'कमीशन दोगे तो खाते में आएंगे रुपये': एपीओ ने प्रधान से मांगी रिश्वत, एंटी करप्शन टीम ने रंगेहाथ पकड़ा
दहगवां ब्लॉक के एपीओ अनुपम शर्मा ने भुगतान कराने के एवज में ग्राम प्रधान से 20 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी। प्रधान ने इसकी शिकायत एंटी करप्शन ब्यूरो से की। सोमवार को प्रधान की सूचना पर एपीओ को रिश्वत लेते रंगेहाथ पकड़ लिया गया।
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बदायूं में एंटी करप्शन की टीम ने सोमवार दोपहर सहसवान ब्लॉक में दहगवां ब्लॉक के एपीओ (सहायक कार्यक्रम अधिकारी) अनुपम शर्मा को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया। उसके पास से पाउडर लगे 20 हजार रुपये बरामद किए हैं। वह करीब दो वर्ष से उच्च प्राथमिक विद्यालय की चहारदीवारी के निर्माण का भुगतान कराने के लिए प्रधान से रिश्वत मांग रहा था। उसके खिलाफ उझानी कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई गई है।
दहगवां ब्लॉक के गांव मालपुर ततेरा की प्रधान सुशीला यादव के पति संतोष कुमार यादव के मुताबिक करीब दो वर्ष पहले उन्होंने अपने गांव के उच्च प्राथमिक विद्यालय की चहारदीवारी का निर्माण कराया था। यह कार्य मनरेगा के तहत हुआ था। इस पर करीब 2,96,000 रुपये की लागत आई थी। संतोष कुमार लगातार इसका भुगतान कराने की मांग कर रहे थे। एपीओ अनुपम शर्मा उनसे भुगतान कराने के एवज में 13 प्रतिशत कमीशन मांग रहा था।
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अधिकारी ने मांगा था कमीशन
उसने कहा था कि अगर कमीशन नहीं दोगे तो 18 तारीख तक खाते में रुपये नहीं भेजे जाएंगे। जब तक उसका कमीशन नहीं मिलेगा, तब तक भुगतान नहीं होगा। बार-बार अनुरोध के बाद भी जब भुगतान नहीं किया तो संतोष कुमार ने 14 जुलाई को बरेली जाकर एंटी करप्शन के दफ्तर में अधिकारियों से मिले और पूरी बात बताई। इसके बाद विभातीय टीम ने जाल बिछा दिया।
योजना के मुताबिक सोमवार सुबह संतोष कुमार ने एपीओ अनुपम शर्मा को कॉल की तो उसने उसे दोपहर में सहसवान ब्लॉक बुलाया। प्रधान और एंटी करप्शन के इंस्पेक्टर प्रवीन सान्याल टीम के साथ सहसवान पहुंच गए। एपीओ ने प्रधान को कमरे में बुलाया, जहां प्रधान ने पहले से पाउडर लगे 20 हजार रुपये उसे सौंपे। इसी बीच टीम ने एपीओ को रंगे हाथ दबोच लिया और रुपये बरामद कर लिए।
एपीओ के हाथ पर भी पाउडर लगा था। जब उसके हाथ धुलवाए तो लाल रंग पाया गया। टीम उसे उझानी कोतवाली ले गई। वहीं, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में उसका मेडिकल परीक्षण कराया गया। इंस्पेक्टर प्रवीन सान्याल ने उसके खिलाफ उझानी कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई है।
टीम ने वीडियो भी बनाई
एंटी करप्शन की टीम ने इस तरह जाल बिछाया कि एपीओ को भनक तक नहीं लगी। प्रधान भी उसके बताए अनुसार कार्य करते रहे और सहसवान ब्लॉक पहुंच गए। जब टीम ने उसे पकड़ा तो वह देखता ही रह गया। टीम ने उसकी वीडियो भी बनाई। इसकी जानकारी पर सहसवान ब्लॉक में खलबली मच गई।