फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Budaun News ›   Police not ready to accept kachchla gangrape case

महिला का बयान दरकिनार कर पुलिस ने गैंगरेप झुठलाया

Wed, 24 Jan 2018 08:47 PM IST
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,बदायूं
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,बदायूं Updated Wed, 24 Jan 2018 08:47 PM IST
विज्ञापन
Police not ready to accept kachchla gangrape case
demo pic
 कछला में नग्नावस्था में बेहोश मिली विवाहिता ने भले ही कोर्ट में सामूहिक दुराचार का बयान दिया हो पर उझानी कोतवाली पुलिस ने बुधवार को अपनी जांच रिपोर्ट में केस की तस्वीर बिल्कुल बदल दी। पुलिस की मानें तो विवाहिता के साथ न तो गैंगरेप हुआ और न वह गर्भवती थी। पुलिस के मुताबिक हकीकत यही है जो पकड़े गए पोशाकीलाल और उसके भाई गोवर्धन ने पूछताछ के दौरान बयां की। इसी आधार पर पुलिस ने जमीन की रंजिश में विवाहिता को बंधक बनाकर पिटाई करने का मामला बताते हुए दोनों का चालान कर दिया। उन्हें जमानत भी मिल गई। 
विज्ञापन

विवेचक जितेंद्र सिंह ने बुधवार को पुलिस की जो थ्योरी बताई वह विवाहिता के गैंगरेप और उसके साथ दरिंदगी के आरोप के ठीक उलट है। विवेचक के मुताबिक विवाहिता के साथ ऐसा कुछ भी नहीं हुआ था जिसे उसने बयां किया था। उसके बयान भी विरोधाभासी रहे। विवाहिता के पति और ससुर की कुनबे के ही लोगों से जमीन को लेकर रंजिश रही है। रंजिश में ही तीन लोगों ने उसे बंधक बनाकर पीटा। विवाहिता ने खुद को गर्भवती बताते हुए गैंगरेप का आरोप लगाया था जो जांच में झूठा पाया गया। मेडिकल रिपोर्ट में भी दोनों ही आरोपों की पुष्टि नहीं हुई। 
विज्ञापन

विवेचना में पुलिस ने पकड़े गए दोनों आरोपियों के बयान भी शामिल किए हैं। प्रभारी कोतवाल की मानें तो पोशाकी और उसके भाई गोवर्धन समेत तीन लोगों के नाम बंधक बनाकर विवाहिता की पिटाई करने में सामने आए हैं। पुलिस ने पूछताछ के बाद दोनों को कोर्ट में पेश किया। चूंकि पुलिस ने कार्रवाई हल्की धाराओं में की, इसलिए कोर्ट से दोनों को जमानत भी मिल गई। शुक्रवार सुबह नग्नावस्था में बेहोश मिली विवाहिता ने होश में आने पर पहले 161 फिर कोर्ट में 164 के बयान के दौरान तीन लोगों के नाम लेकर एक अज्ञात व्यक्ति पर दरिंदगी का आरोप लगाया था। इस मामले में प्रभारी निरीक्षक राजीव कुमार शर्मा निलंबित किए जा चुके हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन


पुलिस को कॉल डिटेल का इंतजार 
उझानी। विवेचक जितेंद्र सिंह समेत कछला पुलिस चौकी इंचार्ज प्रमोद कुमार सिंह की मानें तो पूरे मामले को विवाहिता के घरवालों ने एक रणनीति के तहत पेश किया था जिससे जमीनी रंजिश के आरोपियों पर सख्त कार्रवाई हो। पुलिस को आशंका इस बात की है कि इसके लिए विवाहिता के परिवार को एक ऐसे व्यक्ति का साथ मिला जो मास्टरमाइंड बनकर उनके काम आया। वह सेलफोन पर उन्हें गाइड करता रहा। उस तक पहुंचने के लिए पुलिस ने विवाहिता के घरवालों के सेलफोन की कॉल डिटेल भी मांगी थी। कॉल डिटेल के आधार पर पुलिस इस मददगार पर भी शिकंजा कसने की तैयारी में जुटी है। 


पति बोला, पुलिस ने हकीकत को नकारा 
उझानी। दरिंदगी की शिकार विवाहिता के पति ने बताया कि पुलिस ने घटना की हकीकत को नकार दिया है। उसकी पत्नी के साथ गैंगरेप हुआ था। मेडिकल रिपोर्ट में खेल कर दिया गया। वह पूरे मामले में पुलिस के अफसरों से भी फरियाद करेगा। इस समय भी उसकी पत्नी परेशान है। वह ठीक से चल भी नहीं पाती। कोर्ट में उसकी पत्नी ने सबकुछ बयां कर दिया था लेकिन पुलिस ने उसके बयान को भी झुठला दिया। वह चाहता है कि विवेचना निष्पक्ष तरीके से हो।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed