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तीन घरों में आग से अनाज समेत सामान राख
अमर उजाला ब्यूरो, बदायूं
Updated Fri, 20 Nov 2015 11:06 PM IST
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कादरचौक के गांव बोंदरी में बृहस्पतिवार शाम अग्निकांड
कादरचौक थाना क्षेत्र के गांव बोंदरी के तीन घरों में आग की शुरूआत खूबसिंह के मकान से हुई। आग कैसे लगी, यह तो घरवालों को ही नहीं पता लेकिन घरवालों की मानें तो किसी ने भूसा की वुर्जी की ओर सुलगती बीड़ी फेंक दी। वुर्जी से उठी लपटों ने खूबसिंह के मकान की आग ने पड़ोस के जयशंकर और सतीश के घरों को भी चपेट में ले लिया। ग्रामीण आग पर काबू पाते, उससे पहले ही सबकुछ राख में तब्दील हो गया।
झोपड़ियों में बंधे पशुओं का बाहर निकालने में भी ग्रामीणों को दिक्कत हुई। खूंटे से रस्सी काटकर पशुओं को खदेड़ दिया गया। ग्रामीणों ने आग की सूचना दमकल स्टेशन पर कॉल करके भी दी लेकिन दमकल के पहुंचने में करीब तीन घंटा लग गए। अग्निपीड़ितों में जयशंकर ने बताया कि दमकल वक्त पर पहुंच जाती तो ज्यादा नुकसान नहीं होता। जयशंकर, खूबसिंह और सतीश के घरों में अनाज का दाना भी नहीं बचा। तीनों घरों में एक लाख रुपये अधिक का नुकसान बताते हुए अग्निपीड़ितों ने राजस्व निरीक्षक के जरिए तहसीलदार को रिपोर्ट भिजवा दी है।
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कादरचौक थाना क्षेत्र के गांव बोंदरी के तीन घरों में आग की शुरूआत खूबसिंह के मकान से हुई। आग कैसे लगी, यह तो घरवालों को ही नहीं पता लेकिन घरवालों की मानें तो किसी ने भूसा की वुर्जी की ओर सुलगती बीड़ी फेंक दी। वुर्जी से उठी लपटों ने खूबसिंह के मकान की आग ने पड़ोस के जयशंकर और सतीश के घरों को भी चपेट में ले लिया। ग्रामीण आग पर काबू पाते, उससे पहले ही सबकुछ राख में तब्दील हो गया।
झोपड़ियों में बंधे पशुओं का बाहर निकालने में भी ग्रामीणों को दिक्कत हुई। खूंटे से रस्सी काटकर पशुओं को खदेड़ दिया गया। ग्रामीणों ने आग की सूचना दमकल स्टेशन पर कॉल करके भी दी लेकिन दमकल के पहुंचने में करीब तीन घंटा लग गए। अग्निपीड़ितों में जयशंकर ने बताया कि दमकल वक्त पर पहुंच जाती तो ज्यादा नुकसान नहीं होता। जयशंकर, खूबसिंह और सतीश के घरों में अनाज का दाना भी नहीं बचा। तीनों घरों में एक लाख रुपये अधिक का नुकसान बताते हुए अग्निपीड़ितों ने राजस्व निरीक्षक के जरिए तहसीलदार को रिपोर्ट भिजवा दी है।
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