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किसानों ने जिलाधिकारी को घेरा
ब्यूरो/अमर उजाला, चंदौली
Updated Sun, 27 Dec 2015 01:41 AM IST
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क्षेत्रीय किसानों ने फ्रेट कॉरिडोर परियोजना के विरोध में शनिवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर जिलाधिकारी सुरेंद्र विक्रम का घेराव किया। इस दौरान किसानों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रेल मंत्री सुरेश प्रभु सहित रेल विभाग के उच्चाधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
अंत में राष्ट्रपति को सम्बोधित ज्ञापन भी डीएम को सौंपा। चेताया कि यदि सप्ताहभर में समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो वह सामूहिक आत्मदाह कर रेल परिचालन को रोकेंगे।
किसानों ने कहा कि केंद्र सरकार का भूमि अधिग्रहण बिल दोयम दर्जे का है। इसमें किसानों व आम नागरिकों के हितों का ख्याल नहीं रखा गया है।
बार-बार फरियाद और मांग के बाद भी भूमि अधिग्रहण से प्रभावित किसानों की बात नहीं सुनी जा रही है। जिला प्रशासन और रेल विभाग के अधिकारी पूरी तरह से उदासीन हो चुके हैं।
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कहा कि भूमि अधिग्ररहण से सम्बन्धित तमाम कानून बनाए गए हैं, लेकिन अधिकारी उसका पालन करने से कतरा रहे हैं। भूमि अधिग्रहण के सम्बन्ध में जो कानून है उसे तत्काल अमल में लाया जाए,
ताकि फ्रेट कॉरिडोर परियोजना से प्रभावित होने वाले किसानों व ग्रामीणों को उचित मुआवजे के साथ ही अन्य सुविधाएं उपलब्ध हो सके।
पूर्वांचल राज्य के संयोजक शमीम मिल्की व किसान संघर्ष समिति के संयोजक महेंद्र प्रसाद ने कहा कि तत्काल केंद्र सरकार परियोजना से प्रभावित काश्तकारों को 2013 के भूमि अधिग्रहण अधिनियम का लाभ दिलाए।
इस अवसर पर कृष्णा यादव, रामसेवक राम, लल्लन सिंह, लक्ष्मण, दामोदर प्रसाद, शांति देवी, मालती देवी, श्रीराम, हरवंश यादव, सलीम अंसारी, सरवर आलम आदि उपस्थित रहे।
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अंत में राष्ट्रपति को सम्बोधित ज्ञापन भी डीएम को सौंपा। चेताया कि यदि सप्ताहभर में समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो वह सामूहिक आत्मदाह कर रेल परिचालन को रोकेंगे।
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किसानों ने कहा कि केंद्र सरकार का भूमि अधिग्रहण बिल दोयम दर्जे का है। इसमें किसानों व आम नागरिकों के हितों का ख्याल नहीं रखा गया है।
बार-बार फरियाद और मांग के बाद भी भूमि अधिग्रहण से प्रभावित किसानों की बात नहीं सुनी जा रही है। जिला प्रशासन और रेल विभाग के अधिकारी पूरी तरह से उदासीन हो चुके हैं।
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कहा कि भूमि अधिग्ररहण से सम्बन्धित तमाम कानून बनाए गए हैं, लेकिन अधिकारी उसका पालन करने से कतरा रहे हैं। भूमि अधिग्रहण के सम्बन्ध में जो कानून है उसे तत्काल अमल में लाया जाए,
ताकि फ्रेट कॉरिडोर परियोजना से प्रभावित होने वाले किसानों व ग्रामीणों को उचित मुआवजे के साथ ही अन्य सुविधाएं उपलब्ध हो सके।
पूर्वांचल राज्य के संयोजक शमीम मिल्की व किसान संघर्ष समिति के संयोजक महेंद्र प्रसाद ने कहा कि तत्काल केंद्र सरकार परियोजना से प्रभावित काश्तकारों को 2013 के भूमि अधिग्रहण अधिनियम का लाभ दिलाए।
इस अवसर पर कृष्णा यादव, रामसेवक राम, लल्लन सिंह, लक्ष्मण, दामोदर प्रसाद, शांति देवी, मालती देवी, श्रीराम, हरवंश यादव, सलीम अंसारी, सरवर आलम आदि उपस्थित रहे।