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Budaun News: मच्छरों के साए में शहर वाले, फॉगिंग के नाम पर खानापूर्ति
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सुरजीत
बदायूं। शहर में जगह-जगह नाले-नालियों में गंदा पानी भरा हुआ है, जिससे मच्छरों के पनपने के लिए अनुकूल माहौल बन रहा है। हालात यह हैं कि शाम होते ही मच्छरों का हमला इतना बढ़ जाता है कि लोगों का घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है।
करीब 2.37 लाख की आबादी वाले इस शहर में मच्छरों से बचाव के लिए नगर पालिका के पास मात्र दो फॉगिंग मशीन उपलब्ध हैं। हैरानी की बात यह है कि इनमें से भी एक मशीन ही कभी-कभार चलाकर औपचारिकता पूरी कर ली जाती है, जबकि दूसरी मशीन अभी केवल शोपीस के रूप में खड़ी है। ऐसे में मच्छर नियंत्रण के दावे खोखले साबित हो रहे हैं।
शहर के इस्लामियां इंटर कॉलेज के पास नाला, नेकपुर, शिवपुरम, रोडवेज, पाल नगर आदि मोहल्लों में नालियों की सफाई न होने के कारण गंदा पानी जमा रहता है। यह पानी मच्छरों के प्रजनन का सबसे बड़ा कारण बन चुका है। पवन कुमार, दिनेश, प्रमोद सागर का कहना है कि पालिका की ओर से सफाई व्यवस्था में कोई सुधार नहीं हुआ है। नियमित फॉगिंग और सफाई के अभाव में डेंगू, मलेरिया और वायरल बुखार जैसी बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है।
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नगर पालिका के पास लगभग 300 कर्मचारियों की फौज होने के बावजूद जमीनी स्तर पर काम नजर नहीं आ रहा है। कर्मचारियों की मौजूदगी सिर्फ कागजों तक सीमित दिख रही है, जबकि शहर की हालत दिन-व-दिन बिगड़ती जा रही है।
क्या बोले लोग
-नालियां सही से साफ नहीं होती हैं, वैसे ही गंदगी पड़ी रहती है। सफाई नहीं होने से नालियां, नाले पूरी तरह से चोक हो रहे हैं, जिससे मच्छर लगातार पनप रहे हैं। -राजेश सक्सेना, चित्रांश नगर
नगर पालिका को सफाई पर पूरा ध्यान देना चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है। अगर शुरुआत में पालिका ध्यान दे तो आने वाले दिनों में कोई दिक्कत नहीं होगी। -सुरजीत, नेकपुर
संचारी रोग अभियान के तहत पूरे शहर में फॉगिंग कराई जाएगी। अभी जरूरत के अनुसार ही फॉगिंग कराई जा रही है, ताकि लोगों को दिक्कत न हो। -विनय कुमार मणि त्रिपाठी, ईओ नगर पालिका
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करीब 2.37 लाख की आबादी वाले इस शहर में मच्छरों से बचाव के लिए नगर पालिका के पास मात्र दो फॉगिंग मशीन उपलब्ध हैं। हैरानी की बात यह है कि इनमें से भी एक मशीन ही कभी-कभार चलाकर औपचारिकता पूरी कर ली जाती है, जबकि दूसरी मशीन अभी केवल शोपीस के रूप में खड़ी है। ऐसे में मच्छर नियंत्रण के दावे खोखले साबित हो रहे हैं।
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शहर के इस्लामियां इंटर कॉलेज के पास नाला, नेकपुर, शिवपुरम, रोडवेज, पाल नगर आदि मोहल्लों में नालियों की सफाई न होने के कारण गंदा पानी जमा रहता है। यह पानी मच्छरों के प्रजनन का सबसे बड़ा कारण बन चुका है। पवन कुमार, दिनेश, प्रमोद सागर का कहना है कि पालिका की ओर से सफाई व्यवस्था में कोई सुधार नहीं हुआ है। नियमित फॉगिंग और सफाई के अभाव में डेंगू, मलेरिया और वायरल बुखार जैसी बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है।
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नगर पालिका के पास लगभग 300 कर्मचारियों की फौज होने के बावजूद जमीनी स्तर पर काम नजर नहीं आ रहा है। कर्मचारियों की मौजूदगी सिर्फ कागजों तक सीमित दिख रही है, जबकि शहर की हालत दिन-व-दिन बिगड़ती जा रही है।
क्या बोले लोग
-नालियां सही से साफ नहीं होती हैं, वैसे ही गंदगी पड़ी रहती है। सफाई नहीं होने से नालियां, नाले पूरी तरह से चोक हो रहे हैं, जिससे मच्छर लगातार पनप रहे हैं। -राजेश सक्सेना, चित्रांश नगर
नगर पालिका को सफाई पर पूरा ध्यान देना चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है। अगर शुरुआत में पालिका ध्यान दे तो आने वाले दिनों में कोई दिक्कत नहीं होगी। -सुरजीत, नेकपुर
संचारी रोग अभियान के तहत पूरे शहर में फॉगिंग कराई जाएगी। अभी जरूरत के अनुसार ही फॉगिंग कराई जा रही है, ताकि लोगों को दिक्कत न हो। -विनय कुमार मणि त्रिपाठी, ईओ नगर पालिका

सुरजीत

सुरजीत

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