चंदौली। सहारनपुर में जहरीली शराब के सेवन से तीन दर्जन से अधिक लोगों की मौत के बाद जिले के अबकारी विभाग की आंखे खुल गई है। शनिवार को पूरे जनपद में अबकारी और पुलिस की संयुक्त टीमों ने ईंट-भट्ठों और कई गांवों में छापेमारी की। अधिकारियों ने ग्रामीणों को अवैध शराब बनाने और बेचने में मुकदमा दर्ज करने की चेतावनी दी। इसके अलावा शराब के दुकानों की भी जांच पड़ताल की गई। सेल्समैनों को चेतावनी दी गई कि मिलावटी शराब बेचने पर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी तथा लाइसेंस निरस्त किया जाएगा। सीओ सदर प्रदीप सिंह चंदेल और आबकारी निरीक्षक ज्ञान प्रताप सिंह ने शनिवार को झांसी, मुस्तफापुर में छापेमारी की। इसके बाद एसडीएम दीनदयाल नगर और सीओ प्रदीप सिंह चंदेल ने अलीनगर थाना क्षेत्र के हिलौनी,मवई कला, डोमपट्टी, सहजौर, डहिया के अलावा संदिग्ध गांव रेमा में विशेष अभियान चलाया। अभियान के दौरान संयुक्त टीमों को कही भी अवैध शराब नहीं मिली। हालांकि ईंट भट्ठों पर चेकिंग के दौरान अधिकारियों ने मजदूरों को सख्त चेतावनी दी। भट्ठे पर मौजूद मजदूरों और संचालकों से कड़ाई से पूछताछ की और चेताया कि अवैध शराब मिलने पर उनके खिलाफ कार्रवाई होगी। वहीं सदर कोतवाली पुलिस ने एसआई अवधेश सिंह और एसआई सुनील कुमार मिश्र के नेतृत्व में क्षेत्र के बसिला, नसीरपुर, डिग्घी, कोड़रिया में ईंट भट्ठों पर छापेमारी की। अधिकारियों ने चेताया कि यदि अवैध शराब पाई गई तो कार्रवाई होगी। पुलिस टीम में कांस्टेबल रामभवन सिंह, नैनशी और चौहारजा सिंह शामिल रहे। इसी तरह इलिया, धानापुर और सकलडीहा ब्लाकों में भी छापेमारी की गई। इलिया थाना अंतर्गत खरौझा गांव में छापेमारी कर 15 लीटर कच्ची शराब और शराब बनाने के उपकरणों के साथ एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया। वहीं सकलडीहा व नई बाजार के कई ईंट-भट्ठों पर एसडीएम रामसजीवन मौर्य व सीओ त्रिपुरारी पांडेय ने शनिवार को छापेमारी की। धीना, नई बाजार व बलुआ में जांच कर मजदूरों को मिलावटी शराब के सेवन से बचने के लिए जागरूक किया।