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पुलिस ने वाहन समेत दबोचे भैंस चोर गिरोह के तीन सदस्य
Updated Sat, 01 Jul 2017 06:03 PM IST
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उझानी (बदायूं)। कोतवाली क्षेत्र की कछला चौकी पुलिस ने भैंस चोर गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया। चोर भैंस को लोडर वाहन में लेकर निकले थे। पुलिस को देख हालांकि उनके दो साथी भाग गए, लेकिन पकड़े गए चोरों ने बदायूं, संभल और कासगंज जिले में पशु चोरी की घटनाओं में हाथ बताया। पुलिस के हत्थे चढ़े चोर संभल जिले में गुन्नौर के निवासी हैं।
कोतवाली क्षेत्र के गांव खजुरारा निवासी रामसिंह की भैंस को चुरा कर लोडर वाहन से निकले चोरों पर पुलिस की नजर कछला चौराहे पर पड़ी। पुलिस कर्मियों ने वाहन रोककर तलाशी ली तो उसमें भैंस थी, लेकिन पूछताछ में कोई भी भैंस को लेकर जवाब नहीं दे पाया। लोडर वाहन सवार लोगों ने खुद को संभल जिले का सोनू और राजा बाबू तो तीसरे ने खुद को गुन्नौर का सुनील बताया। तीनों के पकड़े जाने से पहले पुलिस को देख भागे युवकों के नाम और पते के बारे में भी पुलिस कर्मियों को बता दिया। पूछताछ के दौरान ही खजुरारा से भैंस मालिक पूर्व प्रधान रामसिंह भी पहुंच गया। उसने देखते ही भैंस को पहचान लिया।
पुलिस की मानें तो पकड़े गए चोर पशु चोरी की घटनाओं में पहले ही लिप्त रहे हैं। संभल, कासगंज और बदायूं जिले में उन्होंने पशु चोरी की कई घटनाओं को अंजाम तक पहुंचाया। उन्होंने पुलिस को यह भी बताया कि पशु चोरी के बाद वह नखासों में जाकर बेच देते हैं। चौकी इंचार्ज राजेंद्र सिंह का कहना है कि तीनों चोर शातिर दिमाग हैं। उनसे बरामद लोडर के बारे में भी तहकीकात की जा रही है। काफी हद तक संभव है कि वह भी चोरी का ही निकले। पुलिस ने भैंस उसके मालिक के हवाले कर दी है।
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कोतवाली क्षेत्र के गांव खजुरारा निवासी रामसिंह की भैंस को चुरा कर लोडर वाहन से निकले चोरों पर पुलिस की नजर कछला चौराहे पर पड़ी। पुलिस कर्मियों ने वाहन रोककर तलाशी ली तो उसमें भैंस थी, लेकिन पूछताछ में कोई भी भैंस को लेकर जवाब नहीं दे पाया। लोडर वाहन सवार लोगों ने खुद को संभल जिले का सोनू और राजा बाबू तो तीसरे ने खुद को गुन्नौर का सुनील बताया। तीनों के पकड़े जाने से पहले पुलिस को देख भागे युवकों के नाम और पते के बारे में भी पुलिस कर्मियों को बता दिया। पूछताछ के दौरान ही खजुरारा से भैंस मालिक पूर्व प्रधान रामसिंह भी पहुंच गया। उसने देखते ही भैंस को पहचान लिया।
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पुलिस की मानें तो पकड़े गए चोर पशु चोरी की घटनाओं में पहले ही लिप्त रहे हैं। संभल, कासगंज और बदायूं जिले में उन्होंने पशु चोरी की कई घटनाओं को अंजाम तक पहुंचाया। उन्होंने पुलिस को यह भी बताया कि पशु चोरी के बाद वह नखासों में जाकर बेच देते हैं। चौकी इंचार्ज राजेंद्र सिंह का कहना है कि तीनों चोर शातिर दिमाग हैं। उनसे बरामद लोडर के बारे में भी तहकीकात की जा रही है। काफी हद तक संभव है कि वह भी चोरी का ही निकले। पुलिस ने भैंस उसके मालिक के हवाले कर दी है।
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