{"_id":"5ed7e06a8ebc3e9062521cf1","slug":"now-we-will-not-have-to-wait-for-the-report-the-district-got-a-broken-machine-badaun-news-bly408009223","type":"story","status":"publish","title_hn":"अब रिपोर्ट के लिए नहीं करना पड़ेगा इंतजार, जिले को मिली टूनेट मशीन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अब रिपोर्ट के लिए नहीं करना पड़ेगा इंतजार, जिले को मिली टूनेट मशीन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बदायूं। कोरोना संदिग्धों के सभी सैंपलों की जांच अब तक बरेली के आईवीआरआई में कराई जा रही थी। इसके चलते संदिग्धों को रिपोर्ट आने तक यानि दो से तीन दिनों तक क्वारंटीन रखना पड़ता था। इसके साथ ही जो लोग निगेटिव होते थे उनके जांच का खर्च और समय दोनों बर्बाद होते थे। इससे निपटने के लिए राज्य सरकार ने जिला अस्पताल को टूनेट मशीन उपलब्ध करा दी है। इससे आधे घंटे में तीन से चार सैंपल और एक दिन में 35 से 40 सैंपलों की जांच की जा सकेगी। इस दौरान निगेटिव पाए गए संदिग्ध लोगों को तुरंत उनके घरों को भेज दिया जाएगा जबकि पाजिटिव आने वाले संदिग्ध लोगों के सैंपल को फाइनल जांच के लिए बरेली भेजा जाएगा। इस बीच संदिग्ध व्यक्ति का ट्रीटमेंट तुरंत शुरू किया जा सकेगा जिससे उसकी जान बचाने में भी बदद मिलेगी। पहले इस मशीन को राजकीय मेडिकल कॉलेज आना था। इसके लिए शासन के प्रस्ताव पर कॉलेज प्रशासन ने रिपोर्ट भी भेेज दी थी। लेकिन उससे पहले जिला अस्पताल को मशीन प्राप्त हो गई।
-------------
यह होती है टूनेट मशीन
- टूनेट मशीन से कोरोना संक्रमित के सैंपल की रैपिड यानी तत्काल जांच होती है। इससे आधे घंटे में चार सैंपलों की जांच हो जाती है। एक दिन में लगभग 30 से 35 मरीजों की जांच हो सकती है। इस मशीन का मुख्य फायदा यह रहेगा कि जो लोग निगेटिव रहेंगे, उनका पता उसी दिन चल जाएगा। इससे अस्पताल में मरीजों को भर्ती करने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
-------------------
शासन की ओर से यह मशीन भेज दी गई है। इसकी मदद से कोविड-19 के सैंपल की जांच जनपद में ही हो सकेगी। अब बरेली सैंपल नहीं भेजने पड़ेंगे। अगर टूनेट मशीन से जांच के बाद किसी संदिग्ध की पॉजिटिव रिपोर्ट आती है, उसी हालत में पुष्टि के लिए उसका सैंपल बरेली भेजा जाएगा।
विज्ञापन
- गोविंद स्वर्णकार, जिला क्षयरोग अधिकारी, जिला अस्पताल
विज्ञापन
-------------
यह होती है टूनेट मशीन
- टूनेट मशीन से कोरोना संक्रमित के सैंपल की रैपिड यानी तत्काल जांच होती है। इससे आधे घंटे में चार सैंपलों की जांच हो जाती है। एक दिन में लगभग 30 से 35 मरीजों की जांच हो सकती है। इस मशीन का मुख्य फायदा यह रहेगा कि जो लोग निगेटिव रहेंगे, उनका पता उसी दिन चल जाएगा। इससे अस्पताल में मरीजों को भर्ती करने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
विज्ञापन
-------------------
शासन की ओर से यह मशीन भेज दी गई है। इसकी मदद से कोविड-19 के सैंपल की जांच जनपद में ही हो सकेगी। अब बरेली सैंपल नहीं भेजने पड़ेंगे। अगर टूनेट मशीन से जांच के बाद किसी संदिग्ध की पॉजिटिव रिपोर्ट आती है, उसी हालत में पुष्टि के लिए उसका सैंपल बरेली भेजा जाएगा।
विज्ञापन
- गोविंद स्वर्णकार, जिला क्षयरोग अधिकारी, जिला अस्पताल