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गांधी जयंती की पूर्व संध्या पर एक कैदी सजा पूरी होने से पहले रिहा
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बदायूं। महात्मा गांधी की 150 वीं जयंती की पूर्व संध्या पर मंगलवार को एक कैदी को सजा पूरी होने से पहले जेल से रिहा कर दिया गया। उस पर लगाए गए एक हजार जुर्माना की राशि को अपराध निरोधक कमेटी की ओर से जमा कर दिया गया है।
बिल्सी थाने के गांव पुसगवां के नन्हे पुत्र ओमकार को पुलिस ने आबकारी अधिनियम में जेल भेजा था। कोर्ट ने नन्हे को नौ महीने कैद और एक हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। गांधी जयंती पर कैदियों की समय पूर्व रिहाई के संबंध में शासन स्तर से प्रस्ताव मांगे गए थे। इनमें नन्हे का नाम भी जेल प्रशासन ने भेजा था। शासन ने इसे स्वीकृति दे दी। जुर्माने की रकम सामाजिक संस्थाओं से जमा कराने का सुझाव भी दिया। जेल प्रशासन ने सभी औपचारिकताएं पूरी कर नन्हे को गांधी जयंती की पूर्व संध्या पर रिहा कर दिया। ब्यूरो
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बिल्सी थाने के गांव पुसगवां के नन्हे पुत्र ओमकार को पुलिस ने आबकारी अधिनियम में जेल भेजा था। कोर्ट ने नन्हे को नौ महीने कैद और एक हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई थी। गांधी जयंती पर कैदियों की समय पूर्व रिहाई के संबंध में शासन स्तर से प्रस्ताव मांगे गए थे। इनमें नन्हे का नाम भी जेल प्रशासन ने भेजा था। शासन ने इसे स्वीकृति दे दी। जुर्माने की रकम सामाजिक संस्थाओं से जमा कराने का सुझाव भी दिया। जेल प्रशासन ने सभी औपचारिकताएं पूरी कर नन्हे को गांधी जयंती की पूर्व संध्या पर रिहा कर दिया। ब्यूरो
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