डीएम, चंदौली
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed