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अब पहले खुद पढ़ेंगे, फिर बच्चों को पढ़ाएंगे गुरुजी
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अब पहले खुद पढ़ेंगे, फिर बच्चों को पढ़ाएंगे गुरुजी
बुलंदशहर। परिषदीय स्कूलों के शिक्षकों को अब पहले खुद पढ़ना होगा, उसके बाद बच्चों को पढ़ाना होगा। राज्य परियोजना निदेशक ने शिक्षकों के लिए पाठ्य सामग्री भेजी है। इसमें आधारशिला, ध्यानाकर्षण, शिक्षण संग्रह, आधारशिला क्रियान्वयन संदर्शिका और शिक्षक डायरी आदि हैं। परिषदीय स्कूलों में शिक्षा के स्तर को बेहतर बनाने के लिए यह पहल की गई है।
विभागीय अधिकारियों ने बताया कि निरीक्षण के समय इन्हीं पाठ्य सामग्री से सवाल पूछे जाएंगे। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। आधारशिला, ध्यानाकर्षण, शिक्षण संग्रह, आधारशिला क्रियान्वयन संदर्शिका और शिक्षक डायरी सभी स्कूलों में उपलब्ध करवाई गई है। सभी अध्यापकों को निर्देशित किया जा चुका है कि प्राप्त शिक्षण सामग्री का विस्तृत अध्ययन करें। जनपद स्तरीय अधिकारियों, खंड शिक्षा अधिकारियों, जिला समन्वयक , एआरपी और शिक्षा संकुल के माध्यम से अध्यापकों से प्राप्त शिक्षण सामग्री के विषय में जानकारी मांगी जाएगी। बेसिक शिक्षा अधिकारी अखंड प्रताप सिंह ने बताया कि सभी शिक्षकों, शिक्षामित्रों और अनुदेशकों को शिक्षण सामग्री का अध्ययन करने का निर्देश दिया गया है। इससे बच्चों को पढ़ाने में मदद मिलेगी। निरीक्षण के दौरान खामी मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
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बुलंदशहर। परिषदीय स्कूलों के शिक्षकों को अब पहले खुद पढ़ना होगा, उसके बाद बच्चों को पढ़ाना होगा। राज्य परियोजना निदेशक ने शिक्षकों के लिए पाठ्य सामग्री भेजी है। इसमें आधारशिला, ध्यानाकर्षण, शिक्षण संग्रह, आधारशिला क्रियान्वयन संदर्शिका और शिक्षक डायरी आदि हैं। परिषदीय स्कूलों में शिक्षा के स्तर को बेहतर बनाने के लिए यह पहल की गई है।
विभागीय अधिकारियों ने बताया कि निरीक्षण के समय इन्हीं पाठ्य सामग्री से सवाल पूछे जाएंगे। संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। आधारशिला, ध्यानाकर्षण, शिक्षण संग्रह, आधारशिला क्रियान्वयन संदर्शिका और शिक्षक डायरी सभी स्कूलों में उपलब्ध करवाई गई है। सभी अध्यापकों को निर्देशित किया जा चुका है कि प्राप्त शिक्षण सामग्री का विस्तृत अध्ययन करें। जनपद स्तरीय अधिकारियों, खंड शिक्षा अधिकारियों, जिला समन्वयक , एआरपी और शिक्षा संकुल के माध्यम से अध्यापकों से प्राप्त शिक्षण सामग्री के विषय में जानकारी मांगी जाएगी। बेसिक शिक्षा अधिकारी अखंड प्रताप सिंह ने बताया कि सभी शिक्षकों, शिक्षामित्रों और अनुदेशकों को शिक्षण सामग्री का अध्ययन करने का निर्देश दिया गया है। इससे बच्चों को पढ़ाने में मदद मिलेगी। निरीक्षण के दौरान खामी मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
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