{"_id":"5b2649074f1c1bf46e8b8253","slug":"181529235719-budaun-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिले में चल रहा गन्ना सर्वे का काम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिले में चल रहा गन्ना सर्वे का काम
Updated Sun, 17 Jun 2018 05:11 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गन्ना सर्वे का काम जोरों पर
12 जुलाई तक किया जाना है पूरा, पिछली बार के मुकाबले रकबा बढ़ने की उम्मीद
अमर उजाला ब्यूरो
बदायूं। जिले में गन्ना सर्वे का काम जुलाई माह के दूसरे सप्ताह तक पूरा किया जाना है, इसलिए ये कार्य जोर-शोर से जारी है। इस साल गन्ने का रकबा पिछली बार की तुलना में बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है। ये ताकीद की गई है कि सर्वे के दौरान गन्ना किसान अपने अभिलेखों के साथ खेतों पर मौजूद रहें ताकि उनकी जमीन का सर्वे कार्य समय से पूरा हो सके।
जिले में गन्ना सर्वे का कार्य एक जून से शुरू हुआ था। सर्वे का काम व्यापक रूप से चल रहा है। इसमें गन्ना विकास विभाग और शुगर मिलों की टीम भी शामिल है। सर्वे में गड़बड़ी रोकने के लिए किसानों का आधार कार्ड लिंक कराया जा रहा है। आधार कार्ड मुहैया न होने पर किसान मतदाता पहचान पत्र, ड्राइविंग लाइसेंस और बैंक पासबुक भी उपलब्ध करा सकते हैं। इसके साथ ही किसानों को तहसील से जारी खतौनी, घोषणा-पत्र भी देना होगा। गन्ना सर्वे के समय किसान अपने खेत पर मौजूद रहें। नि:शुल्क घोषणा-पत्र और अन्य अभिलेख सर्वे करने वाले कर्मचारी को मुहैया करा दें। जो किसान घोषणा-पत्र नही भरेंगे उनकी कोई शिकायत सुनी नहीं जाएगी और गन्ना आपूर्ति भी रोक दी जाएंगी। जिला गन्ना अधिकारी राम किशन ने कहा कि सर्वे कार्य का निरीक्षण किया जा रहा है। अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देशित कर दिया गया है कि सर्वे कार्य का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए ताकि गन्ना किसान सर्वे के समय संबंधित रिकार्ड के साथ खेत पर उपस्थित रहें।
---
चीनी मिल के कर्मचारी कर रहे सर्वे
मूसाझाग। बेला, तिकुलापुर, नरेली महोरा, अहोरामई, किसरुआ आदि गांवों में चीनी मिल के कर्मचारी जीपीएस मशीन से गन्ने का सर्वे कर रहे हैं। पिछले कई सालों से गन्ना माफिया फर्जी सर्वे कराकर गन्ने की खरीद करते थे। इस बार चीनी मिलों को सख्त निर्देश दिए हैं कि किसी भी कीमत पर फर्जी सर्वे न हो, अगर किसी के नाम फर्जी सर्वे पाया गया तो फर्जी सर्वे कराने वालों के खिलाफ रिपोर्ट लिखाई जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
12 जुलाई तक किया जाना है पूरा, पिछली बार के मुकाबले रकबा बढ़ने की उम्मीद
अमर उजाला ब्यूरो
बदायूं। जिले में गन्ना सर्वे का काम जुलाई माह के दूसरे सप्ताह तक पूरा किया जाना है, इसलिए ये कार्य जोर-शोर से जारी है। इस साल गन्ने का रकबा पिछली बार की तुलना में बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है। ये ताकीद की गई है कि सर्वे के दौरान गन्ना किसान अपने अभिलेखों के साथ खेतों पर मौजूद रहें ताकि उनकी जमीन का सर्वे कार्य समय से पूरा हो सके।
जिले में गन्ना सर्वे का कार्य एक जून से शुरू हुआ था। सर्वे का काम व्यापक रूप से चल रहा है। इसमें गन्ना विकास विभाग और शुगर मिलों की टीम भी शामिल है। सर्वे में गड़बड़ी रोकने के लिए किसानों का आधार कार्ड लिंक कराया जा रहा है। आधार कार्ड मुहैया न होने पर किसान मतदाता पहचान पत्र, ड्राइविंग लाइसेंस और बैंक पासबुक भी उपलब्ध करा सकते हैं। इसके साथ ही किसानों को तहसील से जारी खतौनी, घोषणा-पत्र भी देना होगा। गन्ना सर्वे के समय किसान अपने खेत पर मौजूद रहें। नि:शुल्क घोषणा-पत्र और अन्य अभिलेख सर्वे करने वाले कर्मचारी को मुहैया करा दें। जो किसान घोषणा-पत्र नही भरेंगे उनकी कोई शिकायत सुनी नहीं जाएगी और गन्ना आपूर्ति भी रोक दी जाएंगी। जिला गन्ना अधिकारी राम किशन ने कहा कि सर्वे कार्य का निरीक्षण किया जा रहा है। अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देशित कर दिया गया है कि सर्वे कार्य का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए ताकि गन्ना किसान सर्वे के समय संबंधित रिकार्ड के साथ खेत पर उपस्थित रहें।
विज्ञापन
---
चीनी मिल के कर्मचारी कर रहे सर्वे
मूसाझाग। बेला, तिकुलापुर, नरेली महोरा, अहोरामई, किसरुआ आदि गांवों में चीनी मिल के कर्मचारी जीपीएस मशीन से गन्ने का सर्वे कर रहे हैं। पिछले कई सालों से गन्ना माफिया फर्जी सर्वे कराकर गन्ने की खरीद करते थे। इस बार चीनी मिलों को सख्त निर्देश दिए हैं कि किसी भी कीमत पर फर्जी सर्वे न हो, अगर किसी के नाम फर्जी सर्वे पाया गया तो फर्जी सर्वे कराने वालों के खिलाफ रिपोर्ट लिखाई जाएगी।
विज्ञापन