{"_id":"6738f87f4c8e8d08060dbf27","slug":"investigation-into-the-death-of-a-girl-child-in-the-medical-college-is-complete-badaun-news-c-123-1-sbly1018-129473-2024-11-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Budaun News: मेडिकल कॉलेज में बच्ची की मौत की जांच पूरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Budaun News: मेडिकल कॉलेज में बच्ची की मौत की जांच पूरी
विज्ञापन
राजकीय मेडिकल कॉलेज। संवाद
बदायूं। राजकीय मेडिकल कॉलेज में बच्ची की मौत के मामले की जांच पूरी हो चुकी है। जांच सीएमएस के नेतृत्व में चार डॉक्टरों की टीम ने की। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई होनी है। माना जा रहा है कि इमरजेंसी में तैनात डॉक्टरों की लापरवाही से बच्ची की जान गई थी, जिससे उन पर कार्रवाई हो सकती है। सोमवार को जांच रिपोर्ट शासन व डीएम को भेजी जाएगी।
राजकीय मेडिकल कॉलेज में 23 अक्तूबर को इलाज के अभाव में दस साल की बच्ची ने दम तोड़ दिया था। बच्ची के गले में इंफेक्शन था। डीएम के आदेश के बाद टीम ने ओपीडी के चार डॉक्टरों पर कार्रवाई की थी। इस कार्रवाई पर सवाल उठने लगे तो दोबारा जांच कराई गई। जांच के लिए दूसरी कमेटी बनाई गई। बताते हैं कि जांच पूरी हो गई है। माना जा रहा है कि अब जांच में इमरजेंसी में तैनात डॉक्टरों पर कार्रवाई हो सकती है। सीएमएस डॉ. अर्सिया मसूद का कहना है कि सोमवार को जांच रिपोर्ट डीएम को सौंप दी जाएगी।
यह था मामला
थाना मूसाझाग क्षेत्र के गांव थलिया नगला निवासी नाजिम की बेटी सूफिया (10) के गले में इंफेक्शन हो गया था। उसे सांस लेने में दिक्कत हो रही थी। उसका उपचार एक निजी अस्पताल में चल रहा था। हालत में सुधार न होने के चलते परिजन 23 अक्तूबर की सुबह नौ बजे राजकीय मेडिकल काॅलेज लेकर पहुंचे। इमरजेंसी में तैनात डॉक्टरों ने बच्ची को भर्ती नहीं किया। बच्ची ने इलाज के अभाव में दम तोड़ दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन
राजकीय मेडिकल कॉलेज में 23 अक्तूबर को इलाज के अभाव में दस साल की बच्ची ने दम तोड़ दिया था। बच्ची के गले में इंफेक्शन था। डीएम के आदेश के बाद टीम ने ओपीडी के चार डॉक्टरों पर कार्रवाई की थी। इस कार्रवाई पर सवाल उठने लगे तो दोबारा जांच कराई गई। जांच के लिए दूसरी कमेटी बनाई गई। बताते हैं कि जांच पूरी हो गई है। माना जा रहा है कि अब जांच में इमरजेंसी में तैनात डॉक्टरों पर कार्रवाई हो सकती है। सीएमएस डॉ. अर्सिया मसूद का कहना है कि सोमवार को जांच रिपोर्ट डीएम को सौंप दी जाएगी।
विज्ञापन
यह था मामला
थाना मूसाझाग क्षेत्र के गांव थलिया नगला निवासी नाजिम की बेटी सूफिया (10) के गले में इंफेक्शन हो गया था। उसे सांस लेने में दिक्कत हो रही थी। उसका उपचार एक निजी अस्पताल में चल रहा था। हालत में सुधार न होने के चलते परिजन 23 अक्तूबर की सुबह नौ बजे राजकीय मेडिकल काॅलेज लेकर पहुंचे। इमरजेंसी में तैनात डॉक्टरों ने बच्ची को भर्ती नहीं किया। बच्ची ने इलाज के अभाव में दम तोड़ दिया।
विज्ञापन