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पड़ाव में बन रहे दुर्गा पंडाल में दिखेगी राममंदिर की झलक
Updated Sat, 06 Oct 2018 12:54 AM IST
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पड़ाव। स्थानीय चौराहे पर शारदीय नवरात्र व दुर्गा पूजा महापर्व की तैयारी जोरों पर चल रही हैं। पूजा आयोजक पंडालों को भव्य व आकर्षक रूप देने के लिए पश्चिम बंगाल के कारीगर दिनरात मेहनत कर रहे हैं। मूर्ति बनाने का काम भी वहीं कराया जा रहा है। इस बार के बन रहे दुर्गा पूजा पंडाल में अयोध्या में प्रस्तावित राम मंदिर की झलक दिखेगी। कारीगर उसी डिजाइन में पंडाल को अंतिम रूप देने में जुटे हुए हैं। इस वर्ष शारदीय नवरात्र की शुरुआत 10 अक्तूबर से हो रही है। पड़ाव ट्रक एंड ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन की ओर से स्थानीय चौराहा स्थित पूजा पंडाल का निर्माण अयोध्या में प्रस्तावित राम मंदिर के माडल के अनुसार बनाया जा रहा है। पंडाल के निर्माण में लगभग 20 कारीगर दिनरात कार्य कर रहे हैं। पड़ाव पर दुर्गा पूजा की स्थापना वर्ष 1980 में वासुदेव तुलस्यान ने कराई थी। पूजा कमेटी के अध्यक्ष विमल यादव ने बताया, उस समय आयोजन में मात्र पांच से छह हजार रुपये की लागत आती थी। इन दिनों यह बढ़कर लगभग 10 से 12 लाख रुपये हो गई है। मेदनापुर, पश्चिम बंगाल निवासी समिति के सदस्य व मूर्तिकार कीनाराम पाल की देखरेख में मूर्ति का निर्माण लगभग तीस वर्षों से अनवरत चला आ रहा है। मां दुर्गा सहित अन्य प्रतिमाओं का निर्माण कैंपस में ही होता है। दुर्गा पूजा पर्व पर सप्तमी, अष्टमी व नवमी तीन दिनों तक पूजा की धूम रहती है। इस दौरान यहां मेले का माहौल रहता है। पंडाल को आकर्षण रुप के लिए लाइट व झालरों से सजावट किया जाता है। इस वर्ष 16 से 18 अक्तूबर, सप्तमी से नवमी तक मेला व दर्शन-पूजन का आयोजन किया जाएगा।
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