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चरित्र सत्यापन करने वाले दरोगा के कार्यो का होने लगा सत्यापन
Updated Fri, 06 Oct 2017 01:27 AM IST
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चंदौली। चरित्र सत्यापन के नाम पर पांच सौ रुपया मांगने वाले दरोगा के खिलाफ गुरुवार को पुलिस अधीक्षक संतोष सिंह ने जांच बैठा दी है। विभागीय कार्यवाही करते हुए उन्होंने सीओ से तीन दिन के अंदर आख्या मांगी है।
गुरुवार को जनता दर्शन में पुलिस अधीक्षक अपने कार्यालय में बैठे थे। इसी दौरान चकिया थाना क्षेत्र के बसौठी गांव निवासी वकीन शेख मंसूरी पुलिस के द्वारा कार्यालय से मिले चरित्र प्रमाण पत्र को लेकर पहुंचे। जिसपर उन्होंने आरोप लगाया चकिया थाने में तैनात दरोगा राजकुमार यादव ने चरित्र सत्यापन के नाम पर पांच सौ रुपये की मांग किया। जब यह धनराशि देने में असमर्थता जाहिर किया तो उन्होंने बिना फोटो प्रमाणित किये ही रिपोर्ट लगा दिया। जिसमें उन्होंने दर्शाया कि मारपीट की घटनाओं में काफी सक्रियता है। जबकि उसने पुलिस अधीक्षक से कहा कि मंसूरी के नाम से थाने में एनसीआर भी नहीं दर्ज है। इतना सुनने के बाद भड़के पुलिस अधीक्षक ने दरोगा के खिलाफ विभागीय कार्यवाही करते हुए प्रारंभिक जांच बैठा दी। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक संतोष सिंह ने कहा कि जांच करवाई जा रही है रिपोर्ट आने पर कार्रवाई की जाएगी।
गुरुवार को जनता दर्शन में पुलिस अधीक्षक अपने कार्यालय में बैठे थे। इसी दौरान चकिया थाना क्षेत्र के बसौठी गांव निवासी वकीन शेख मंसूरी पुलिस के द्वारा कार्यालय से मिले चरित्र प्रमाण पत्र को लेकर पहुंचे। जिसपर उन्होंने आरोप लगाया चकिया थाने में तैनात दरोगा राजकुमार यादव ने चरित्र सत्यापन के नाम पर पांच सौ रुपये की मांग किया। जब यह धनराशि देने में असमर्थता जाहिर किया तो उन्होंने बिना फोटो प्रमाणित किये ही रिपोर्ट लगा दिया। जिसमें उन्होंने दर्शाया कि मारपीट की घटनाओं में काफी सक्रियता है। जबकि उसने पुलिस अधीक्षक से कहा कि मंसूरी के नाम से थाने में एनसीआर भी नहीं दर्ज है। इतना सुनने के बाद भड़के पुलिस अधीक्षक ने दरोगा के खिलाफ विभागीय कार्यवाही करते हुए प्रारंभिक जांच बैठा दी। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक संतोष सिंह ने कहा कि जांच करवाई जा रही है रिपोर्ट आने पर कार्रवाई की जाएगी।
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