{"_id":"5a26a6584f1c1b4c528b78b5","slug":"81512482392-budaun-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दामाद की हत्या के जुर्म में ससुर समेत तीन को उम्रकैद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दामाद की हत्या के जुर्म में ससुर समेत तीन को उम्रकैद
Updated Wed, 06 Dec 2017 12:01 AM IST
विज्ञापन
demo pic
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बदायूं। एक युवक की ससुराल में की गई हत्या के जुर्म में स्पेशल जज एससी-एसटी एक्ट पंकज कुमार अग्रवाल ने उसके ससुर समेत तीन लोगों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। जबकि मृतक की पत्नी का मामला किशोर न्याय बोर्ड में चल रहा है। कोर्ट ने दोषियों पर 50-50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
यह सनसनीखेज वारदात थाना अलापुर थाना क्षेत्र के गांव उनौला की है। जिले के थाना कुंवरगांव क्षेत्र के गांव हरीनगला निवासी ओमकार पुत्र नारायण ने सात नवंबर 2014 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट के अनुसार उसके बेटे अर्जुन की शादी गांव उनौला निवासी नत्थू की बेटी से हुई थी। आरोप था कि अर्जुन की पत्नी ज्यादातर मायके में रहती थी। घर में किसी तरह का मनमुटाव न रहे इसलिए अर्जुन भी पत्नी के साथ ससुराल में जाकर रहने लगा था।
वादी ओमकार का कहना था कि सात नवंबर को उसने अपने छोटे बेटे सर्वेश को अर्जुन का हालचाल जानने को उनौला गांव भेजा था। तब उसे पता चला कि अर्जुन की गला दबाकर हत्या कर दी गई है। लाश नत्थू के ही घर में पड़ी मिली थी। तब ओमकार ने अर्जुन की पत्नी, उसके पिता नत्थू, रिश्तेदार राजीव पुत्र नेत्रपाल और कालीचरन पुत्र हरपाल के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
विज्ञापन
स्पेशल जज पंकज कुमार अग्रवाल ने पत्रावली पर मौजूद साक्ष्यों का अवलोकन किया। अभियोजन की ओर से एडीजीसी रईस अहमद और बचाव पक्ष के वकीलों की दलीलों को सुनने के बाद मुल्जिम नत्थू, राजीव और कालीचरन को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही तीनों पर 50-50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। जुर्माना अदा होने पर आधी रकम पीड़ित को देने का आदेश दिया गया।
इधर, मृतक की पत्नी का मामला किशोर न्याय बोर्ड को स्थानांतरित किया गया है। वहीं पर उसकी सुनवाई होगी। चर्चित और सनसनीखेज मामले में मुल्जिमों को आजीवन कारावास की सजा होने पर पीड़ित पक्ष ने न्याय की जीत बताया।
विज्ञापन
यह सनसनीखेज वारदात थाना अलापुर थाना क्षेत्र के गांव उनौला की है। जिले के थाना कुंवरगांव क्षेत्र के गांव हरीनगला निवासी ओमकार पुत्र नारायण ने सात नवंबर 2014 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट के अनुसार उसके बेटे अर्जुन की शादी गांव उनौला निवासी नत्थू की बेटी से हुई थी। आरोप था कि अर्जुन की पत्नी ज्यादातर मायके में रहती थी। घर में किसी तरह का मनमुटाव न रहे इसलिए अर्जुन भी पत्नी के साथ ससुराल में जाकर रहने लगा था।
विज्ञापन
वादी ओमकार का कहना था कि सात नवंबर को उसने अपने छोटे बेटे सर्वेश को अर्जुन का हालचाल जानने को उनौला गांव भेजा था। तब उसे पता चला कि अर्जुन की गला दबाकर हत्या कर दी गई है। लाश नत्थू के ही घर में पड़ी मिली थी। तब ओमकार ने अर्जुन की पत्नी, उसके पिता नत्थू, रिश्तेदार राजीव पुत्र नेत्रपाल और कालीचरन पुत्र हरपाल के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
विज्ञापन
स्पेशल जज पंकज कुमार अग्रवाल ने पत्रावली पर मौजूद साक्ष्यों का अवलोकन किया। अभियोजन की ओर से एडीजीसी रईस अहमद और बचाव पक्ष के वकीलों की दलीलों को सुनने के बाद मुल्जिम नत्थू, राजीव और कालीचरन को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही तीनों पर 50-50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। जुर्माना अदा होने पर आधी रकम पीड़ित को देने का आदेश दिया गया।
इधर, मृतक की पत्नी का मामला किशोर न्याय बोर्ड को स्थानांतरित किया गया है। वहीं पर उसकी सुनवाई होगी। चर्चित और सनसनीखेज मामले में मुल्जिमों को आजीवन कारावास की सजा होने पर पीड़ित पक्ष ने न्याय की जीत बताया।