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Budaun News: उमस भरी गर्मी... नौनिहाल बिन पंखे के पढ़ने को मजबूर
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प्राथमिक विद्यालय परवीन नगला। संवाद
- दो दर्जन से अधिक स्कूलों में नहीं हैं बिजली कनेक्शन
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। दावे तो स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को बेहतर सुविधा देने का किए जाते हैं, लेकिन हकीकत में परिषदीय स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चे स्कूलों में इस गर्मी में कैसे पढ़ते हैं, उनसे बेहतर कोई नहीं जान सकता। आज भी जिले के कई स्कूलों में न तो पंखा है और न ही बिजली। ऐसे में बच्चे इस भीषण गर्मी में पढ़ने को मजबूर हैं।
जिले में परिषदीय स्कूलों की संख्या 2155 है। इसमें 297 कंपोजिट, 1502 प्राथमिक और 356 उच्च प्राथमिक हैं। अधिकांश स्कूलों में विद्युतीकरण कराया गया है। वहां पर मौसम के अनुसार लाइट, पानी, पंखे चलते हैं। ऐसे में उन स्कूलों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को कोई परेशानी नहीं हो रही है। इसके विपरीत जिले में करीब दो दर्जन स्कूल ऐसे हैं जहां पर अब तक बिजली कनेक्शन नहीं है।
प्राथमिक स्कूल रैपुरा कदम नगला, प्राथमिक स्कूल राजीव नगला, खिरिया बाकरपुर, नदेरी समेत इन स्कूलों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को गर्मी से परेशानी का सामना करना पड़ता है। अन्य सालों की अपेक्षा इस बार पारा अभी 42 डिग्री तक पहुंच गया है। इसकी वजह से डीएम के निर्देश पर कक्षा आठ तक के स्कूलों के समय में परिवर्तन भी बीएसए द्वारा किया गया था। आगे तो पारा और चढ़ने का अनुमान लगाया जा रहा है।
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40 मीटर से अधिक है खंभों से स्कूल की दूरी
जिले में जिन स्कूलों में अब तक बिजली कनेक्शन नहीं हो सके हैं, उनके बारे में विभाग ने पावर कॉरपोरेशन को पत्र लिखा था। जवाब में पावर कॉरपोरेशन ने बताया कि 40 मीटर से अधिक दूरी होने पर बिजली कनेक्शन को लेकर जो खर्च आएगा उसे संबंधित स्कूल को वहन करना होगा। इसको लेकर शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने शिक्षा निदेशालय को लिखा है। वहां से इस संबंध में राय मांगी गई है।
दोपहर 12.10 बजे
पिछले दिनों पड़ी गर्मी ने लोगों जीना मुहाल कर दिया था। यहां तक कूलर भी गर्म हवा फेंकने लगे थे। ऐसी भीषण गर्मी और तपिश में कादरचौक के परवीन नगला में पढ़ रहे बच्चों का हाल बेहाल रहता है। यहां हर कमरे में बिजली की फिटिंग और पंखे तो हैं पर बिजली कनेक्शन नहीं है। ऐसे में बच्चों को ऐसे ही बैठना पड़ रहा है। बुधवार को भी बच्चों का गर्मी से हाल बेहाल रहा।
दोपहर 12 बजे
उसावां ब्लॉक के गांव गुलाबी नगला में प्राथमिक स्कूल है। यहां पर स्कूल स्टाफ की ओर से विभाग को बिजली कनेक्शन के लिए पत्राचार किया गया है, जो अब तक नहीं हो सका है। इसकी वजह से बच्चे गर्मी में बैठने को मजबूर हैं। बुधवार को भी यही हाल दिखा। बच्चों ने बताया कि गर्मी में ही पसीने से तरबतर होकर उन्हें पढ़ाई करनी पड़ती है।
कुछ स्कूलों में बिजली कनेक्शन नहीं हो पाया है। उनके लिए भी संबंधित बीईओ निर्देशित किया है। जल्द से जल्द वहां पर बिजली कनेक्शन कराए। - स्वाति भारती, बीएसए
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संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। दावे तो स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को बेहतर सुविधा देने का किए जाते हैं, लेकिन हकीकत में परिषदीय स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चे स्कूलों में इस गर्मी में कैसे पढ़ते हैं, उनसे बेहतर कोई नहीं जान सकता। आज भी जिले के कई स्कूलों में न तो पंखा है और न ही बिजली। ऐसे में बच्चे इस भीषण गर्मी में पढ़ने को मजबूर हैं।
जिले में परिषदीय स्कूलों की संख्या 2155 है। इसमें 297 कंपोजिट, 1502 प्राथमिक और 356 उच्च प्राथमिक हैं। अधिकांश स्कूलों में विद्युतीकरण कराया गया है। वहां पर मौसम के अनुसार लाइट, पानी, पंखे चलते हैं। ऐसे में उन स्कूलों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को कोई परेशानी नहीं हो रही है। इसके विपरीत जिले में करीब दो दर्जन स्कूल ऐसे हैं जहां पर अब तक बिजली कनेक्शन नहीं है।
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प्राथमिक स्कूल रैपुरा कदम नगला, प्राथमिक स्कूल राजीव नगला, खिरिया बाकरपुर, नदेरी समेत इन स्कूलों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को गर्मी से परेशानी का सामना करना पड़ता है। अन्य सालों की अपेक्षा इस बार पारा अभी 42 डिग्री तक पहुंच गया है। इसकी वजह से डीएम के निर्देश पर कक्षा आठ तक के स्कूलों के समय में परिवर्तन भी बीएसए द्वारा किया गया था। आगे तो पारा और चढ़ने का अनुमान लगाया जा रहा है।
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40 मीटर से अधिक है खंभों से स्कूल की दूरी
जिले में जिन स्कूलों में अब तक बिजली कनेक्शन नहीं हो सके हैं, उनके बारे में विभाग ने पावर कॉरपोरेशन को पत्र लिखा था। जवाब में पावर कॉरपोरेशन ने बताया कि 40 मीटर से अधिक दूरी होने पर बिजली कनेक्शन को लेकर जो खर्च आएगा उसे संबंधित स्कूल को वहन करना होगा। इसको लेकर शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने शिक्षा निदेशालय को लिखा है। वहां से इस संबंध में राय मांगी गई है।
दोपहर 12.10 बजे
पिछले दिनों पड़ी गर्मी ने लोगों जीना मुहाल कर दिया था। यहां तक कूलर भी गर्म हवा फेंकने लगे थे। ऐसी भीषण गर्मी और तपिश में कादरचौक के परवीन नगला में पढ़ रहे बच्चों का हाल बेहाल रहता है। यहां हर कमरे में बिजली की फिटिंग और पंखे तो हैं पर बिजली कनेक्शन नहीं है। ऐसे में बच्चों को ऐसे ही बैठना पड़ रहा है। बुधवार को भी बच्चों का गर्मी से हाल बेहाल रहा।
दोपहर 12 बजे
उसावां ब्लॉक के गांव गुलाबी नगला में प्राथमिक स्कूल है। यहां पर स्कूल स्टाफ की ओर से विभाग को बिजली कनेक्शन के लिए पत्राचार किया गया है, जो अब तक नहीं हो सका है। इसकी वजह से बच्चे गर्मी में बैठने को मजबूर हैं। बुधवार को भी यही हाल दिखा। बच्चों ने बताया कि गर्मी में ही पसीने से तरबतर होकर उन्हें पढ़ाई करनी पड़ती है।
कुछ स्कूलों में बिजली कनेक्शन नहीं हो पाया है। उनके लिए भी संबंधित बीईओ निर्देशित किया है। जल्द से जल्द वहां पर बिजली कनेक्शन कराए। - स्वाति भारती, बीएसए

प्राथमिक विद्यालय परवीन नगला। संवाद