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कहीं शासन ने नहीं दिया पैसा तो कहीं विभागों ने दिखाई सुस्ती....कैसे होगा जनता का भला
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बदायूं। सरकारी योजनाएं जिले में दम तोड़ती नजर आ रही हैं। वैसे हमेशा इसकी मुख्य वजह विभागीय अधिकारी और कर्मचारियों की सुस्त कार्य प्रणाली रहती है, जो योजनाओं को संचालित करने में बाधक बनती रही है, लेकिन कभी-कभी शासन की सुस्ती भी इसमें आड़े आ जाती है। बहरहाल कारण कुछ भी हो, पात्रों को तो विभागों में चक्कर लगाकर परेशान होना ही है। कुछ ऐसा ही हाल प्रोबेशन विभाग द्वारा संचालित योजनाओं का भी है, जिनका लाभ पात्रों को नहीं मिल पा रहा है।
शासन द्वारा जनहित में विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही है। इसमें से कुछ योजनाओं का संचालन प्रोबेशन विभाग द्वारा किया जा रहा है, जिसमें रानी लक्ष्मीबाई योजना, विधवा पेंशन योजना और मुख्यमंत्री की महत्वाकांक्षी सुमंगला योजना भी शामिल हैं, लेकिन सुमंगला समेत अन्य योजनाओं का लाभ पात्र लोगों को नहीं मिल पा रहा है। हालात यह है कि सुमंगला योजना के लिए अब तक विभाग में 4214 लोगों ने योजना का लाभ पाने के लिए आवेदन किया है, जिसकी जांच विभाग द्वारा लगातार की जा रही है। विभाग द्वारा अब तक 765 आवेदनों को जांच के उपरांत पात्र पाया गया। विभाग ने स्वीकृति प्रदान करते हुए शासन से इन लाभार्थियों को योजना का लाभ दिलाने के लिए फाइल भी आगे बढ़ा दी, लेकिन जब से ये योजना संचालित हुई है, तब से अब तक जिले के किसी भी लाभार्थी को योजना का लाभ नहीं मिल सका है। जिससे लाभार्थी विभाग के चक्कर लगा रहे हैं।
कार्यालय में घूम रही फाइलें, नहीं मिल पा रहा लाभ
- रानी लक्ष्मीबाई महिला सम्मान कोष योजना के लिए इस साल कुल 124 लोगों ने जिला प्रोबेशन कार्यालय में आवेदन किया था। इसमें से 27 मामले सीएमओ दफ्तर में जांच के नाम पर पेंडिंग चल रहे हैं। बाकी बचे 97 में से 51 मामले जिला प्रोबेशन कार्यालय में जांच के नाम पर पेंडिंग चल रहे हैं। हालांकि विभाग का दावा है कि उसके द्वारा 46 लाभार्थियों की पत्रावली स्वीकृत कर शासन को भेज दी गई है। जल्द ही बाकी बचे हुए फार्म भी जांच के उपरांत सही मिलने पर शासन को भेज दिए जाएंगे, लेकिन जो मामले पेंडिंग हैं, वे लोग लगातार कार्यालय के चक्कर काटने को मजबूर हैं। ऐसा ही हाल विधवा पेंशन का भी है। इसके लिए इस साल कुल 6886 लोगों ने विभाग में आवेदन किया है। जिसमें से अब तक 3268 को ही योजना का लाभ दिया जा सका है, जबकि 3618 आवेदनों की अभी भी जांच पूरी नहीं हो सकी है, जिससे इस साल इन लोगों को योजना का लाभ नहीं मिल सकेगा।
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सुमंगला योजना समेत अन्य योजनाओं के विभाग को जो भी आवेदन पत्र प्राप्त हो रहे हैं। इसकी गहनता से जांच की जा रही है। उसके बाद में जो पात्र लोग मिल रहे हैं, उनके नाम लगातार शासन को भेजे जा रहे हैं। वहां से लाभार्थियों को योजना का लाभ दिया जा रहा है। उम्मीद है कि सुमंगला योजना के लाभार्थियों को जल्द योजना का लाभ मिल जाएगा।
-अनिल यादव, जिला प्रोबेशन अधिकारी/ पीडी डीआरडीए
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शासन द्वारा जनहित में विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही है। इसमें से कुछ योजनाओं का संचालन प्रोबेशन विभाग द्वारा किया जा रहा है, जिसमें रानी लक्ष्मीबाई योजना, विधवा पेंशन योजना और मुख्यमंत्री की महत्वाकांक्षी सुमंगला योजना भी शामिल हैं, लेकिन सुमंगला समेत अन्य योजनाओं का लाभ पात्र लोगों को नहीं मिल पा रहा है। हालात यह है कि सुमंगला योजना के लिए अब तक विभाग में 4214 लोगों ने योजना का लाभ पाने के लिए आवेदन किया है, जिसकी जांच विभाग द्वारा लगातार की जा रही है। विभाग द्वारा अब तक 765 आवेदनों को जांच के उपरांत पात्र पाया गया। विभाग ने स्वीकृति प्रदान करते हुए शासन से इन लाभार्थियों को योजना का लाभ दिलाने के लिए फाइल भी आगे बढ़ा दी, लेकिन जब से ये योजना संचालित हुई है, तब से अब तक जिले के किसी भी लाभार्थी को योजना का लाभ नहीं मिल सका है। जिससे लाभार्थी विभाग के चक्कर लगा रहे हैं।
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कार्यालय में घूम रही फाइलें, नहीं मिल पा रहा लाभ
- रानी लक्ष्मीबाई महिला सम्मान कोष योजना के लिए इस साल कुल 124 लोगों ने जिला प्रोबेशन कार्यालय में आवेदन किया था। इसमें से 27 मामले सीएमओ दफ्तर में जांच के नाम पर पेंडिंग चल रहे हैं। बाकी बचे 97 में से 51 मामले जिला प्रोबेशन कार्यालय में जांच के नाम पर पेंडिंग चल रहे हैं। हालांकि विभाग का दावा है कि उसके द्वारा 46 लाभार्थियों की पत्रावली स्वीकृत कर शासन को भेज दी गई है। जल्द ही बाकी बचे हुए फार्म भी जांच के उपरांत सही मिलने पर शासन को भेज दिए जाएंगे, लेकिन जो मामले पेंडिंग हैं, वे लोग लगातार कार्यालय के चक्कर काटने को मजबूर हैं। ऐसा ही हाल विधवा पेंशन का भी है। इसके लिए इस साल कुल 6886 लोगों ने विभाग में आवेदन किया है। जिसमें से अब तक 3268 को ही योजना का लाभ दिया जा सका है, जबकि 3618 आवेदनों की अभी भी जांच पूरी नहीं हो सकी है, जिससे इस साल इन लोगों को योजना का लाभ नहीं मिल सकेगा।
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सुमंगला योजना समेत अन्य योजनाओं के विभाग को जो भी आवेदन पत्र प्राप्त हो रहे हैं। इसकी गहनता से जांच की जा रही है। उसके बाद में जो पात्र लोग मिल रहे हैं, उनके नाम लगातार शासन को भेजे जा रहे हैं। वहां से लाभार्थियों को योजना का लाभ दिया जा रहा है। उम्मीद है कि सुमंगला योजना के लाभार्थियों को जल्द योजना का लाभ मिल जाएगा।
-अनिल यादव, जिला प्रोबेशन अधिकारी/ पीडी डीआरडीए